फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Banda News ›   Postal Court: No officer, no complainant... event complete

डाक अदालत : न अफसर, न फरियादी... आयोजन पूरा

Tue, 02 Jun 2026 01:25 AM IST
कानपुर ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, बांदा
संवाद न्यूज एजेंसी, बांदा Updated Tue, 02 Jun 2026 01:25 AM IST
विज्ञापन
Postal Court: No officer, no complainant... event complete
फोटो - 13 रोजाना की तरह कामकाज करते कर्मचारी। संवाद
बांदा। डाक विभाग द्वारा चित्रकूटधाम मंडल स्तरीय पेंशन व डाक अदालत का आयोजन सोमवार को डाक अधीक्षक कार्यालय में किया गया, लेकिन यह आयोजन अपने उद्देश्य में पूरी तरह विफल रहा। न तो कोई अधिकारी समय पर उपस्थित हुए और न ही कोई फरियादी अपनी समस्या लेकर पहुंचा। अधिकारियों का कहना है कि समस्याओं से संबंधित एक भी प्रार्थना पत्र प्राप्त नहीं होने के कारण कार्यक्रम का कोई औचित्य नहीं रहा।
विज्ञापन

शासन के निर्देशानुसार डाक अधीक्षक कार्यालय में चित्रकूटधाम मंडल स्तरीय पेंशन व डाक अदालत का आयोजन होना था। इसका उद्देश्य डाक विभाग से संबंधित पेंशन, एरियर, सेवानिवृत्त लाभों, स्पीडपोस्ट, पार्सल सेवा और अन्य शिकायतों का निवारण करना था। हालांकि, निर्धारित दिन पर न तो डाक अधीक्षक अजय दुबे दोपहर तक कार्यालय में उपस्थित हुए और न ही कोई फरियादी नजर आया। डाक अदालत से संबंधित कर्मचारियों ने बताया कि हर तीन महीने में इस तरह की अदालत का आयोजन किया जाता है। इसमें समस्याओं के निस्तारण के लिए कार्यक्रम से दस दिन पूर्व मैनुअल प्रार्थना पत्र मांगे जाते हैं, ताकि निर्धारित तिथि पर उनका समाधान किया जा सके। लेकिन प्रचार-प्रसार के अभाव के चलते अधिकांश लोग इन अदालतों के बारे में अनभिज्ञ रहते हैं। वर्तमान में लोग अपनी शिकायतों को ऑनलाइन दर्ज कराने को प्राथमिकता देते हैं, जिनका निवारण भी ऑनलाइन ही किया जाता है।
विज्ञापन

एक भी मामला नहीं आया सामने
सोमवार को आयोजित डाक अदालत में पेंशन, एरियर, सेवानिवृत्त लाभों, स्पीडपोस्ट, पार्सल काउंटर सेवा आदि से संबंधित एक भी मामला सामने नहीं आया। इस कारण, किसी भी प्रकार के कार्यक्रम का आयोजन संभव नहीं हो सका। डाक सुपरवाइजर ने कहा कि जब फरियादी ही नहीं हैं तो कार्यक्रम का क्या मतलब है। उन्होंने यह भी कहा कि यदि शाम तक एक-दो फरियादी आते हैं तो उनकी समस्याओं को सुनकर उनका निस्तारण कर दिया जाएगा। इस बाबत डाक अधीक्षक अजय दुबे ने भी इस बात की पुष्टि की कि डाक अदालत में एक भी मामला दर्ज नहीं हुआ।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed