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Amethi News: 13 साल पुराने हत्याकांड में पति-पत्नी दोषी करार
Thu, 30 Jul 2026 12:37 AM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, अमेठी
संवाद न्यूज एजेंसी, अमेठी
Updated Thu, 30 Jul 2026 12:37 AM IST
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अमेठी सिटी। मुंशीगंज क्षेत्र में 13 वर्ष पहले हुए हत्याकांड में एडीजे चतुर्थ सुल्तानपुर की अदालत ने बुधवार को फैसला सुनाते हुए पति-पत्नी को हत्या और साक्ष्य मिटाने का दोषी करार दिया। अदालत ने दोनों को न्यायिक अभिरक्षा में जेल भेज दिया, जबकि दो अन्य आरोपियों को साक्ष्य के अभाव में बरी कर दिया। दोषी दंपती की सजा पर 31 जुलाई को सुनवाई होगी।
मुंशीगंज के टेरी गांव निवासी राजकुमारी ने 27 मार्च 2013 को पति अयोध्या प्रसाद की हत्या की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। उन्होंने बताया था कि एक दिन पहले अयोध्या प्रसाद रिश्तेदारी में जाने की बात कहकर घर से निकले थे, लेकिन फिर नहीं लौटे। अगले दिन उनका शव नहर किनारे मिला था।
आरोप था कि हत्या के बाद साक्ष्य मिटाने की नीयत से शव नहर में फेंक दिया गया। पुलिस विवेचना में ओमप्रकाश, राजकुमारी, गोमती देवी और राहुल वर्मा के नाम सामने आए थे। चारों के खिलाफ आरोपपत्र दाखिल होने के बाद मामला एडीजे चतुर्थ श्याम मोहन जायसवाल की अदालत में विचाराधीन था। सुनवाई पूरी होने के बाद अदालत ने ओमप्रकाश और राजकुमारी को हत्या एवं साक्ष्य मिटाने का दोषी ठहराया। वहीं गोमती देवी और राहुल वर्मा को साक्ष्य के अभाव में दोषमुक्त कर दिया। अब अदालत 31 जुलाई को दोषी दंपती की सजा तय करेगी।
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मुंशीगंज के टेरी गांव निवासी राजकुमारी ने 27 मार्च 2013 को पति अयोध्या प्रसाद की हत्या की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। उन्होंने बताया था कि एक दिन पहले अयोध्या प्रसाद रिश्तेदारी में जाने की बात कहकर घर से निकले थे, लेकिन फिर नहीं लौटे। अगले दिन उनका शव नहर किनारे मिला था।
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आरोप था कि हत्या के बाद साक्ष्य मिटाने की नीयत से शव नहर में फेंक दिया गया। पुलिस विवेचना में ओमप्रकाश, राजकुमारी, गोमती देवी और राहुल वर्मा के नाम सामने आए थे। चारों के खिलाफ आरोपपत्र दाखिल होने के बाद मामला एडीजे चतुर्थ श्याम मोहन जायसवाल की अदालत में विचाराधीन था। सुनवाई पूरी होने के बाद अदालत ने ओमप्रकाश और राजकुमारी को हत्या एवं साक्ष्य मिटाने का दोषी ठहराया। वहीं गोमती देवी और राहुल वर्मा को साक्ष्य के अभाव में दोषमुक्त कर दिया। अब अदालत 31 जुलाई को दोषी दंपती की सजा तय करेगी।
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