{"_id":"5b9131d3867a557f6c067d6a","slug":"sp-surendra-kumar-das-commits-suicide-admitted-in-hospital","type":"photo-gallery","status":"publish","title_hn":"जानिए क्या है आईपीएस सुरेंद्र दास के '7 लाइन सुसाइड लेटर' की कहानी, पत्र में खोले थे 'दिल के कई राज'","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
जानिए क्या है आईपीएस सुरेंद्र दास के '7 लाइन सुसाइड लेटर' की कहानी, पत्र में खोले थे 'दिल के कई राज'
यूपी डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
Updated Sun, 09 Sep 2018 11:54 PM IST
विज्ञापन
आईपीएस सुरेंद्र कुमार दास ने जहर खा लिया
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
पांच दिनों से मौत से जंग लड़ रहे एसपी सुरेंद्र दास ने रविवार को कानपुर के रीजेंसी अस्पताल में 12 बजकर 19 मिनट पर अंतिम सांस ली। एसपी की मौत के बाद पुलिस महकमे में ही नहीं पूरे प्रदेश में शोक की लहर दौड़ गयी। कानपुर एसपी पूर्वी के पद पर तैनात आईपीएस सुरेंद्र कुमार दास ने बुधवार सुबह कैंट स्थित सरकारी आवास में जहर खा लिया। हालत बिगड़ने पर परिजन और मातहत पुलिसकर्मी उन्हें उर्सला ले गए। वहां से डॉक्टरों ने उन्हें सर्वोदय नगर स्थित रीजेंसी अस्पताल रेफर कर दिया। डॉक्टरों ने उनकी हालत नाजुक बताई। एडीजी, एसएसपी समेत तमाम पुलिस और प्रशासनिक अफसरों ने अस्पताल पहुंचकर सुरेंद्र कुमार का हालचाल लिया। सुरेंद्र कुमार का लिखा एक पत्र मिला। इस बात की पुष्टि एसपी पश्चिम संजीव सुमन ने की।
आईपीएस सुरेंद्र कुमार दास
सुरेंद्र कुमार का लिखा एक पत्र मिला था। इस बात की पुष्टि एसपी पश्चिम संजीव सुमन ने की। पत्नी डॉ.रवीना को संबोधित पत्र में लिखा कि तुम हमेशा छोटी-छोटी बातों को लेकर हमसे झगड़ा करती हो, हम पर शक करती हो। मैं तुम्हारी रोज-रोज की इस प्रताड़ना से तंग आ चुका हूं। मैं आत्महत्या कर रहा हूं। मेरी मौत का कोई जिम्मेदार नहीं है। मेरे परिजनों को परेशान न किया जाए। पत्र में लिखा है कि मैं तुमसे बहुत प्यार करता हूं। पत्र में और बातें लिखी हैं। एसपी का कहना पत्र को हैंड राइटिंग एक्सपर्ट के पास जांच के लिए भेजा जाएगा। एडीजी ने कहा कि सुरेंद्र कुमार ने पारिवारिक कलह केचलते यह कदम उठाया।
आगे की स्लाइड में- जब परिवार एकत्र होते, विवाद होता
आईपीएस सुरेंद्र कुमार दास
- फोटो : अमर उजाला
पुलिस सूत्रों के मुताबिक घर में जब भी सुरेंद्र का परिवार एकत्र होता था, तब सुरेंद्र और रवीना में विवाद की स्थिति पैदा हो जाती थी। मंगलवार रात भी दोनों में विवाद हुआ। बुधवार सुबह करीब चार बजे सुरेंद्र की पत्नी रवीना ने उनकी तबियत बिगड़ने की सूचना आवास पर तैनात टेलीफोन ड्यूटी पर तैनात सिपाही को दी। इसके बाद टेलीफोन आपरेटर ने छावनी थाने और आला अफसरों को जानकारी दी। इसके बाद रवीना पुलिसकर्मियों के साथ सुरेंद्र कुमार को एक निजी अस्पताल ले र्गइं। सुबह 5:20 बजे उर्सला और 6:10 बजे रीजेंसी अस्पताल लेकर पहुंची। प्राथमिक इलाज के बाद सुबह करीब 7 बजे रीजेंसी अस्पताल प्रबंधन ने उन्हें भर्ती किया।
आगे की स्लाइड में- लड्डू गोपाल के वस्त्र खरीदने को लेकर विवाद हो गया
आगे की स्लाइड में- लड्डू गोपाल के वस्त्र खरीदने को लेकर विवाद हो गया
विज्ञापन
विज्ञापन
आईपीएस सुरेंद्र कुमार दास
- फोटो : अमर उजाला
पुलिस अफसरों ने मामले की जांच शुरू कर की। अफसरों ने सुरेंद्र कुमार के सरकारी ड्राइवर, फालोअर, गनर, टेलीफोन ड्यूटी करने वाले पुलिसकर्मियों से पूछताछ की। सूत्रों के मुताबिक पूछताछ में सामने आया कि जन्माष्टमी के दिन लड्डू गोपाल के वस्त्र खरीदने को लेकर विवाद हो गया था। रवीना बाजार से अकेले कपड़े खरीदने बाजार जा रहीं थी। सुरेंद्र कुमार ने भी बाजार साथ चलने को कहा, तो वह उखड़ गईं थीं। इस बात पर दोनों में विवाद हो गया था। इसके बाद रवीना वस्त्र खरीदने नहीं गईं थीं।
आगे की स्लाइड में- एक पुलिस अफसर का कहना है कि मंगलवार रात दोनों में गरमा-गमी बढ़ गई थी
आगे की स्लाइड में- एक पुलिस अफसर का कहना है कि मंगलवार रात दोनों में गरमा-गमी बढ़ गई थी
विज्ञापन
आईपीएस सुरेंद्र कुमार दास
सुरेंद्र कुमार अंबेडकरनगर में बतौर सीओ तैनात थे। तब पत्नी डॉ. रवीना के साथ रहती थीं। साथ ही अंबेडकर नगर मेडिकल कालेज में नौकरी भी करती थीं। जुलाई में नौकरी ज्वाइन की और अगस्त में छोड़ दी। सुरेंद्र कुमार की कानपुर पोस्टिंग होने के बाद डॉ. रवीना भी पति के साथ यहां आ गईं थी। पुलिस सूत्रों का कहना है कि एसपी सुरेंद्र कुमार रात में सर्किल में गश्त करते थे तो उनकी पत्नी भी अक्सर साथ देखी जाती थीं। पुलिस लाइन में हुए जन्माष्टमी कार्यक्रम में भी सुरेंद्र कुमार के साथ रवीना मौजूद थीं। शक के साथ डॉ. रवीना का मायके की तरफ झुकाव और उनके माता-पिता का हस्तक्षेप भी विवाद की वजह माना जा रहा है। एक पुलिस अफसर का कहना है कि मंगलवार रात दोनों में गरमा-गमी बढ़ गई थी।
आगे की स्लाइड में- घर में चूहे और सांप होने की बात कहने पर कभी सल्फास की गोलियां लाकर नहीं देता
आगे की स्लाइड में- घर में चूहे और सांप होने की बात कहने पर कभी सल्फास की गोलियां लाकर नहीं देता