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Barabanki News: बच्चों की सुरक्षा से खिलवाड़ करने वाले 92 स्कूलों की मान्यता पर संकट
Sun, 12 Jul 2026 01:37 AM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, बाराबंकी
संवाद न्यूज एजेंसी, बाराबंकी
Updated Sun, 12 Jul 2026 01:37 AM IST
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बाराबंकी। जिले में बिना परमिट और अनफिट स्कूली वाहनों का संचालन करने वाले 92 विद्यालयों की मान्यता पर संकट गहरा गया है। डीएम के निर्देश पर परिवहन विभाग ने ऐसे विद्यालयों के खिलाफ कार्रवाई तेज कर दी है। संबंधित स्कूलों को नोटिस जारी करते हुए चेतावनी दी गई है कि निर्धारित समय में खामियां दूर न करने पर उनकी मान्यता निरस्त करने की संस्तुति की जाएगी।
जिले में विद्यालयों से संबद्ध कुल 1201 स्कूली वाहन पंजीकृत हैं। इनमें 584 बसें और 617 वैन शामिल हैं। जांच में 58 वाहनों के पास वैध परमिट नहीं मिला, जबकि 61 वाहनों की फिटनेस प्रमाणपत्र की अवधि समाप्त हो चुकी है। सबसे गंभीर स्थिति 28 वाहनों की मिली, जिनके पास न तो वैध परमिट है और न ही फिटनेस प्रमाणपत्र।
ऐसे वाहनों को कबाड़ घोषित करने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। परिवहन विभाग ने संबंधित विद्यालयों को नोटिस जारी किया है। इसके साथ ही डीआईओएस व संबंधित थाना प्रभारियों के माध्यम से भी स्कूल प्रबंधकों को पत्र भेजे गए हैं, ताकि सभी विद्यालय समयबद्ध तरीके से नियमों का पालन सुनिश्चित करें। यदि चेतावनी के बावजूद विद्यालय अनियमित वाहनों का संचालन बंद नहीं करते हैं तो उनकी मान्यता निरस्त करने की कार्रवाई की जाएगी।
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एक्शन मोड़ में आया परिवहन विभाग, सात वाहन सीज
स्कूली वाहनों की जांच के लिए परिवहन विभाग ने 15 दिवसीय विशेष अभियान शुरू किया है। एआरटीओ प्रशासन अमिताभ राय के नेतृत्व में प्रवर्तन टीम शहर के प्रमुख मार्गों, स्कूलों के आसपास और संवेदनशील चौराहों पर वाहनों की जांच की।
इस दौरान वाहनों के परमिट, फिटनेस प्रमाणपत्र, बीमा, प्रदूषण प्रमाणपत्र, चालक के ड्राइविंग लाइसेंस, स्पीड गवर्नर, अग्निशमन यंत्र, फर्स्ट एड बॉक्स, आपातकालीन निकास तथा अन्य सुरक्षा मानकों की जांच की गई। बीते दो दिनों में हुई जांच में अनियमितताएं पाए जाने पर सात स्कूली वाहनों को तत्काल सीज किए गए, जबकि अन्य वाहन संचालकों को नियमानुसार कार्रवाई की चेतावनी दी गई।
स्कूली बच्चों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है। बिना परमिट, अनफिट अथवा सुरक्षा मानकों का पालन न करने वाले किसी भी वाहन को सड़क पर चलने की अनुमति नहीं दी जाएगी। विशेष अभियान लगातार जारी रहेगा। सभी विद्यालयों को निर्देश दिए गए हैं कि वे केवल वैध दस्तावेजों और निर्धारित सुरक्षा मानकों वाले वाहनों का ही संचालन करें। नियमों का उल्लंघन करने वालों के विरुद्ध कठोर कार्रवाई की जाएगी।
- अमिताभ राय, एआरटीओ प्रशासन
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जिले में विद्यालयों से संबद्ध कुल 1201 स्कूली वाहन पंजीकृत हैं। इनमें 584 बसें और 617 वैन शामिल हैं। जांच में 58 वाहनों के पास वैध परमिट नहीं मिला, जबकि 61 वाहनों की फिटनेस प्रमाणपत्र की अवधि समाप्त हो चुकी है। सबसे गंभीर स्थिति 28 वाहनों की मिली, जिनके पास न तो वैध परमिट है और न ही फिटनेस प्रमाणपत्र।
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ऐसे वाहनों को कबाड़ घोषित करने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। परिवहन विभाग ने संबंधित विद्यालयों को नोटिस जारी किया है। इसके साथ ही डीआईओएस व संबंधित थाना प्रभारियों के माध्यम से भी स्कूल प्रबंधकों को पत्र भेजे गए हैं, ताकि सभी विद्यालय समयबद्ध तरीके से नियमों का पालन सुनिश्चित करें। यदि चेतावनी के बावजूद विद्यालय अनियमित वाहनों का संचालन बंद नहीं करते हैं तो उनकी मान्यता निरस्त करने की कार्रवाई की जाएगी।
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एक्शन मोड़ में आया परिवहन विभाग, सात वाहन सीज
स्कूली वाहनों की जांच के लिए परिवहन विभाग ने 15 दिवसीय विशेष अभियान शुरू किया है। एआरटीओ प्रशासन अमिताभ राय के नेतृत्व में प्रवर्तन टीम शहर के प्रमुख मार्गों, स्कूलों के आसपास और संवेदनशील चौराहों पर वाहनों की जांच की।
इस दौरान वाहनों के परमिट, फिटनेस प्रमाणपत्र, बीमा, प्रदूषण प्रमाणपत्र, चालक के ड्राइविंग लाइसेंस, स्पीड गवर्नर, अग्निशमन यंत्र, फर्स्ट एड बॉक्स, आपातकालीन निकास तथा अन्य सुरक्षा मानकों की जांच की गई। बीते दो दिनों में हुई जांच में अनियमितताएं पाए जाने पर सात स्कूली वाहनों को तत्काल सीज किए गए, जबकि अन्य वाहन संचालकों को नियमानुसार कार्रवाई की चेतावनी दी गई।
स्कूली बच्चों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है। बिना परमिट, अनफिट अथवा सुरक्षा मानकों का पालन न करने वाले किसी भी वाहन को सड़क पर चलने की अनुमति नहीं दी जाएगी। विशेष अभियान लगातार जारी रहेगा। सभी विद्यालयों को निर्देश दिए गए हैं कि वे केवल वैध दस्तावेजों और निर्धारित सुरक्षा मानकों वाले वाहनों का ही संचालन करें। नियमों का उल्लंघन करने वालों के विरुद्ध कठोर कार्रवाई की जाएगी।
- अमिताभ राय, एआरटीओ प्रशासन