UP: कौन है रिया, जिसने वाराणसी की किशोरी को बरेली में बेचा, फिर देह व्यापार में धकेला; तलाश में जुटी पुलिस
बरेली में वाराणसी की किशोरी को बेचने और जबरन देह व्यापार कराने के मामले में मानव तस्करी की धाराएं बढ़ाई जाएंगी। बारादरी थाने के इंस्पेक्टर ने बताया कि होटल मालिक समेत अन्य आरोपियों की तलाश की जा रही है। किशोरी को बेचने की आरोपी रिया की तलाश में पुलिस टीम वाराणसी जाएगी।
विस्तार
बरेली के सेटेलाइट चौराहे के पास स्थित होटल लिटिल क्राउन में देह व्यापार रैकेट पकड़े जाने के मामले में होटल मालिक व तीन अन्य की तलाश में रविवार को पुलिस की दबिश जारी रही, लेकिन आरोपी हाथ नहीं आए। होटल में मिली वाराणसी की किशोरी को वन स्टॉप सेंटर भेजा गया है। रविवार को किशोरी के पिता और भाई भी बरेली आ गए। सोमवार को कोर्ट में किशोरी के बयान दर्ज कराए जाएंगे। मामले में आरोपियों के खिलाफ मानव तस्करी की धाराएं भी बढ़ाई जाएंगी।
रिया की तलाश में वाराणसी जाएगी पुलिस
इंस्पेक्टर बारादरी धनंजय पांडेय ने बताया कि किशोरी को रिया नाम की महिला वाराणसी से बरेली लाकर कैंट थाना क्षेत्र की बबली खान के हाथों बेच दिया था। बबली और उसके पति खलील ने उसे कई दिन चनेहटी में ही एक मस्जिद के पास रखा और बाद में देह व्यापार कराने लगे। रिया की गिरफ्तारी के बाद कई परतें खुल सकती हैं। यह देह व्यापार रैकेट के साथ-साथ मानव तस्करी का मामला भी है। सोमवार को पुलिस टीम रिया की तलाश में वाराणसी जाएगी। रिया और बबली खान के कनेक्शन की भी पड़ताल की जा रही है।
संबंधित खबर- UP News: दर्द से कराहती थी तो दवा देकर देह व्यापार कराते थे आरोपी, बरेली में बेची गई किशोरी की आपबीती
आरोपियों को भेजा गया जेल
उन्होंने बताया कि रविवार को कैंट थाना क्षेत्र के चनेहटी निवासी बबली खान, फरीदपुर थाना क्षेत्र के कुइया खेड़ा निवासी विनोद यादव, बिजनौर के कल्लू वाला निवासी जसलीन कौर और नेपाली महिला दुर्गावती को न्यायिक मजिस्ट्रेट के समक्ष पेश किया गया। वहां से आरोपियों को जेल भेज दिया गया है। तीन अन्य आरोपियों चनेहटी निवासी खलील, बारादरी थाना क्षेत्र के सुरेश शर्मा नगर निवासी विनय की तलाश में दबिश दी जा रही हैं। मौके से भागने वाले होटल मालिक की भी तलाश की जा रही है।
पुलिस ने सात आरोपियों के खिलाफ दर्ज की थी रिपोर्ट
रिया नाम की युवती ने वाराणसी की 15 वर्षीय किशोरी को बरेली निवासी बबली खान के हाथों बेच दिया था। यहां सेटेलाइट चौराहे के पास लिटिल क्राउन होटल में किशोरी से जबरन देह व्यापार कराया जा रहा था। 14 मार्च को पीड़िता किसी तरह यहां से बचकर भागी और पुलिस के पास पहुंची। इसके बाद पुलिस ने होटल में छापा मारकर तीन महिलाओं समेत चार आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। इनमें एक नेपाली युवती भी शामिल है। बारादरी थाने में सात आरोपियों के खिलाफ रिपोर्ट कराई गई थी।
कई होटलों में चल रहा गंदा धंधा
शहर के सेटेलाइट बस अड्डे के आसपास और पीलीभीत रोड के कई होटल अघोषित रूप से देह व्यापार रैकेट संचालकों के साझीदार बने हुए हैं। वाराणसी की किशोरी को बेचने और देह व्यापार के आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद ये सच्चाई सामने आई है। अब चिह्नित होटलों के मालिक व मैनेजर भाग गए हैं। पुलिस उनकी तलाश कर रही है।
घंटों के हिसाब से दिया जाता है कमरा
अधिकारियों ने आरोपियों से पूछताछ की तो पता लगा कि सेटेलाइट का होटल मूडी मून, लिटिल क्राउन, पीलीभीत बाइपास का ग्रीन एप्पल होटल व मामा-भांजा रेस्टोरेंट समेत कई अन्य होटल वालों से रैकेट संचालकों की मिलीभगत है। चिह्नित होटलों में गिरोह के लोग बेरोकटोक तरीके से आवागमन करते हैं। यहां घंटों के हिसाब से कमरा मिल जाता है। नाबालिगों के कागजात भी गंभीरता से चेक नहीं किए जाते हैं।
वाराणसी निवासी किशोरी को फर्जी आधार कार्ड से बालिग बनाकर पेश किया गया और होटल प्रबंधन ने जांच की जरूरत नहीं समझी। सीओ तृतीय ने बताया कि असली आधार कार्ड में पीड़िता की जन्मतिथि 2011 है, जबकि धंधेबाजों ने उसकी जन्मतिथि 2007 दर्शाकर फर्जी आधार कार्ड बनवा लिया था। होटल लिटिल क्राउन के संचालक भाग गए हैं। अन्य चिह्नित होटलों के संचालकों की भी तलाश की जा रही है।