{"_id":"67383a53e7ddf3795a0531ad","slug":"jhansi-medical-college-fire-news-some-newborns-missing-after-fire-incident-2024-11-16","type":"photo-gallery","status":"publish","title_hn":"Jhansi Medical College Fire: मन में दहशत कहीं कुछ हो तो नहीं गया, आखिर कहां गए छह मासूम, जमीन निगल गई या आसमां","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Jhansi Medical College Fire: मन में दहशत कहीं कुछ हो तो नहीं गया, आखिर कहां गए छह मासूम, जमीन निगल गई या आसमां
अमर उजाला नेटवर्क, झांसी
Published by: शाहरुख खान
Updated Sat, 16 Nov 2024 01:23 PM IST
सार
कहा जाता है छोटे ताबूत का वजन सबसे ज्यादा होता है। ऐसा ही कुछ झांसी में हुए घटना के बाद पीड़ित परिवारो को महसूस हो रहा है। इससे भी ज्यादा भयावह स्थिति वह है जब आपको पता ही नहीं कि आपका बच्चा सुरक्षित है या नहीं। इस घटना के बाद से छह मासूमों का पता नहीं चल रहा और कोई इस पर उत्तर भी नहीं दे रहा।
झांसी मेडिकल कॉलेज की एसएनसीयू में भर्ती छह नवजात लापता हैं, जिनके बारे में किसी के भी पास कोई संतोषजनक जबाव नहीं है। वहीं, परिजनों का रो-रो का बुरा हाल है। परिजनों का कहना है कि जब बच्चे एसएनसीयू में भर्ती थे तो वहां से कहां चले गए? कोई भी कुछ नहीं बता रहा है। इससे मरने वाले नवजात शिशुओं का आंकड़ा बढ़ सकता है। उधर, ये जानकारी भी सामने आई है कि छह बच्चे वार्ड में सुरक्षित हैं, इनके मां-बाप का पता नहीं है। जबकि दस बच्चों की हालत नाजुक बताई जा रही है। सात बच्चों का निजी अस्पताल में इलाज चल रहा है। एक को डिस्चार्ज कर दिया गया है।
Trending Videos
2 of 7
विलाप करते परिजन
- फोटो : अमर उजाला
वही, दस घंटे से अधिक का समय बीतने के बाद भी प्रशासन ने हादसे का शिकार हुए और लापता नवजात शिशुओं की कोई भी सूची जारी नहीं की है। वहीं, मेडिकल कॉलेज की इमरजेंसी के बाहर महिला संध्या ने बताया कि उसका 12 दिन का बेटा, बंगरा की कविता का 15 दिन का बेटा, जालौन की संतोषी का एक दिन का बेटा, कबरई महोबा की नीलू का नौ दिन का बेटा, फुलवारा ललितपुर की संजना का 29 दिन का बेटा और राजगढ़ की नैंसी का बेटा नहीं मिल रहा है।
विज्ञापन
विज्ञापन
3 of 7
Jhansi Medical College Fire
- फोटो : अमर उजाला
झांसी मेडिकल कॉलेज ने गायब बच्चों के लिए हेल्पलाइन नंबर जारी किया है। लापता बच्चों के लिए हेल्पलाइन नंबर 9454417618 जारी किया गया है। उधर, झांसी मेडिकल कॉलेज में नवजात शिशुओं की मौत के मामले में प्रशासन ने जांच के लिए छह डॉक्टरों का विशेष पैनल गठित किया है। इन शिशुओं के पोस्टमार्टम के लिए पोस्टमार्टम हाउस के बाहर एसपी सिटी के नेतृत्व में भारी पुलिस बल तैनात किया गया है।
4 of 7
एक्सपायर सिलिंडर
- फोटो : अमर उजाला
उम्र पूरी कर चुके फायर सिलिंडर आखिर कैसे बचाते जान?
उत्तर प्रदेश के उपमुख्यमंत्री बृजेश पाठक ने बताया कि फरवरी 2024 में मेडिकल कॉलेज में फायर सेफ्टी की व्यवस्थाएं देखी गई थी। जून में ट्रायल भी किया गया था, मगर अफसोस की बात यह है कि एसएनसीयू में शुक्रवार की रात आग लगने की घटना हुई और 10 नवजात शिशुओं ने जलने से दम तोड़ दिया। यहां पर आग से बचाव के लिए लगे फायर इस्टिंगयुशर गवाही दे रहे हैं कि कोई दो साल पहले तो कोई एक साल पहले अपनी उम्र पूरी कर चुका था। जिसकी वजह से आग बुझाने में नाकाम साबित हुआ।
विज्ञापन
5 of 7
Jhansi Medical College Fire
- फोटो : अमर उजाला
मेडिकल कॉलेज में भीषण आग, 10 शिशुओं की मौत
झांसी के महारानी लक्ष्मी बाई मेडिकल कॉलेज के नवजात शिशु गहन चिकित्सा वार्ड (एसएनसीयू) में भीषण आग लगने से 10 नवजात शिशुओं की झुलसने एवं दम घुटने से मौत हो गई। जिस वार्ड में आग लगी थी, वहां 55 नवजात भर्ती थे। 45 नवजात को सुरक्षित निकाल लिया गया। हादसे की सूचना मिलते ही दमकल की गाड़ियां मौके पर पहुंच गई। सेना को भी बुला लिया। सेना एवं दमकल की गाड़ियों ने आग बुझाने में मदद कीं। दस नवजात की मौत से अस्पताल परिसर में कोहराम मच गया। माता-पिता भी अपने बच्चों को बचाने की गुहार लगाते रहे।
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे| Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें
Next Article
Disclaimer
हम डाटा संग्रह टूल्स, जैसे की कुकीज के माध्यम से आपकी जानकारी एकत्र करते हैं ताकि आपको बेहतर और व्यक्तिगत अनुभव प्रदान कर सकें और लक्षित विज्ञापन पेश कर सकें। अगर आप साइन-अप करते हैं, तो हम आपका ईमेल पता, फोन नंबर और अन्य विवरण पूरी तरह सुरक्षित तरीके से स्टोर करते हैं। आप कुकीज नीति पृष्ठ से अपनी कुकीज हटा सकते है और रजिस्टर्ड यूजर अपने प्रोफाइल पेज से अपना व्यक्तिगत डाटा हटा या एक्सपोर्ट कर सकते हैं। हमारी Cookies Policy, Privacy Policy और Terms & Conditions के बारे में पढ़ें और अपनी सहमति देने के लिए Agree पर क्लिक करें।