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Chandauli News: पट्टा टूटने से केबल का बंडल मजदूर पर गिरा, मौत
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थाना क्षेत्र के भिट्टी के समीप एनएच 19 के किनारे स्थित कृत्रिम मानव अंग निर्माण कंपनी के परिसर में सोमवार को एक दर्दनाक हादसा हो गया। यहां जेसीबी मशीन से लगभग तीन टन वजनी केबल/तार का भारी-भरकम बंडल उठाने के दौरान पट्टा टूट गया। इस दौरान केबल का बंडल नाटी गांव निवासी अशोक कुमार रजक के ऊपर गिर गया। जिससे मौके पर ही उनकी मौत हो गई। घटना से आक्रोशित स्थानीय ग्रामीणों और परिजनों ने कंपनी परिसर में जमकर तोड़फोड़ की और एनएच 19 को पूरी तरह जाम कर दिया। आक्रोशित लोग ठेकेदार और प्रबंधन के खिलाफ सख्त कार्रवाई तथा उचित मुआवजे की मांग कर रहे थे।
मृतक के बेटे सूरज कुमार और ग्रामीण पप्पू कुमार ने बताया कि कंपनी में सुरक्षा के कोई इंतजाम नहीं हैं। मजदूरों को न तो हेलमेट दिया जाता है और ना ही कोई अन्य सेफ्टी गियर। इसके अलावा, जिस वजन को क्रेन या हाइड्रा से उठाया जाना चाहिए था, उसे लापरवाही पूर्वक कमजोर पट्टे के सहारे जेसीबी से उठाया जा रहा था, जिससे यह हादसा हुआ। ग्रामीणों का आरोप है कि यहां मजदूरों से बिना सुरक्षा मानकों के 12-12 घंटे काम लिया जाता है। सड़क जाम और हंगामे की सूचना मिलते ही मोहनिया व कुदरा थाने की पुलिस और सर्किल इंस्पेक्टर दलबल के साथ मौके पर पहुंचे। इसके साथ ही मोहनिया प्रखंड विकास पदाधिकारी मानेंद्र कुमार सिंह भी घटनास्थल पर पहुंच गए। अधिकारियों ने आक्रोशित लोगों को समझा-बुझाकर शांत कराने का प्रयास किया। मोहनिया बीडीओ मानेंद्र कुमार सिंह ने बताया कि कंपनी में कृत्रिम अंग निर्माण के लिए स्ट्रक्चर तैयार किया जा रहा था, जहां यह हादसा हुआ। परिजन ठेकेदार से मुआवजे की मांग को लेकर अड़े हैं और शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजने से रोक रहे हैं। पुलिस और प्रशासन मामले को शांत कराने और परिजनों को उचित प्रक्रिया के तहत मदद दिलाने में जुटे हैं।
मृतक के बेटे सूरज कुमार और ग्रामीण पप्पू कुमार ने बताया कि कंपनी में सुरक्षा के कोई इंतजाम नहीं हैं। मजदूरों को न तो हेलमेट दिया जाता है और ना ही कोई अन्य सेफ्टी गियर। इसके अलावा, जिस वजन को क्रेन या हाइड्रा से उठाया जाना चाहिए था, उसे लापरवाही पूर्वक कमजोर पट्टे के सहारे जेसीबी से उठाया जा रहा था, जिससे यह हादसा हुआ। ग्रामीणों का आरोप है कि यहां मजदूरों से बिना सुरक्षा मानकों के 12-12 घंटे काम लिया जाता है। सड़क जाम और हंगामे की सूचना मिलते ही मोहनिया व कुदरा थाने की पुलिस और सर्किल इंस्पेक्टर दलबल के साथ मौके पर पहुंचे। इसके साथ ही मोहनिया प्रखंड विकास पदाधिकारी मानेंद्र कुमार सिंह भी घटनास्थल पर पहुंच गए। अधिकारियों ने आक्रोशित लोगों को समझा-बुझाकर शांत कराने का प्रयास किया। मोहनिया बीडीओ मानेंद्र कुमार सिंह ने बताया कि कंपनी में कृत्रिम अंग निर्माण के लिए स्ट्रक्चर तैयार किया जा रहा था, जहां यह हादसा हुआ। परिजन ठेकेदार से मुआवजे की मांग को लेकर अड़े हैं और शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजने से रोक रहे हैं। पुलिस और प्रशासन मामले को शांत कराने और परिजनों को उचित प्रक्रिया के तहत मदद दिलाने में जुटे हैं।
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