{"_id":"6a3adfe1bd5816686b038300","slug":"district-hospital-selected-as-model-facility-facilities-to-be-modernized-bhadohi-news-c-191-1-gyn1003-144849-2026-06-24","type":"story","status":"publish","title_hn":"Bhadohi News: मॉडल फैसिलिटी के रूप में चयनित हुआ जिला अस्पताल, आधुनिक होंगी सुविधाएं","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Bhadohi News: मॉडल फैसिलिटी के रूप में चयनित हुआ जिला अस्पताल, आधुनिक होंगी सुविधाएं
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विज्ञापन
ज्ञानपुर। महाराजा चेतसिंह जिला अस्पताल का चयन मॉडल फैसिलिटी अस्पताल के लिए हुआ है। आयुष्मान भारत डिजिटल मिशन के तहत चयनित जिला अस्पताल में मरीजों का आभा आधारित पंजीकरण किया जाएगा। जिसके आधार पर अस्पताल पहुंचने वाले मरीज को डिजिटल हेल्थ कार्ड बनेगा। इस हेल्थ कार्ड से मरीज देश के किसी भी अस्पताल में पेपरलेस उपचार करा सकेगा। आभा आईडी से उसके उपचार संबंधी सारे रिकार्ड ऑनलाइन हो जाएंगे। मॉडल फैसिलिटी के रूप में चयनित होने के बाद अस्पताल को शासन से कुशल ऑपरेटर मिलने की संभावना है।
महाराजा चेतसिंह जिला अस्पताल जिले के सबसे बड़े अस्पतालों में शामिल हैं। यहां हर दिन कम से कम 800 से 900 मरीजों की ओपीडी होती है। इसके अलावा इमरजेंसी भी कम से कम 90 से 100 मरीजों का उपचार होता है। जिला अस्पताल पूरी तरह से डिजिटल हो गया है। अब अस्पताल में बढ़ी सुविधाओं के आधार पर ही जिले का चयन मॉडल फैसिलिटी के रूप में चयन हुआ है।
आयुष्मान भारत डिजिटल मिशन के तहत के तहत प्रदेश के सभी 75 जिले में एक-एक मॉडल फैसिलिटी अस्पतालों का चयन किया गया है। जिला अस्पताल के चयन के बाद यहां सुविधाओं का विस्तार भी किया जाएगा। सीएमएस डॉ. अजय तिवारी के अनुसार मॉडल फैसिलिटी का सीधा मतलब डिजिटलीकरण से है। बताया कि यह डिजिटल हेल्थ कार्ड एक ऐसा हेल्थ कार्ड होगा। जिसमें किसी भी व्यक्ति की बीमारी संबंधी सारी रिपोर्ट रहेगी। अगर देश के किसी भी अस्पताल में उपचार कराने पहुंचता है तो उसके पूर्व के जांच, रिपोर्ट के साथ बीमारियों के बारे में संबंधित आईडी के माध्यम से जानकारी ऑनलाइन ही मिल जाएगी। जिससे मरीज के उपचार में सहूलियत होगी। बताया कि अब मॉडल फैसिलिटी के रूप में चयन होने के बाद शासन स्तर से कुछ कुशल आपरेटर मिल सकते हैं। जिसके आधार पर पंजीकरण व डिजिटल हेल्थ कार्ड की प्रक्रिया में और तेजी आएगी।
विज्ञापन
महाराजा चेतसिंह जिला अस्पताल जिले के सबसे बड़े अस्पतालों में शामिल हैं। यहां हर दिन कम से कम 800 से 900 मरीजों की ओपीडी होती है। इसके अलावा इमरजेंसी भी कम से कम 90 से 100 मरीजों का उपचार होता है। जिला अस्पताल पूरी तरह से डिजिटल हो गया है। अब अस्पताल में बढ़ी सुविधाओं के आधार पर ही जिले का चयन मॉडल फैसिलिटी के रूप में चयन हुआ है।
विज्ञापन
विज्ञापन
आयुष्मान भारत डिजिटल मिशन के तहत के तहत प्रदेश के सभी 75 जिले में एक-एक मॉडल फैसिलिटी अस्पतालों का चयन किया गया है। जिला अस्पताल के चयन के बाद यहां सुविधाओं का विस्तार भी किया जाएगा। सीएमएस डॉ. अजय तिवारी के अनुसार मॉडल फैसिलिटी का सीधा मतलब डिजिटलीकरण से है। बताया कि यह डिजिटल हेल्थ कार्ड एक ऐसा हेल्थ कार्ड होगा। जिसमें किसी भी व्यक्ति की बीमारी संबंधी सारी रिपोर्ट रहेगी। अगर देश के किसी भी अस्पताल में उपचार कराने पहुंचता है तो उसके पूर्व के जांच, रिपोर्ट के साथ बीमारियों के बारे में संबंधित आईडी के माध्यम से जानकारी ऑनलाइन ही मिल जाएगी। जिससे मरीज के उपचार में सहूलियत होगी। बताया कि अब मॉडल फैसिलिटी के रूप में चयन होने के बाद शासन स्तर से कुछ कुशल आपरेटर मिल सकते हैं। जिसके आधार पर पंजीकरण व डिजिटल हेल्थ कार्ड की प्रक्रिया में और तेजी आएगी।