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Deoria News: तिरंगा यात्रा में शामिल होकर लौटी 60 छात्राओं की तबीयत बिगड़ी
Fri, 14 Aug 2026 01:26 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, देवरिया
संवाद न्यूज एजेंसी, देवरिया
Updated Fri, 14 Aug 2026 01:26 AM IST
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- कस्तूरबा गांधी राजकीय बालिका इंटर काॅलेज की छात्राओं को मेडिकल कॉलेज में कराया गया भर्ती
- तेज धूप और उमस भरी गर्मी की वजह से बीमार हो गई थीं छात्राएं
संवाद न्यूज एजेंसी
देवरिया। तिरंगा यात्रा में शामिल होकर लौटी कस्तूरबा गांधी राजकीय बालिका इंटर कॉलेज की 60 से अधिक छात्राओं की तबीयत बिगड़ गई। बृहस्पतिवार को उमस भरी गर्मी और तेज धूप में करीब दो घंटे रह जाने से छात्राओं को चक्कर आने लगे। कुछ छात्राएं बेहोश भी हो गईं। आनन-फानन में उन्हें मेडिकल कॉलेज ले जाया गया। 34 छात्राओं को भर्ती कर इलाज किया गया जबकि अन्य को प्राथमिक उपचार के बाद हालत में सुधार होने पर घर भेज दिया गया।
बृहस्पतिवार को सुबह करीब 10 बजे शहर के राजकीय इंटर काॅलेज (जीआईसी) से तिरंगा यात्रा निकाली गई। इसके लिए कस्तूरबा गांधी राजकीय बालिका इंटर काॅलेज समेत अन्य विद्यालयों के करीब 2500 बच्चों को जीआईसी में बुलाया गया था। तिरंगा यात्रा के शहर में भ्रमण कर समापन स्थल स्टेडियम तक पहुंचने में करीब दो घंटे का समय लगा। कड़ी धूप और उमस भरी गर्मी के कारण तिरंगा यात्रा में शामिल छात्र-छात्राएं पसीने से तर-ब-तर हो गईं थीं। दोपहर करीब 12 बजे कॉलेज लौटी कस्तूरबा की 60 से अधिक छात्राओं को चक्कर आने लगे। बताया जा रहा है कि कुछ छात्राएं बेहोश होकर गिर पड़ीं। इससे काॅलेज में अफरा-तफरी मच गई।
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प्रधानाचार्य शांति राय कॉलेज की शिक्षकों और कर्मचारियों की मदद से छात्राओं को लेकर मेडिकल कॉलेज पहुंचीं। बड़ी संख्या में छात्राओं के बीमार होने की सूचना पर मेडिकल कॉलेज की प्राचार्य डॉ. रजनी और सीएमएस डॉ. एचके मिश्र भी ट्रामा सेंटर पहुंच गए। इमरजेंसी इंचार्ज डॉ. विजय गुप्ता ने जांच के बाद बताया कि धूप और उमस भरी गर्मी में डिहाइड्रेशन और घबराहट की वजह से छात्राओं की तबीयत बिगड़ गई थी। मनोचिकित्सक डॉ. अंबु पांडेय ने बताया अधिकतर बच्चियां घबराईं हुई थीं, उन्हें थेरेपी दी गई है। सीएमएस डॉ. एचके मिश्र ने बताया कि भर्ती 30 छात्राओं को तबीयत सुधर जाने के बाद शाम तक घर भेज दिया गया, चार छात्राओं का इलाज किया जा रहा है।
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सूचना मिलते ही अस्पताल की तरफ दौड़े अभिभावक
छात्राओं को अस्पताल ले जाने के बाद कॉलेज के शिक्षकों ने अभिभावकों को सूचना दी। छात्राओं के अचानक बीमार होने की सूचना पर अभिभावक भागकर अस्पताल पहुंचे। अपनी बेटियों को सकुशल देखकर उनकी जान में जान आई। शहर के कतरारी की दो बहनें कस्तूरबा इंटर कॉलेज में 11वीं में पढ़ती हैं। एक बहन तिरंगा यात्रा में बीमार हो गई थी। इसकी सूचना दूसरी बहन ने घर पर दी। परेशान हाल उनकी मां अस्पताल पहुंचीं। स्वस्थ होने पर छात्रा को घर भेज दिया गया। शहर के भटवलिया की रहने वाली एक छात्रा भी बीमार हो गई थी। तबीयत सुधरने के बाद वह भी मां के साथ घर गई।
00प्रशासनिक अमला और सदर विधायक पहुंचे मेडिकल कॉलेज
छात्राओं के बीमार होने की जानकारी मिलते ही सीडीओ राजेश कुमार सिंह ने ट्रामा सेंटर पहुंचकर हाल जाना। एसपी अभिजीत आर शंकर ने भी अस्पताल पहुंचकर छात्राओं के स्वास्थ्य के बारे में जानकारी ली। उधर, सदर विधायक शलभ मणि त्रिपाठी भी मेडिकल कॉलेज पहुंचे और छात्राओं की तबीयत के बारे में डॉक्टरों से बातचीत की।
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कोट
तिरंगा यात्रा में करीब चार हजार बच्चे शामिल हुए थे। मौसम उमस भरा था। इसको देखते हुए पानी की पर्याप्त व्यवस्था की गई थी। यात्रा समाप्त होने के बाद बच्चे अपने स्कूल लौट गए थे। बच्चियों के बीमार होने की सूचना पर तत्काल एंबुलेंस भिजवाई गई। बच्चियों को डिहाइड्रेशन हो गया था। अधिकतर बच्चियां स्वस्थ होकर घर लौट गईं। कुछ बच्चियों का इलाज चल रहा है, वे ठीक हैं।
- राजेश कुमार सिंह, सीडीओ
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छात्राओं की बीमारी की सूचना पर प्राचार्य ने फौरन मेडिकल और पैरा मेडिकल स्टॉफ को इमरजेंसी में पहुंचने के निर्देश दिए और खुद भी पहुंच गई थीं। डिहाइड्रेशन की वजह से छात्राओं की तबीयत बिगड़ गई थी। उनका विशेषज्ञ चिकित्सकों की देखरेख में इलाज किया गया। मनोचिकित्सक ने सभी छात्राओं को थेरेपी दी। अधिकतर छात्राओं को स्वस्थ होने पर घर भेज दिया गया।
- डॉ. एचके मिश्र, मुख्य चिकित्सा अधीक्षक, मेडिकल कॉलेज