UP: बेसिक के बाद माध्यमिक शिक्षकों-कर्मचारियों की ग्रेच्युटी बढ़कर 25 लाख, 60 वर्ष में सेवानिवृत्ति पर मिलेगा
उत्तर प्रदेश में माध्यमिक शिक्षकों और कर्मचारियों की ग्रेच्युटी सीमा बढ़ाकर 25 लाख रुपये कर दी गई है। 60 वर्ष की आयु में सेवानिवृत्ति पर इसका लाभ मिलेगा। इस फैसले से हजारों कर्मचारियों को आर्थिक सुरक्षा मिलेगी और विभाग ने आदेश के तुरंत पालन के निर्देश दिए हैं।
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माध्यमिक शिक्षा विभाग के बाद शासन ने बेसिक में भी परिषदीय व अशासकीय सहायता प्राप्त (एडेड) विद्यालयों के शिक्षकों व शिक्षणेत्तर कर्मचारियों के लिए ग्रेच्युटी की राशि 20 लाख से बढ़ाकर अधिकतम सीमा 25 लाख तक किए जाने का निर्णय लिया है।
बेसिक शिक्षा विभाग के संयुक्त सचिव वेद प्रकाश राय ने कहा है कि बेसिक शिक्षा परिषद व अशासकीय सहायता प्राप्त शिक्षण संस्थानों के शिक्षक-शिक्षणेत्तर कर्मचारियों के लिए महंगाई भत्ता मूल वेतन का 50 फीसदी हो गया है। इस पर ग्रेच्युटी-उपादान की राशि 20 लाख से बढ़ाकर अधिकतम 25 लाख करने का निर्णय लिया गया है।
उन्होंने कहा है कि परिषद के एक जनवरी 2016 या उसके बाद सेवानिवृत्त शिक्षकों-शिक्षणेत्तर कर्मचारियों के लिए यह व्यवस्था दी गई है कि 60 साल की आयु का विकल्प दिए जाने पर सेवानिवृत्ति ग्रेच्युटी, मृत्यु ग्रेच्युटी की अधिकतम राशि 20 लाख तक सीमित है। इस क्रम में इसे संशोधित करते हुए बेसिक शिक्षा परिषद व एडेड शिक्षण संस्थाओं के शिक्षक-शिक्षणेत्तर कर्मचारियों के महंगाई भत्ते को देखते हुए बढ़ाकर 25 लाख किए जाने की स्वीकृति दी गई है।
एडेड के अभ्यर्थी तीन दिन और दे सकेंगे विकल्प
प्रदेश के अशासकीय सहायता प्राप्त (एडेड) जूनियर हाईस्कूल में प्रधानाध्यापक व शिक्षक के खाली पदों पर चल रही भर्ती प्रक्रिया में विकल्प देने की समय सीमा शुक्रवार को समाप्त हो गई। बेसिक शिक्षा निदेशक प्रताप सिंह बघेल ने बताया कि काफी संख्या में अभ्यर्थियों ने विद्यालयों के विकल्प दिए हैं। जो अभ्यर्थी छूट गए हैं वे 12 अप्रैल तक अपना विकल्प दे सकते हैं। इसके बाद दिए गए विकल्प के आधार पर उनको विद्यालय आवंटित किया जाएगा।