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Baghpat News: अमेरिका की सुप्रीम कोर्ट के फैसले से उद्यमियों में खुशी, फायदा मिलेगा
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बागपत। टैरिफ पर अमेरिका की सुप्रीम कोर्ट के फैसले से जिले के उद्यमी गदगद हैं। कुछ दिन पहले टैरिफ कम होने से उद्यमियों को फायदा मिला। इससे अमेरिका में निर्यात होने वाले उत्पादों के नए ऑर्डर भी मिलने लगे हैं। उद्यमियों ने अमेरिका की सुप्रीम कोर्ट के फैसले का स्वागत किया।
एक जनपद-एक उत्पाद योजना में शामिल घरेलू साज-सज्जा के उत्पादों के लिए कई कंपनियां संचालित हैं। इनमें तैयार होने वाली बेडशीट, पर्दे, कुशन कवर, तौलिये, पत्थर से बनी मूर्तियां और अन्य उत्पादों की अमेरिका में अच्छी मांग है। यहां से साल में करीब 200 करोड़ रुपये से अधिक के उत्पादों का निर्यात भी किया जाता है। अगस्त माह में टैरिफ बढ़ाया जाने के बाद करोड़ों रुपये के ऑर्डर निरस्त हो गए। कुछ दिन पहले टैरिफ घटाये जाने से उद्यमियों को राहत मिली और नए ऑर्डर मिलने लगे, जिससे उद्योग पटरी पर दोबारा लौटने लगे। अमेरिका की सुप्रीम कोर्ट ग्लोबल टैरिफ लगाने के आदेश जारी किए, जिससे उत्पादों पर सिर्फ फीसदी ही टैरिफ लगेगा।
- टैरिफ का मामला अमेरिका के सुप्रीम कोर्ट में गया हुआ है, सुप्रीम कोर्ट जो भी फैसला करेगा उसी के अनुसार टैरिफ लगेगा। अब ग्लोबल टैरिफ लगाने से उद्यमियों को फायदा मिलेगा। यदि सुप्रीम कोर्ट ने पहले की तरह लगने वाला 18 प्रतिशत टैरिफ के लिए फैसला सुनाया तो यह उद्यमियों के लिए खुशी की बात होगी। -मुकेश गुप्ता, महासचिव, खेकड़ा पावरलूम संगठन
- टैरिफ की दर कम होने से निर्यात की संभावना अमेरिकी मार्केट में फिर से एक बढ़ने की उम्मीद जागी है। भारत सरकार द्वारा एमएसएमई निर्यातकों के लिए विशेष रूप से पैकेज लागू कर सहयोग करना चाहिए ताकि निर्यात में फिर एक बाद वृद्धि हो सके। -विकास चौधरी, उद्यमी
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एक जनपद-एक उत्पाद योजना में शामिल घरेलू साज-सज्जा के उत्पादों के लिए कई कंपनियां संचालित हैं। इनमें तैयार होने वाली बेडशीट, पर्दे, कुशन कवर, तौलिये, पत्थर से बनी मूर्तियां और अन्य उत्पादों की अमेरिका में अच्छी मांग है। यहां से साल में करीब 200 करोड़ रुपये से अधिक के उत्पादों का निर्यात भी किया जाता है। अगस्त माह में टैरिफ बढ़ाया जाने के बाद करोड़ों रुपये के ऑर्डर निरस्त हो गए। कुछ दिन पहले टैरिफ घटाये जाने से उद्यमियों को राहत मिली और नए ऑर्डर मिलने लगे, जिससे उद्योग पटरी पर दोबारा लौटने लगे। अमेरिका की सुप्रीम कोर्ट ग्लोबल टैरिफ लगाने के आदेश जारी किए, जिससे उत्पादों पर सिर्फ फीसदी ही टैरिफ लगेगा।
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- टैरिफ का मामला अमेरिका के सुप्रीम कोर्ट में गया हुआ है, सुप्रीम कोर्ट जो भी फैसला करेगा उसी के अनुसार टैरिफ लगेगा। अब ग्लोबल टैरिफ लगाने से उद्यमियों को फायदा मिलेगा। यदि सुप्रीम कोर्ट ने पहले की तरह लगने वाला 18 प्रतिशत टैरिफ के लिए फैसला सुनाया तो यह उद्यमियों के लिए खुशी की बात होगी। -मुकेश गुप्ता, महासचिव, खेकड़ा पावरलूम संगठन
- टैरिफ की दर कम होने से निर्यात की संभावना अमेरिकी मार्केट में फिर से एक बढ़ने की उम्मीद जागी है। भारत सरकार द्वारा एमएसएमई निर्यातकों के लिए विशेष रूप से पैकेज लागू कर सहयोग करना चाहिए ताकि निर्यात में फिर एक बाद वृद्धि हो सके। -विकास चौधरी, उद्यमी
