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Bijnor News: जिस बंदूक से करनी थी हिफाजत उसी से ली पत्नी की जान
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नजीबाबाद -मीनू देवी(फाइल फोटो)
- फोटो : 1
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- बंदूक के दम पर ही गार्ड की नौकरी किया करता था आरोपी
संवाद न्यूज एजेंसी
नजीबाबाद/मंडावली (बिजनौर)। जिस बंदूक से हिफाजत करनी थी, उसी से पत्नी की जान ले ली। दरअसल आरोपी ने साल 1995 में लाइसेंस लिया था, जिसके जरिए तमाम जगहों पर गार्ड की नौकरी भी की। अब लाइसेंसी बंदूक से अपना ही घर उजाड़ लिया।
मुस्सेपुर के ग्रामीण उस वक्त हैरत में पड़ गए जब उन्हें पता चला कि पुष्पेंद्र कुमार ने अपनी ही लाइसेंसी बंदूक से पत्नी मीनू देवी को मौत की नींद सुला दिया। मीनू देवी पुष्पेंद्र की दूसरी पत्नी थी। पहली पत्नी की मौत के बाद करीब दो दशक पूर्व पुष्पेंद्र ने मीनू से शादी की थी। मीनू के एक पुत्र था।
पुष्पेंद्र कुमार की पत्नी नवंबर माह में अचानक लापता हो गई थी। मंडावली थाने में गुमशुदगी दर्ज की है। उसकी पहली पत्नी की मृत्यु बीमारी के चलते 2004 में हुई थी।
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पुष्पेंद्र कुमार ने अपनी डबल बैरल 12 बोर बंदूक का 1995 में लाइसेंस लिया था। कुछ समय पूर्व उसने स्टोन क्रशर पर गार्ड की नौकरी की। पुष्पेंद्र की पत्नी मीनू 24 वर्षीय पुत्र सोनू अपनी पत्नी जिया के साथ घर पर ही रहता है।
बताया जाता है मीनू देवी रविवार को घर पहुंचने से पहले मंडावली थाने पहुंची और अपनी गुमशुदा की दर्ज होने की जानकारी की। वह हरिद्वार में एक कंपनी में काम कर रही थी। उसके बाद वह इस्सेपुर अपने घर पहुंची। मीनू देवी के पिता मंडय्यो मंडावर निवासी राम सिंह भी उसके आने की सूचना पर कल ही गांव पहुंचे थे।
चर्चा है कि मीनू देवी के आने के बाद से ही पति-पत्नी में में विवाद चल रहा था। सोमवार को मीनू दोबारा हरिद्वार वापस जाने की सिद्ध पर अड़ी थी इसी बीच पुष्पेंद्र कुमार ने अपनी लाइसेंसी बंदूक से उसके पेट में दो गोलियां दाग दीं। घटनास्थल पर ही मीनू देवी की मौत हो गई। ग्रामीणों का कहना है कि घटना के बाद पुष्पेंद्र कुमार घटनास्थल पर ही मौजूद रहा। थाना प्रभारी राकेश कुमार ने पुष्पेंद्र कुमार गिरफ्तार कर लिया। पहली पत्नी से पुष्पेंद्र कुमार के दो पुत्रियों सहित चार बच्चे हैं।
संवाद न्यूज एजेंसी
नजीबाबाद/मंडावली (बिजनौर)। जिस बंदूक से हिफाजत करनी थी, उसी से पत्नी की जान ले ली। दरअसल आरोपी ने साल 1995 में लाइसेंस लिया था, जिसके जरिए तमाम जगहों पर गार्ड की नौकरी भी की। अब लाइसेंसी बंदूक से अपना ही घर उजाड़ लिया।
मुस्सेपुर के ग्रामीण उस वक्त हैरत में पड़ गए जब उन्हें पता चला कि पुष्पेंद्र कुमार ने अपनी ही लाइसेंसी बंदूक से पत्नी मीनू देवी को मौत की नींद सुला दिया। मीनू देवी पुष्पेंद्र की दूसरी पत्नी थी। पहली पत्नी की मौत के बाद करीब दो दशक पूर्व पुष्पेंद्र ने मीनू से शादी की थी। मीनू के एक पुत्र था।
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पुष्पेंद्र कुमार की पत्नी नवंबर माह में अचानक लापता हो गई थी। मंडावली थाने में गुमशुदगी दर्ज की है। उसकी पहली पत्नी की मृत्यु बीमारी के चलते 2004 में हुई थी।
पुष्पेंद्र कुमार ने अपनी डबल बैरल 12 बोर बंदूक का 1995 में लाइसेंस लिया था। कुछ समय पूर्व उसने स्टोन क्रशर पर गार्ड की नौकरी की। पुष्पेंद्र की पत्नी मीनू 24 वर्षीय पुत्र सोनू अपनी पत्नी जिया के साथ घर पर ही रहता है।
बताया जाता है मीनू देवी रविवार को घर पहुंचने से पहले मंडावली थाने पहुंची और अपनी गुमशुदा की दर्ज होने की जानकारी की। वह हरिद्वार में एक कंपनी में काम कर रही थी। उसके बाद वह इस्सेपुर अपने घर पहुंची। मीनू देवी के पिता मंडय्यो मंडावर निवासी राम सिंह भी उसके आने की सूचना पर कल ही गांव पहुंचे थे।
चर्चा है कि मीनू देवी के आने के बाद से ही पति-पत्नी में में विवाद चल रहा था। सोमवार को मीनू दोबारा हरिद्वार वापस जाने की सिद्ध पर अड़ी थी इसी बीच पुष्पेंद्र कुमार ने अपनी लाइसेंसी बंदूक से उसके पेट में दो गोलियां दाग दीं। घटनास्थल पर ही मीनू देवी की मौत हो गई। ग्रामीणों का कहना है कि घटना के बाद पुष्पेंद्र कुमार घटनास्थल पर ही मौजूद रहा। थाना प्रभारी राकेश कुमार ने पुष्पेंद्र कुमार गिरफ्तार कर लिया। पहली पत्नी से पुष्पेंद्र कुमार के दो पुत्रियों सहित चार बच्चे हैं।

नजीबाबाद -मीनू देवी(फाइल फोटो)- फोटो : 1