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Chitrakoot News: ग्राम सचिवालयों में तय दिन पर मिलेंगे लेखपाल
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चित्रकूट। गांवों में ग्रामीणों को एक ही छत के नीचे सरकारी सुविधाएं देने के लिए ग्राम सचिवालयों में लेखपालों की उपस्थिति अनिवार्य की गई थी। बुधवार को इस नई व्यवस्था की शुरुआत हुई, लेकिन पहले ही दिन कई ग्राम सचिवालयों में लेखपाल नहीं मिले। इससे सरकारी कामकाज के लिए पहुंचे ग्रामीणों को मायूस होकर लौटना पड़ा।
बुधवार को संवाद न्यूज एजेंसी ने ग्राम सचिवालयों में लेखपालों की पड़ताल की। ग्राम पंचायत बनाड़ी में सुबह 11.30 बजे तक पंचायत सहायक पंकज कुमार अकेले काम निपटा रहे थे। लेखपाल की कोई जानकारी नहीं मिली। इस दौरान कई ग्रामीण पंचायत भवन पहुंचे। लेखपाल न मिलने से वे मायूस होकर लौट गए। कर्वी माफी पंचायत भवन में भी लेखपाल नहीं पहुंचे। पहाड़ी क्षेत्र के बकटा बुजुर्ग गांव के पंचायत भवन में भी लेखपाल दिनभर अनुपस्थित रहे। वहां केवल पंचायत सहायक ही मौजूद रहे।
ग्रामीण जनता को सुविधाएं देने के लिए जिला प्रशासन ने रोस्टर जारी किया है। सभी लेखपालों को तय रोस्टर के अनुसार उपस्थित होकर जनता की समस्याएं निस्तारित करनी होंगी। जिले की चारों तहसीलों में 328 ग्राम पंचायत भवन संचालित हैं। कर्वी, मानिकपुर, मऊ और राजापुर तहसीलों के लिए सप्ताह के पांच दिन का रोस्टर बनाया गया है। एक लेखपाल के पास कई गांव होने के कारण यह व्यवस्था आवश्यक थी। इस नई व्यवस्था से ग्रामीणों का समय और रुपये दोनों बचेंगे। उन्हें अब खतौनी निकालने जैसे कार्यों के लिए तहसील नहीं जाना पड़ेगा। पंचायत भवनों में पहले से ही जन्म, मृत्यु, वृद्धा, विधवा और दिव्यांग प्रमाण पत्र जैसे कार्य हो रहे थे। लेखपालों की उपस्थिति से जमीन संबंधी सभी समस्याओं का समाधान गांव में ही हो सकेगा।
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लेखपालों के आज का रोस्टर
दो जुलाई को मऊ तहसील के अरवारी नौढिया, उसरी माफी, मनका छतैनी, जमिरा, अतरी मजरा, तिलौली, पूरब पताई, भिटारी, बरियारी खुर्द, चक अलैया, पुरा, बरवार, सुहेल, खजुरिहा खुर्द, लोधौरा बरेठी, घुरेहटा उफरौली, बरिया, तेंदुवा माफी, घुनुवा, बांधी, खंडेहा, देवरा, इटवा के पंचायत भवन में लेखपाल बैठेंगे।
इसी प्रकार कर्वी तहसील में सपहा, मानपुर, कपसेठी, रमयापुर, डिलौरा, सकरौली, बगलई, इटरौरा भीषमपुर, पहाड़ी बुजुर्ग, तौरा, भगवतपुर, चकला गुरूबाबा, बदरी, दुबारी, पतौड़ा, परसौंजा, मैनहाई माफी, बनकट, रेहुटा, कौहारी, करारी, मऊ ब, खुटहा, बरवारा, रसिन, बक्टा बुजुर्ग, बालापुर माफी, पहरा, पाही, बालापुर खालसा, सीतापुर ग्रामीण, बारामाफी, भुइहरी माफी, नांदी में लेखपाल रहेंगे।
मानिकपुर तहसील के खिचरी, मनगवां, निही, रानीपुर कल्यागढ़, छेरिया खुर्द, करका पडारिया, ददरी माफी, ब्यूर, बराह माफी, चर, अगरहुडा, पैकौरा माफी, गौरिया, सेमारिया चरणदासी, गढ़ी कला, हनुवा, अरवारा, धान व राजापुर तहसील में चोरहा, बघवारा, अमान, महुवागांव, रगौली, गनीवा प्रसिदण्पुर, नोनार, चिल्लीमल, भदेदू, तेराखुर्द, पियारिया माफी, कुई, सिरावल माफी, चिल्ली राकस, पटना खालसा, पराको, सगवारा, गौहानी खुर्द, तमौरा, काटी, बसंतपुर, जमहिल, बदका, रामपुर, बरद्वारा, देवारी में बृहस्पतिवार को लेखपाल पंचायत भवन में मौजूद रहेंगे।
