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Bahraich News: गुरु के चरणों में नवाया शीश, श्रद्धा से मनाया पर्व
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गुरु पूर्णिमा पर हुए धार्मिक आयोजन।
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बहराइच। आषाढ़ मास की पूर्णिमा पर मनाया जाने वाला गुरु पूर्णिमा पर्व बुधवार को जिलेभर में श्रद्धा और उल्लास के साथ मनाया गया। श्रद्धालुओं ने अपने गुरुओं का पूजन कर उनका आशीर्वाद लिया। बेरिया स्थित समय माता मंदिर और पुलिस लाइन के निकट स्थित समय माता मंदिर परिसर में मेले लगे।
शहर में सुबह से ही गुरु पूर्णिमा पर्व की रौनक दिखाई देने लगी। पुलिस लाइन के निकट स्थित समय माता मंदिर परिसर में दुकानों के सजने के साथ शाम को श्रद्धालुओं और मेलार्थियों की भारी भीड़ उमड़ी। शहर के मध्य स्थित पांडवकालीन श्री सिद्धनाथ मंदिर में महंत एवं महामंडलेश्वर रवि गिरि जी महाराज के निर्देशन में धार्मिक अनुष्ठान आयोजित किए गए।
गायत्री चेतना केंद्र, गायत्रीपुरम डिगिहा चौराहा में ध्वजारोहण, गायत्री पूजन, हवन और पौधरोपण किया गया। एमएलसी डॉ. प्रज्ञा त्रिपाठी ने कहा कि गायत्री परिवार मानव कल्याण के लिए निरंतर कार्य कर रहा है। प्रबंधक आरपीएन श्रीवास्तव ने स्वास्थ्य, संस्कार और गोपालन से जुड़े कार्यों की जानकारी दी।
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किसान पीजी कॉलेज में प्रबंधन का दायित्व संभाल रहे मेजर डॉ. एसपी सिंह का अभिनंदन किया गया। हिंदी विभाग के प्रभारी डॉ. नीरज पांडेय ने कहा कि भारतीय समाज में गुरु का स्थान ईश्वर से भी बढ़कर माना गया है। कार्यक्रम में उप प्राचार्य प्रोफेसर उस्मान, प्रोफेसर एसबी रावत, प्रोफेसर ओपी सोनी, असिस्टेंट प्रोफेसर डॉ. आनंद श्रीवास्तव आदि मौजूद रहे।
चित्तौरा प्रतिनिधि के अनुसार, बेरिया स्थित समय माता मंदिर परिसर में विशाल मेले का आयोजन किया गया। इससे पहले मंदिर के पुजारी जमुना पुरी ने हवन-पूजन और आरती कराई। सुबह से शाम तक चले मेले में आसपास के गांवों से हजारों पुरुष, महिलाएं और बच्चे पहुंचे।
यज्ञ, हवन और भंडारे का आयोजन
रुपईडीहा। भारत-नेपाल सीमा पर स्थित कस्बे में शांतिनगर स्थित गायत्री मंदिर और श्री राम जानकी मंदिर में यज्ञ, हवन, पूजन, आरती एवं भंडारे का आयोजन हुआ। गायत्री परिवार के परिव्राजक जगदंबा प्रसाद पांडेय के सानिध्य में मीना शर्मा ने हवन एवं पूजन कराया। श्रद्धालुओं ने यज्ञ में आहुतियां अर्पित कर गुरु परंपरा के प्रति अपनी श्रद्धा व्यक्त की। इस अवसर पर गायत्री मंदिर के संस्थापक एवं मुख्य आयोजक देव शंकर शुक्ल, माया उपाध्याय और किशोरी विश्वकर्मा उपस्थित रहे। श्री राम जानकी मंदिर में भी यज्ञ और भंडारे का आयोजन किया गया। महंत भगवान दास जी ने अपने पूज्य गुरु का विधिवत पूजन कर आरती की।
गुरु पूजन के साथ हुआ पौधरोपण
बाबागंज। बाबा परमहंस दास कुट्टी रामजानकी मंदिर में श्रद्धालुओं ने गुरु पूजन किया और भगवान सत्यनारायण की कथा का श्रवण किया। वहीं देव संस्कृति ग्रामोदय इंटर कॉलेज, आचार्य नगर रामपुर में पौधरोपण कर पर्यावरण संरक्षण का संकल्प लिया गया। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि ब्लॉक प्रमुख नवाबगंज जयप्रकाश सिंह रहे। (संवाद)
मंदिरों में उमड़े श्रद्धालु
बौंडी। पांडवकालीन शिव मंदिर सागरनाथ धाम राजा रेहुआ, पारसनाथ मंदिर शंकरपुर बभनौटी, राधा-कृष्ण मंदिर नसोहरा, हनुमान मंदिर साईं गांव, घूर देवी मंदिर भौरी, ताल पर बाबा मंदिर, रविदास मंदिर विसवां, देवपुरी धाम जैतापुर और कांकली देवी मंदिर तिंगई सहित क्षेत्र के दर्जनों मंदिरों में पहुंचकर लोगों ने दर्शन-पूजन किया। महसी विधायक के प्रतिनिधि अखंड प्रताप सिंह गोलू ने भी क्षेत्र के विभिन्न मंदिरों में पहुंचकर पूजा-अर्चना की।
