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Basti News: न्यायालय के आदेश पर 12 लोगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज
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रुधौली। थाना क्षेत्र स्थित डडवा कला गांव में जमीन पर कब्जे को लेकर हुए विवाद मामले में न्यायालय के आदेश पर पुलिस ने 12 लोगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की है।
डडवा कला गांव निवासी पीड़िता इंद्रावती ने न्यायालय में प्रार्थना पत्र देकर कहा कि दो जून की सुबह लगभग आठ बजे पड़ोस के ही रामदेव और हरिहर प्रसाद अपने परिजनों के साथ लाठी-डंडा, ईंट, कुदाल और कुल्हाड़ी से लैस होकर उनके घर के सामने स्थित जमीन पर जबरन ईंट गिराने लगे।
पीड़िता द्वारा विरोध करने पर आरोपियों ने गाली-गलौज करते हुए हमला कर दिया। पीड़िता को बचाने आए उनके ससुर संतोषी, देवर बाबूलाल, देवरानी कुसुम और बेटे सुजीत के साथ भी लाठी-डंडों से मारपीट की गई। जान बचाने के लिए जब पीड़ित परिवार घर के अंदर भागा तो आरोपी घर में घुस आए और सभी को पीट-पीटकर घायल कर दिया। आरोप है कि इस दौरान घर में रखी कुर्सी तोड़ी गई और सरसों व गेहूं की बोरियां भी फाड़ दी गईं।
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पीड़िता का आरोप है कि घटना के बाद पुलिस ने उनकी सुनवाई नहीं की जबकि दूसरे पक्ष ने पहले ही उनके परिवार पर एफआईआर दर्ज करवा दी थी। थाने से सुनवाई न होने पर पीड़िता ने न्यायालय पहुंचा जहां कोर्ट के निर्देश पर रुधौली थाने में रामदेव, हरिहर प्रसाद, संजय, सोनमती, खुशबू, निर्मला, सचिन, अंगद, पंकज, परबिन्दु, शांतीदेवी, सुमन के खिलाफ जानलेवा हमले और बलवे की प्राथमिकी दर्ज की गई।
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डडवा कला गांव निवासी पीड़िता इंद्रावती ने न्यायालय में प्रार्थना पत्र देकर कहा कि दो जून की सुबह लगभग आठ बजे पड़ोस के ही रामदेव और हरिहर प्रसाद अपने परिजनों के साथ लाठी-डंडा, ईंट, कुदाल और कुल्हाड़ी से लैस होकर उनके घर के सामने स्थित जमीन पर जबरन ईंट गिराने लगे।
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पीड़िता द्वारा विरोध करने पर आरोपियों ने गाली-गलौज करते हुए हमला कर दिया। पीड़िता को बचाने आए उनके ससुर संतोषी, देवर बाबूलाल, देवरानी कुसुम और बेटे सुजीत के साथ भी लाठी-डंडों से मारपीट की गई। जान बचाने के लिए जब पीड़ित परिवार घर के अंदर भागा तो आरोपी घर में घुस आए और सभी को पीट-पीटकर घायल कर दिया। आरोप है कि इस दौरान घर में रखी कुर्सी तोड़ी गई और सरसों व गेहूं की बोरियां भी फाड़ दी गईं।
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पीड़िता का आरोप है कि घटना के बाद पुलिस ने उनकी सुनवाई नहीं की जबकि दूसरे पक्ष ने पहले ही उनके परिवार पर एफआईआर दर्ज करवा दी थी। थाने से सुनवाई न होने पर पीड़िता ने न्यायालय पहुंचा जहां कोर्ट के निर्देश पर रुधौली थाने में रामदेव, हरिहर प्रसाद, संजय, सोनमती, खुशबू, निर्मला, सचिन, अंगद, पंकज, परबिन्दु, शांतीदेवी, सुमन के खिलाफ जानलेवा हमले और बलवे की प्राथमिकी दर्ज की गई।