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Barabanki News: मनरेगा श्रमिकों को चार माह से नहीं मिली मजदूरी
संवाद न्यूज एजेंसी, बाराबंकी
Updated Wed, 15 Apr 2026 01:09 AM IST
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बाराबंकी। महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना (अब विकसित भारत-जी राम जी) के तहत काम करने वाले श्रमिक आर्थिक संकट में हैं। बीते चार माह से मजदूरी का भुगतान नहीं हुआ है।
इससे हजारों परिवारों के सामने रोजी-रोटी का संकट खड़ा हो गया है। ब्लॉक क्षेत्र में बीते वित्तीय वर्ष में मनरेगा के तहत लक्ष्य से अधिक कार्य कराया गया। 76 ग्राम पंचायतों में 7493 सक्रिय जॉब कार्ड धारक हैं। इनके लिए 3.3 लाख मानव दिवस सृजित करने का लक्ष्य था। इसके विपरीत 4.0 लाख मानव दिवस सृजित किए गए। यह लक्ष्य का 123.30 फीसदी कार्य पूरा हुआ।
महिला श्रमिकों की भागीदारी भी 29.20 फीसदी रही। कुल 382 श्रमिकों ने 100 मानव दिवस का कार्य पूरा किया। इसके बावजूद 24 दिसंबर 2026 के बाद से अब तक करीब पांच करोड़ रुपये की मजदूरी बकाया है।
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मजदूर रोज ग्राम प्रधानों से भुगतान की जानकारी लेते हैं, पर संतोषजनक जवाब नहीं मिलता। प्रधान इसे उच्च स्तर का मामला बताकर असमर्थता जता रहे हैं। इस संबंध में बीडीओ जितेंद्र कुमार ने बताया कि ब्लॉक स्तर से कोई भुगतान लंबित नहीं है। शासन स्तर से धनराशि जारी होते ही श्रमिकों के खातों में भेज दी जाएगी।
इससे हजारों परिवारों के सामने रोजी-रोटी का संकट खड़ा हो गया है। ब्लॉक क्षेत्र में बीते वित्तीय वर्ष में मनरेगा के तहत लक्ष्य से अधिक कार्य कराया गया। 76 ग्राम पंचायतों में 7493 सक्रिय जॉब कार्ड धारक हैं। इनके लिए 3.3 लाख मानव दिवस सृजित करने का लक्ष्य था। इसके विपरीत 4.0 लाख मानव दिवस सृजित किए गए। यह लक्ष्य का 123.30 फीसदी कार्य पूरा हुआ।
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महिला श्रमिकों की भागीदारी भी 29.20 फीसदी रही। कुल 382 श्रमिकों ने 100 मानव दिवस का कार्य पूरा किया। इसके बावजूद 24 दिसंबर 2026 के बाद से अब तक करीब पांच करोड़ रुपये की मजदूरी बकाया है।
मजदूर रोज ग्राम प्रधानों से भुगतान की जानकारी लेते हैं, पर संतोषजनक जवाब नहीं मिलता। प्रधान इसे उच्च स्तर का मामला बताकर असमर्थता जता रहे हैं। इस संबंध में बीडीओ जितेंद्र कुमार ने बताया कि ब्लॉक स्तर से कोई भुगतान लंबित नहीं है। शासन स्तर से धनराशि जारी होते ही श्रमिकों के खातों में भेज दी जाएगी।