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शहर में सुबह से ही गुरु पूर्णिमा पर्व की रौनक दिखाई देने लगी। पुलिस लाइन के निकट स्थित समय माता मंदिर परिसर में दुकानों के सजने के साथ शाम को श्रद्धालुओं और मेलार्थियों की भारी भीड़ उमड़ी। शहर के मध्य स्थित पांडवकालीन श्री सिद्धनाथ मंदिर में महंत एवं महामंडलेश्वर रवि गिरि जी महाराज के निर्देशन में धार्मिक अनुष्ठान आयोजित किए गए।
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गायत्री चेतना केंद्र, गायत्रीपुरम डिगिहा चौराहा में ध्वजारोहण, गायत्री पूजन, हवन और पौधरोपण किया गया। एमएलसी डॉ. प्रज्ञा त्रिपाठी ने कहा कि गायत्री परिवार मानव कल्याण के लिए निरंतर कार्य कर रहा है। प्रबंधक आरपीएन श्रीवास्तव ने स्वास्थ्य, संस्कार और गोपालन से जुड़े कार्यों की जानकारी दी।
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किसान पीजी कॉलेज में प्रबंधन का दायित्व संभाल रहे मेजर डॉ. एसपी सिंह का अभिनंदन किया गया। हिंदी विभाग के प्रभारी डॉ. नीरज पांडेय ने कहा कि भारतीय समाज में गुरु का स्थान ईश्वर से भी बढ़कर माना गया है। कार्यक्रम में उप प्राचार्य प्रोफेसर उस्मान, प्रोफेसर एसबी रावत, प्रोफेसर ओपी सोनी, असिस्टेंट प्रोफेसर डॉ. आनंद श्रीवास्तव आदि मौजूद रहे।
चित्तौरा प्रतिनिधि के अनुसार, बेरिया स्थित समय माता मंदिर परिसर में विशाल मेले का आयोजन किया गया। इससे पहले मंदिर के पुजारी जमुना पुरी ने हवन-पूजन और आरती कराई। सुबह से शाम तक चले मेले में आसपास के गांवों से हजारों पुरुष, महिलाएं और बच्चे पहुंचे।
यज्ञ, हवन और भंडारे का आयोजन
रुपईडीहा। भारत-नेपाल सीमा पर स्थित कस्बे में शांतिनगर स्थित गायत्री मंदिर और श्री राम जानकी मंदिर में यज्ञ, हवन, पूजन, आरती एवं भंडारे का आयोजन हुआ। गायत्री परिवार के परिव्राजक जगदंबा प्रसाद पांडेय के सानिध्य में मीना शर्मा ने हवन एवं पूजन कराया। श्रद्धालुओं ने यज्ञ में आहुतियां अर्पित कर गुरु परंपरा के प्रति अपनी श्रद्धा व्यक्त की। इस अवसर पर गायत्री मंदिर के संस्थापक एवं मुख्य आयोजक देव शंकर शुक्ल, माया उपाध्याय और किशोरी विश्वकर्मा उपस्थित रहे। श्री राम जानकी मंदिर में भी यज्ञ और भंडारे का आयोजन किया गया। महंत भगवान दास जी ने अपने पूज्य गुरु का विधिवत पूजन कर आरती की।
गुरु पूजन के साथ हुआ पौधरोपण
बाबागंज। बाबा परमहंस दास कुट्टी रामजानकी मंदिर में श्रद्धालुओं ने गुरु पूजन किया और भगवान सत्यनारायण की कथा का श्रवण किया। वहीं देव संस्कृति ग्रामोदय इंटर कॉलेज, आचार्य नगर रामपुर में पौधरोपण कर पर्यावरण संरक्षण का संकल्प लिया गया। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि ब्लॉक प्रमुख नवाबगंज जयप्रकाश सिंह रहे। (संवाद)
मंदिरों में उमड़े श्रद्धालु
बौंडी। पांडवकालीन शिव मंदिर सागरनाथ धाम राजा रेहुआ, पारसनाथ मंदिर शंकरपुर बभनौटी, राधा-कृष्ण मंदिर नसोहरा, हनुमान मंदिर साईं गांव, घूर देवी मंदिर भौरी, ताल पर बाबा मंदिर, रविदास मंदिर विसवां, देवपुरी धाम जैतापुर और कांकली देवी मंदिर तिंगई सहित क्षेत्र के दर्जनों मंदिरों में पहुंचकर लोगों ने दर्शन-पूजन किया। महसी विधायक के प्रतिनिधि अखंड प्रताप सिंह गोलू ने भी क्षेत्र के विभिन्न मंदिरों में पहुंचकर पूजा-अर्चना की।

गुरु पूर्णिमा पर हुए धार्मिक आयोजन।

गुरु पूर्णिमा पर हुए धार्मिक आयोजन।