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भाड़े के पहलवानों से अखिलेश को नहीं मिलेगी सत्ता : डॉ. संजय
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अतिथि गृह ज्ञानपुर में प्रेसवार्ता करते कैबिनेट मंत्री संजय निषाद। संवाद
- फोटो : samvad
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भदोही (ज्ञानपुर)। सूबे के कैबिनेट मंत्री डॉ. संजय निषाद ने कहा कि भाड़े के पहलवानों से सपा प्रमुख अखिलेश यादव को सत्ता नहीं मिलेगी। प्रदेश की जनता उन्हें नकार चुकी है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में गांव-शहर सभी का विकास हो रहा है। साल 2027 में पूर्ण बहुमत से एक बार फिर भाजपा गठबंधन की सरकार बनेगी। वह सोमवार को राजकीय गेस्ट हाउस में पत्रकारों से बातचीत कर रहे थे। वे भदोही में कार्यकर्ता सम्मेलन में शामिल होने के लिए आए थे।
उन्होंने कहा कि मुलायम सिंह यादव अखाड़े के पहलवान बनाते थे लेकिन अखिलेश यादव भाड़े के पहलवान से अखाड़ा जीतना चाहते हैं। भाड़े के पहलवान से अखाड़ा नहीं जीता जाता है। सपा प्रमुख अखिलेश यादव द्वारा डिप्टी सीएम को मुख्यमंत्री बनाने के ऑफर पर कैबिनेट मंत्री ने जवाब दिया। कहा कि सपा पिछड़ों की राजनीति करती है लेकिन पिछड़ों का कभी भला नहीं किया। निषाद को अनुसूचित जाति में करने की बात की, लेकिन ओबीसी में डाल दिया। अगर पिछड़ों की राजनीति करना है तो पिछड़ों का साथ देना होगा। आगामी चुनाव में पीडीए का सूपड़ा साफ हो जाएगा। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मस्त्य विभाग को उम्मीद से अधिक दिया। भाजपा से अधिक कार्य निषाद पार्टी के विधायकों के क्षेत्र में हुआ है। ज्ञानपुर विधानसभा उसकी नजीर है।
शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद के खिलाफ हुई कार्रवाई के सवाल पर कहा कि वह पूज्यनीय हैं। कानून अपना काम करेगा, किसी के साथ कोई गलत नहीं होगा। इसके पूर्व गेस्ट हाउस में विभागीय योजनाओं की समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि सरकार की योजनाओं का लाभ पात्र लाभार्थियों तक समयबद्ध तरीके से पहुंचाया जाए। इस मौके पर ज्ञानपुर विधायक विपुल दूबे, डीएम शैलेष कुमार, एसपी अभिमन्यु मांगलिक, एसडीएम शिव प्रकाश यादव, तहसीलदार अजय सिंह, राकेश तिवारी पप्पू, भरतराज सिंह आदि रहे।
रात में दो नेताओं में हाथापाई
कैबिनेट मंत्री डॉ. संजय कुमार निषाद रविवार की रात में गेस्ट हाउस पहुंचे। उनके आने की सूचना पर बड़ी संख्या में नेता एवं उनके समर्थक पहुंच गए। रात करीब नौ बजे पहले मिलने के चक्कर में दो नेताओं के बीच विवाद हो गया। मामला इतना बढ़ गया कि हाथापाई तक हो गई। इससे गेस्ट हाउस में कुछ समय के लिए माहौल तनावपूर्ण हो गया। दोनों नेता एक-दूसरे पर आरोप लगाते हुए अपनी बात पर अड़े रहे। सोमवार को पुलिस अफसरों की मौजूदगी में करीब दो घंटे चली पंचायत के बाद मामला सुलझ सका।
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उन्होंने कहा कि मुलायम सिंह यादव अखाड़े के पहलवान बनाते थे लेकिन अखिलेश यादव भाड़े के पहलवान से अखाड़ा जीतना चाहते हैं। भाड़े के पहलवान से अखाड़ा नहीं जीता जाता है। सपा प्रमुख अखिलेश यादव द्वारा डिप्टी सीएम को मुख्यमंत्री बनाने के ऑफर पर कैबिनेट मंत्री ने जवाब दिया। कहा कि सपा पिछड़ों की राजनीति करती है लेकिन पिछड़ों का कभी भला नहीं किया। निषाद को अनुसूचित जाति में करने की बात की, लेकिन ओबीसी में डाल दिया। अगर पिछड़ों की राजनीति करना है तो पिछड़ों का साथ देना होगा। आगामी चुनाव में पीडीए का सूपड़ा साफ हो जाएगा। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मस्त्य विभाग को उम्मीद से अधिक दिया। भाजपा से अधिक कार्य निषाद पार्टी के विधायकों के क्षेत्र में हुआ है। ज्ञानपुर विधानसभा उसकी नजीर है।
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शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद के खिलाफ हुई कार्रवाई के सवाल पर कहा कि वह पूज्यनीय हैं। कानून अपना काम करेगा, किसी के साथ कोई गलत नहीं होगा। इसके पूर्व गेस्ट हाउस में विभागीय योजनाओं की समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि सरकार की योजनाओं का लाभ पात्र लाभार्थियों तक समयबद्ध तरीके से पहुंचाया जाए। इस मौके पर ज्ञानपुर विधायक विपुल दूबे, डीएम शैलेष कुमार, एसपी अभिमन्यु मांगलिक, एसडीएम शिव प्रकाश यादव, तहसीलदार अजय सिंह, राकेश तिवारी पप्पू, भरतराज सिंह आदि रहे।
रात में दो नेताओं में हाथापाई
कैबिनेट मंत्री डॉ. संजय कुमार निषाद रविवार की रात में गेस्ट हाउस पहुंचे। उनके आने की सूचना पर बड़ी संख्या में नेता एवं उनके समर्थक पहुंच गए। रात करीब नौ बजे पहले मिलने के चक्कर में दो नेताओं के बीच विवाद हो गया। मामला इतना बढ़ गया कि हाथापाई तक हो गई। इससे गेस्ट हाउस में कुछ समय के लिए माहौल तनावपूर्ण हो गया। दोनों नेता एक-दूसरे पर आरोप लगाते हुए अपनी बात पर अड़े रहे। सोमवार को पुलिस अफसरों की मौजूदगी में करीब दो घंटे चली पंचायत के बाद मामला सुलझ सका।
