सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Lucknow News ›   Sanjay Singh hits back at CM Yogi statement says official documents will be handed over to SIT

राम मंदिर चढ़ावा चोरी विवाद: योगी के बयान पर संजय सिंह का पलटवार, बोले- SIT को सौंपेंगे आधिकारिक दस्तावेज

अमर उजाला ब्यूरो, लखनऊ Published by: Bhupendra Singh Updated Fri, 19 Jun 2026 06:39 PM IST
विज्ञापन
सार

आप सांसद संजय सिंह ने कहा कि रामभक्तों की आस्था के पैसे से खुली डकैती की जा रही है। चंपत राय ने  09 करोड़ की जमीन को 55.47 करोड़ में खरीदी। चंदा चोरी के सारे सरकारी दस्तावेज आधिकारिक रूप से एसआईटी को सौंपेंगे। आगे पढ़ें पूरी खबर...

Sanjay Singh hits back at CM Yogi statement says official documents will be handed over to SIT
आम आदमी पार्टी के सांसद संजय सिंह - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार

राजधानी लखनऊ में आप सांसद संजय सिंह ने श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय पर प्रभु श्रीराम के मंदिर निर्माण के नाम पर अब तक की सबसे बड़ी 'चंदा चोरी' का आरोप लगाया है। उन्होंने रजिस्ट्री के दस्तावेजों को सार्वजनिक करते हुए इसकी परतें खोलीं।



संजय सिंह ने कहा कि चंपत राय ने आलोक बंसल, मनीष बंसल और शिवानी बंसल से शाहनवाजपुर माझा स्थित 14,730 वर्ग मीटर जमीन को 55 करोड़ 47 लाख 31 हजार 800 में खरीदा है। जबकि, इस जमीन की वास्तविक मालियत महज 9 करोड़ की है। उन्होंने याद दिलाया कि इससे पहले भी कैसे दो करोड़ की सुल्तान अंसारी की जमीन को 18.5 करोड़ में खरीदी गई थी। कैसे तीन करोड़ की जमीन को 24 करोड़ में खरीदकर 21 करोड़ की डकैती डाली।

विज्ञापन
विज्ञापन

चहेते व्यापारियों को लाभ दिया

संजय सिंह ने कहा कि यूपी सरकार और मोदी के ट्रस्ट ने तीर्थ क्षेत्र के बिल्कुल करीब स्थित 'माझाबरहटा' गांव में किसानों की करीब 3,500 बिस्वा जमीन को 4.40 लाख प्रति बिस्वा की दर से जबरन अधिग्रहित किया। लेकिन, तीर्थ क्षेत्र से काफी दूर स्थित शाहनवाजपुर में चंपत राय ने अपने चहेते व्यापारियों को 47 लाख प्रति बिस्वा की दर से राम भक्तों की गाढ़ी कमाई का पैसा लुटा दिया। साल 2023 में खरीदी गई जमीन का दाम आसमान पर और 2024 में अधिग्रहित किसानों की जमीन का दाम पाताल में। यह खुली लूट का माल आखिर किसके-किसके हिस्से में जा रहा है? इसकी जांच क्यों नहीं हो रही?

विज्ञापन


उन्होंने पीएम मोदी और मोहन भागवत की चुप्पी पर कहा कि इस देश के करोड़ों राम भक्तों की आस्था के दान को दिन-दहाड़े लूटा जा रहा है, लेकिन पीएम और आरएसएस प्रमुख का एक भी बयान नहीं आता। तंज कसा कि प्रधानमंत्री जी अयोध्या से सीधे नागपुर (RSS मुख्यालय) तक एक 'टोल-फ्री एक्सप्रेसवे' बना दीजिए। ताकि, मंदिर का चंदा लूटकर सीधे नागपुर पहुंचाया जा सके।

सरकार इस पर पर्दा डालना चाहती है

संजय सिंह ने योगी के बयान पर पलटवार करते हुए कहा कि सारे साक्ष्य आधिकारिक रूप से समय मांगकर SIT को सौंपने जा रहे हैं। हालांकि, आशंका जताई कि जांच शुरू होने से पहले ही नृपेंद्र मिश्रा द्वारा चंपत राय को क्लीन चिट दे दी गई, इस बात का सबूत है कि सरकार इस पर पर्दा डालना चाहती है।

उन्होंने आरोप लगाया कि साल 2020 से 2024 तक ट्रस्ट में प्रधानमंत्री मोदी के प्रतिनिधि के तौर पर नौकरशाह ज्ञानेश कुमार तैनात थे। उनकी जिम्मेदारी भूमि सौदों और प्रशासनिक समन्वय की थी। उन्होंने ही पहले ट्रस्ट में रहकर इस 'चंदा चोरी' के खेल को संरक्षण दिया। मामले की सुप्रीम कोर्ट की निगरानी में जांच होनी चाहिए। चंपत राय सहित तमाम को तत्काल गिरफ्तार कर जेल भेजा जाना चाहिए। उन्होंने अपने आधिकारिक ईमेल आईडी से प्रदेश के DGP, अयोध्या के SSP और संबंधित SHO को लिखित शिकायत भेजकर FIR दर्ज करने की मांग की है।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

एप में पढ़ें

Followed