{"_id":"69577c61cb8241c3a505d2df","slug":"lohiya-institute-news-lucknow-news-c-13-1-lko1070-1541979-2026-01-02","type":"story","status":"publish","title_hn":"Lucknow News: लोहिया संस्थान में अब दिल के डेढ़ गुना मरीजों को मिलेगा इलाज","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Lucknow News: लोहिया संस्थान में अब दिल के डेढ़ गुना मरीजों को मिलेगा इलाज
विज्ञापन
डॉ. राम मनोहर लोहिया आयुर्विज्ञान संस्थान में उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक ने किया नई कैथलैब का उद
विज्ञापन
डॉ. राम मनोहर लोहिया आयुर्विज्ञान संस्थान में पहले के मुकाबले अब रोजाना डेढ़ गुना ज्यादा मरीजों को इलाज मिल सकेगा। इसके लिए संस्थान में नई कैथ लैब शुरू की गई है। उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक ने शुक्रवार को इसका उद्धाटन किया।
इस मौके पर उपमुख्यमंत्री ने कहा कि दिल के मरीजों को इलाज मुहैया कराने के लिए सरकार बराबर प्रयास कर रही है। इसी को देखते हुए संस्थान में तीसरी कैथलैब की शुरुआत की गई है। इस समय संस्थान के कॉर्डियोलॉजी विभाग में रोजाना करीब 20 एंजियोग्राफी, एंजियोप्लास्टी और पेसमेकर से संबंधित इलाज किए जा रहे हैं। नई कैथलैब आने के बाद इनकी संख्या बढ़कर 30 तक पहुंच जाएगी। इससे दिल के मरीजों को वेटिंग कम होगी। उन्होंने कहा कि लोहिया संस्थान ने पिछले कुछ समय में मरीजों के लिए कई नई सुविधाएं शुरू की हैं। यहां आने वाले मरीजों को बेहतर और आधुनिक इलाज मिल रहा है। कार्यक्रम में संस्थान के निदेशक डॉ. सीएम सिंह, सीएमएस डॉ. विक्रम सिंह, चिकित्सा अधीक्षक डॉ. अरविंद सिंह, डॉ. श्रीकेश सिंह, रजिस्ट्रार डॉ. सुब्रत चंद्रा, डॉ. आशीष झा, डॉ. सुदर्शन कुमार विजय और डॉ. नवीन जामवाल मौजूद रहे।
जल्द खुलेगी एक और नई कैथलैब
कार्डियोलॉजी विभाग के अध्यक्ष डॉ. भुवन चंद्र तिवारी ने बताया कि एक और कैथलैब स्थापित की जानी है। इसके लिए उपकरणों की खरीद की जा रही है। इसके बाद संस्थान में चार कैथलैब जो जाएंगी। ऐसा होने पर दिल के मरीजों को ज्यादा बेहतर इलाज मिल सकेगा। इस वर्ष कार्डियोलॉजी विभाग में एडवांस्ड इकोकार्डियोग्राफी, दो उन्नत पोर्टेबल इको, टीएमटी (ट्रेडमिल टेस्ट) मशीनें स्थापित की गई हैं।
एक साल में आए 50 हजार मरीज
डॉ. भुवन चंद्र तिवारी ने बताया कि संस्थान में प्रदेश भर से दिल के मरीज आ रहे हैं। कार्डियोलॉजी विभाग में एक साल में लगभग 50 हजार मरीज ओपीडी आए। आठ हजार मरीजों को भर्ती करके इलाज दिया गया।
Trending Videos
इस मौके पर उपमुख्यमंत्री ने कहा कि दिल के मरीजों को इलाज मुहैया कराने के लिए सरकार बराबर प्रयास कर रही है। इसी को देखते हुए संस्थान में तीसरी कैथलैब की शुरुआत की गई है। इस समय संस्थान के कॉर्डियोलॉजी विभाग में रोजाना करीब 20 एंजियोग्राफी, एंजियोप्लास्टी और पेसमेकर से संबंधित इलाज किए जा रहे हैं। नई कैथलैब आने के बाद इनकी संख्या बढ़कर 30 तक पहुंच जाएगी। इससे दिल के मरीजों को वेटिंग कम होगी। उन्होंने कहा कि लोहिया संस्थान ने पिछले कुछ समय में मरीजों के लिए कई नई सुविधाएं शुरू की हैं। यहां आने वाले मरीजों को बेहतर और आधुनिक इलाज मिल रहा है। कार्यक्रम में संस्थान के निदेशक डॉ. सीएम सिंह, सीएमएस डॉ. विक्रम सिंह, चिकित्सा अधीक्षक डॉ. अरविंद सिंह, डॉ. श्रीकेश सिंह, रजिस्ट्रार डॉ. सुब्रत चंद्रा, डॉ. आशीष झा, डॉ. सुदर्शन कुमार विजय और डॉ. नवीन जामवाल मौजूद रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन
जल्द खुलेगी एक और नई कैथलैब
कार्डियोलॉजी विभाग के अध्यक्ष डॉ. भुवन चंद्र तिवारी ने बताया कि एक और कैथलैब स्थापित की जानी है। इसके लिए उपकरणों की खरीद की जा रही है। इसके बाद संस्थान में चार कैथलैब जो जाएंगी। ऐसा होने पर दिल के मरीजों को ज्यादा बेहतर इलाज मिल सकेगा। इस वर्ष कार्डियोलॉजी विभाग में एडवांस्ड इकोकार्डियोग्राफी, दो उन्नत पोर्टेबल इको, टीएमटी (ट्रेडमिल टेस्ट) मशीनें स्थापित की गई हैं।
एक साल में आए 50 हजार मरीज
डॉ. भुवन चंद्र तिवारी ने बताया कि संस्थान में प्रदेश भर से दिल के मरीज आ रहे हैं। कार्डियोलॉजी विभाग में एक साल में लगभग 50 हजार मरीज ओपीडी आए। आठ हजार मरीजों को भर्ती करके इलाज दिया गया।

डॉ. राम मनोहर लोहिया आयुर्विज्ञान संस्थान में उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक ने किया नई कैथलैब का उद