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बुधवार को संवाद न्यूज एजेंसी ने ग्राम सचिवालयों में लेखपालों की पड़ताल की। ग्राम पंचायत बनाड़ी में सुबह 11.30 बजे तक पंचायत सहायक पंकज कुमार अकेले काम निपटा रहे थे। लेखपाल की कोई जानकारी नहीं मिली। इस दौरान कई ग्रामीण पंचायत भवन पहुंचे। लेखपाल न मिलने से वे मायूस होकर लौट गए। कर्वी माफी पंचायत भवन में भी लेखपाल नहीं पहुंचे। पहाड़ी क्षेत्र के बकटा बुजुर्ग गांव के पंचायत भवन में भी लेखपाल दिनभर अनुपस्थित रहे। वहां केवल पंचायत सहायक ही मौजूद रहे।
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ग्रामीण जनता को सुविधाएं देने के लिए जिला प्रशासन ने रोस्टर जारी किया है। सभी लेखपालों को तय रोस्टर के अनुसार उपस्थित होकर जनता की समस्याएं निस्तारित करनी होंगी। जिले की चारों तहसीलों में 328 ग्राम पंचायत भवन संचालित हैं। कर्वी, मानिकपुर, मऊ और राजापुर तहसीलों के लिए सप्ताह के पांच दिन का रोस्टर बनाया गया है। एक लेखपाल के पास कई गांव होने के कारण यह व्यवस्था आवश्यक थी। इस नई व्यवस्था से ग्रामीणों का समय और रुपये दोनों बचेंगे। उन्हें अब खतौनी निकालने जैसे कार्यों के लिए तहसील नहीं जाना पड़ेगा। पंचायत भवनों में पहले से ही जन्म, मृत्यु, वृद्धा, विधवा और दिव्यांग प्रमाण पत्र जैसे कार्य हो रहे थे। लेखपालों की उपस्थिति से जमीन संबंधी सभी समस्याओं का समाधान गांव में ही हो सकेगा।
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लेखपालों के आज का रोस्टर
दो जुलाई को मऊ तहसील के अरवारी नौढिया, उसरी माफी, मनका छतैनी, जमिरा, अतरी मजरा, तिलौली, पूरब पताई, भिटारी, बरियारी खुर्द, चक अलैया, पुरा, बरवार, सुहेल, खजुरिहा खुर्द, लोधौरा बरेठी, घुरेहटा उफरौली, बरिया, तेंदुवा माफी, घुनुवा, बांधी, खंडेहा, देवरा, इटवा के पंचायत भवन में लेखपाल बैठेंगे।
इसी प्रकार कर्वी तहसील में सपहा, मानपुर, कपसेठी, रमयापुर, डिलौरा, सकरौली, बगलई, इटरौरा भीषमपुर, पहाड़ी बुजुर्ग, तौरा, भगवतपुर, चकला गुरूबाबा, बदरी, दुबारी, पतौड़ा, परसौंजा, मैनहाई माफी, बनकट, रेहुटा, कौहारी, करारी, मऊ ब, खुटहा, बरवारा, रसिन, बक्टा बुजुर्ग, बालापुर माफी, पहरा, पाही, बालापुर खालसा, सीतापुर ग्रामीण, बारामाफी, भुइहरी माफी, नांदी में लेखपाल रहेंगे।
मानिकपुर तहसील के खिचरी, मनगवां, निही, रानीपुर कल्यागढ़, छेरिया खुर्द, करका पडारिया, ददरी माफी, ब्यूर, बराह माफी, चर, अगरहुडा, पैकौरा माफी, गौरिया, सेमारिया चरणदासी, गढ़ी कला, हनुवा, अरवारा, धान व राजापुर तहसील में चोरहा, बघवारा, अमान, महुवागांव, रगौली, गनीवा प्रसिदण्पुर, नोनार, चिल्लीमल, भदेदू, तेराखुर्द, पियारिया माफी, कुई, सिरावल माफी, चिल्ली राकस, पटना खालसा, पराको, सगवारा, गौहानी खुर्द, तमौरा, काटी, बसंतपुर, जमहिल, बदका, रामपुर, बरद्वारा, देवारी में बृहस्पतिवार को लेखपाल पंचायत भवन में मौजूद रहेंगे।