सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Chitrakoot News ›   Accused in theft case granted bail

Chitrakoot News: चोरी के आरोपी को मिली जमानत

संवाद न्यूज एजेंसी, चित्रकूट Updated Wed, 24 Jun 2026 12:47 AM IST
विज्ञापन
Accused in theft case granted bail
विज्ञापन
चित्रकूट। मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट राजेंद्र कुमार भारती ने चोरी के मामले में मुहम्मद नूह को 20,000 रुपये के व्यक्तिगत बंधपत्र पर जमानत दे दी है। भरतकूप थाना क्षेत्र में आरोपी मुहम्मद नूह के खिलाफ चोरी के मामले प्राथमिकी दर्ज की गई थी। इस मामले में आरोपी बीस जून से जेल में बंद है। आरोपी के अधिवक्ता ने कोर्ट में जमानत अर्जी डाली थी। सुनवाई में बचाव पक्ष के अधिवक्ता ने उन्हें निर्दोष बताते हुए झूठा फंसाने का तर्क दिया। अभियोजन अधिकारी ने आरोपी के आपराधिक इतिहास की जानकारी मांगी थी। न्यायालय ने पाया कि आरोपित अपराध सात वर्ष से कम के कारावास से दंडनीय है। इस मामले के तथ्यों और परिस्थितियों के आधार पर जमानत का पर्याप्त आधार मिला। मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट राजेंद्र प्रसाद भारती ने जमानत स्वीकार कर ली। (संवाद)

------------
बिजलीकर्मी की मौत मामले के आरोपी पप्पू कुशवाहा को जमानत
चित्रकूट। न्यायिक मजिस्ट्रेट-प्रथम सृष्टि शुक्ला की अदालत ने पप्पू उर्फ मिथिलेश कुशवाहा को जमानत दे दी है। उन्हें एक बिजलीकर्मी की मौत के मामले में आरोपी बनाया गया था। अदालत ने 20 हजार रुपये के व्यक्तिगत बंधपत्र और इतनी ही राशि की एक जमानत पर रिहा करने का आदेश दिया।
विज्ञापन
विज्ञापन

वर्ष 2025 में रैपुरा थाना क्षेत्र के भौंरी गांव में बिजली विभाग का शिविर लगा था। वरिष्ठ लाइनमैन राम चरण ने पप्पू और उनके सहयोगी खजांची को बुशिहार में केबल बदलने भेजा। शटडाउन की सूचना मिलने पर दोनों खंभों पर चढ़कर काम करने लगे। कुछ देर बाद खजांची खंभे से गिर गए और गंभीर रूप से घायल हो गए, जिन्हें अस्पताल ले जाने पर मृत घोषित कर दिया गया।
विज्ञापन

इस मामले में पप्पू कुशवाहा के खिलाफ रैपुरा थाने में प्राथमिकी दर्ज कराई गई थी। इस मामले में आरोपी ने न्यायालय में आत्म समर्पण किया ओर जमानत अर्जी डाली थी। कोर्ट में सुनवाई के दौरान बचाव पक्ष ने आरोपी पप्पू कुशवाहा को निर्दोष बताया। कहा कि उसने कोई लापरवाही नहीं की। वह विद्युत विभाग में संविदा पर लाइनमैन के पद पर कार्यरत हैं। वह अपने वरिष्ठ लाइनमैन के निर्देश पर काम करते हैं। सहायक अभियोजन अधिकारी ने भी अपराध को जमानती बताया। न्यायालय ने मामले के तथ्यों और परिस्थितियों को देखते हुए जमानत का आधार पर्याप्त पाया। (संवाद)
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

एप में पढ़ें

Followed