मेरठ के मवाना थानाक्षेत्र के सीना गांव निवासी शिवम मावी ने श्रीलंका के खिलाफ पहले ही टी-20 मैच में कमाल कर दिया। इस मैच से उन्होंने खुद को साबित कर दिखाया है। उनकी घातक गेंदबाजी की बदौलत मिली जीत पर मेरठ के क्रिकेट प्रेमियों ने मिठाई बांटकर खुशी जताई। पिता पंकज मावी ने बेटे शिवम के प्रदर्शन पर खुशी जताते हुए कहा मुझे बेटे पर गर्व है। आईपीएल में शानदार प्रदर्शन के बाद भारतीय टीम में शामिल होने का जो सपना देखा था वह पूरा हो गया है।
Meerut: शिवम मावी ने ड्रीम डेब्यू से खुद को किया साबित, अभ्यास मैच में रैना ने कहा था-आगे जाएगा ये लड़का
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
श्रीलंका के खिलाफ मुंबई के वानखेडे स्टेडियम में खेले गए पहले ही टी-20 मुकाबले में भारत ने मात्र दो रन से जीत दर्ज कर ली। इस जीत में मेरठ के शिवम मावी ने श्रीलंका के चार बल्लेबाजों को पवेलियन भेजा। पहले बल्लेबाजी करते हुए भारतीय टीम ने 20 ओवर में 5 विकेट खोकर 162 रन बनाए। लक्ष्य का पीछा करने उतरी श्रीलंका के सलामी बल्लेबाज निशंका को शिवम ने 1 रन के निजी स्कोर पर क्लीन बोल्ड कर पवेलियन भेज दिया।
दूसरे नंबर पर बल्लेबाजी करने आए धनंजय डिस्लवा को भी शिवम ने 8 रन के निजी स्कोर पर संजू सैमसन के हाथों कैच कराकर चलता किया। हसरंगा और महीश भी मेरठ शिवम मावी का शिकार हुए। अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में कदम रखते ही शिवम ने अपनी चमक बिखेर दी है। जिससे साफ है कि वह लंबी रेस के घोड़े साबित होंगे।
उन्होंने पहले ही टी-20 मुकाबले में 4 ओवर में 22 रन देकर 4 विकेट अपने नाम किए। पिता ने कहा उनके गांव सीना में परिवार के साथ सभी ने मैच देखा। उन्होंने नोएडा में परिवार के साथ मैच का आनंद लिया। तीन टी-20 मुकाबलों में 5 जनवरी को पुणे और 7 जनवरी को राजकोट में श्रीलंका के खिलाफ दो मैच खेले जाने हैं।
शिवम की उम्र करीब सात साल थी, जब पिता पंकज मावी परिवार सहित नोएडा में शिफ्ट हो गए। शिवम के एक ताऊ वीरेंद्र मावी और राजेंद्र मावी गांव में ही रहते हैं। पंकज मावी ठेकेदारी करते हैं। उन्होंने बताया कि बच्चों को अच्छी शिक्षा दिलाने के लिए वह नोएडा आ गए थे।
उनका मन शिवम को डॉक्टर और इंजीनियर बनाने का था, नोएडा में गली में क्रिकेट खेलते हुए पड़ोसियों ने उसकी प्रतिभा को पहचाना। लोगों के कहने पर 10 वर्ष की उम्र में उसका दाखिला कार्ल हूपर एकेडमी में कोच फूलचंद शर्मा के पास कराया।
गेंदबाजी में दिलचस्पी रखते हुए शिवम ने अंडर-14, अंडर-16 क्रिकेट से शुरुआत की। शिवम दो बहन-भाई हैं, बड़ी बहन शालू मावी एमए के बाद बीएड कर रहीं हैं। शिवम बीबीए के बाद एमबीए कर रहे हैं, मां गृहणी हैं। ताऊ वीरेंद्र मावी ने बताया कि शिवम की प्राइमरी स्तर की शिक्षा गांव सीना में ही हुई है। टी -20 में शानदार प्रदर्शन करने पर पूरे गांव में जश्न का माहौल है।