सब्सक्राइब करें

कमेंट

कमेंट X

😊अति सुंदर 😎बहुत खूब 👌अति उत्तम भाव 👍बहुत बढ़िया.. 🤩लाजवाब 🤩बेहतरीन 🙌क्या खूब कहा 😔बहुत मार्मिक 😀वाह! वाह! क्या बात है! 🤗शानदार 👌गजब 🙏छा गये आप 👏तालियां ✌शाबाश 😍जबरदस्त
Hindi News ›   Madhya Pradesh ›   Bablu Panda murder case: 7 convicts sentenced to life imprisonment, 3 acquitted.

Mandla News: बबलू पंडा हत्याकांड में सात दोषियों को उम्रकैद, गोली मारकर ली थी जान

न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मंडला Published by: मंडला ब्यूरो Updated Thu, 16 Apr 2026 02:35 PM IST
विज्ञापन
सार

अपर सत्र न्यायालय (निवास) ने बबलू पंडा हत्याकांड में सात आरोपियों को आजीवन कारावास व जुर्माने की सजा सुनाई, जबकि तीन को बरी किया। 2021 में पैसों के विवाद में ढाबे पर गोली मारकर हत्या हुई थी। अदालत ने साक्ष्यों के आधार पर फैसला सुनाया।

Bablu Panda murder case: 7 convicts sentenced to life imprisonment, 3 acquitted.
बबलू पंडा हत्याकांड में 7 दोषियों को उम्रकैद
विज्ञापन

विस्तार

जिले के बहुचर्चित बबलू पंडा (दिलीप सिंह भदौरिया) हत्याकांड में न्यायालय ने अपना ऐतिहासिक फैसला सुना दिया है। अपर सत्र न्यायालय (निवास) के न्यायाधीश प्रवीण कुमार सिन्हा ने मामले की गंभीरता को देखते हुए सात दोषियों को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है।
Trending Videos


अदालत ने साक्ष्यों के आधार पर सात लोगों को दोषी पाया, जबकि तीन अन्य को संदेह का लाभ देते हुए बरी कर दिया। कोर्ट ने आकाश सोनकर, अमित श्रीवास्तव, हनी उर्फ हिमांशु सोनकर, विशाल चक्रवर्ती, रोहित सोनकर, सौरभ सोनकर और सुखदेव उर्फ बाबा सोनकर को आजीवन जेल में रहने की सजा सुनाई। वहीं नीरज सोनकर, कैलाश उर्फ दस्सू यादव और सुमित उर्फ सिद्धार्थ यादव को बरी कर दिया है।
विज्ञापन
विज्ञापन


ये भी पढ़ें-  इंदौर में विधानसभा के साथ लोकसभा की सीट भी बढ़ेगी, जानिए कैसा रहा इंदौर में सियासी सीटों का समीकरण

दोषियों पर केवल जेल ही नहीं, बल्कि आर्थिक दंड भी लगाया गया है। धारा 302/149 (हत्या) आजीवन कारावास और 5000 जुर्माना है। धारा 148 (बलवा) में 2 वर्ष सश्रम कारावास और 1000 जुर्माना है। आयुध अधिनियम 2 वर्ष सश्रम कारावास के साथ 1000 जुर्माना है।

क्या था मामला
घटना 12 अगस्त 2021 की रात की है। ग्राम उदयपुर स्थित दशमेश ढाबा के पास पैसों के लेनदेन को लेकर हुए विवाद में आरोपियों ने ढाबे के भीतर घुसकर बबलू पंडा पर अंधाधुंध फायरिंग की थी। हमले में बबलू पंडा की मौके पर ही मौत हो गई थी। इस मामले को पुलिस अधीक्षक ने ''सनसनीखेज'' श्रेणी में रखा था। तत्कालीन थाना प्रभारी राजेंद्र बर्मन ने मामले की विस्तृत विवेचना की। कोर्ट में अभियोजन पक्ष की ओर से सहायक जिला लोक अभियोजन अधिकारी उज्ज्वला उइके ने प्रभावी पैरवी की।

 

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

एप में पढ़ें

Followed