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Farrukhabad News: भूमि अधिग्रहण ने रोका गंगा एक्सप्रेसवे तक पहुंचने का रास्ता
संवाद न्यूज एजेंसी, फर्रूखाबाद
Updated Thu, 30 Apr 2026 12:28 AM IST
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फर्रुखाबाद। गंगा एक्सप्रेसवे पर बुधवार से वाहन फर्राटे भरने लगे हैं, पर घोषणा के चार साल बाद भी फर्रुखाबाद को इससे जोड़ने वाले लिंक एक्सप्रेसवे के लिए भूमि अधिग्रहण तक का काम अधूरा है। इससे फर्रुखाबाद के लोगों को एक्सप्रेसवे के लिए लंबा इंतजार करना पड़ सकता है। लिंक एक्सप्रेसवे इटावा के कुदरैल के पास आगरा-लखनऊ एक्सप्रेसवे व बुंदेलखंड एक्सप्रेसवे के जंक्शन से शुरू होकर हरदोई की सवायजपुर तहसील के गांव सैदापुर के पास गंगा एक्सप्रेसवे से जुड़ेगा। फर्रुखाबाद के लोगों दिल्ली, प्रयागराज व आगरा और लखनऊ जाना आसान हो सकेगा। इससे व्यापार व पर्यटन को पंख लगने की उम्मीद है।
वर्ष 2022 के विधानसभा चुनाव से पहले मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की जनविश्वास यात्रा के तहत शहर के क्रिश्चियन कॉलेज मैदान में 29 दिसंबर 2021 को जनसभा हुई थी। इसमें मुख्यमंत्री ने फर्रुखाबाद से लिंक एक्सप्रेसवे से जोड़ने की घोषणा की थी। इसके बाद प्रदेश में भाजपा की सरकार बनी और मुख्यमंत्री भी योगी आदित्यनाथ बने। इससे लोगों को उम्मीद जगी कि जल्द ही फर्रुखाबाद के लोगों को लिंक एक्सप्रेसवे का उपहार मिलेगा। पर चार साल बीतने के बाद भी अभी तक भूमि अधिग्रहण का पूरा नहीं हो सका है। इससे फर्रुखाबाद के लोगों को लिंक एक्सप्रेसवे की सुविधा मिलने में समय लगना तय है। इस बीच गंगा एक्सप्रेसवे का बुधवार को हरदोई के मल्लावां में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने उद्घाटन कर दिया है। इससे यहां लोग भाजपा नेताओं को चिढ़ाने के लिए कई तरह के वीडियो वायरल कर रहे हैं।
एडीएम अरुण कुमार सिंह ने बताया कि अन्य पांच जिलों की अपेक्षा अपने यहां बैनामा कराने और भूमि अधिग्रहण की प्रक्रिया काफी तेज है। इसमें और तेजी लाकर जल्द काम शुरू कराने का प्रयास होगा।
150 हेक्टेयर ही भूमि हो सकी है अधिग्रहित
लिंक एक्सप्रेसवे में जनपद में 49.34 किलोमीटर गुजरेगा। यह सदर के 31 और अमृतपुर तहसील क्षेत्र के 13 गांवों से होकर निकलेगा। इससे इन गांवों की 641 हेक्टेयर भूमि अधिग्रहित होनी है। पर अभी दोनों तहसीलों की 150 हेक्टेयर ही भूमि अधिग्रहित हो सकी है। इसमें सदर तहसील की 93 और अमृतपुर तहसील की 57 हेक्टेयर भूमि शामिल है। दोनों तहसीलों में करीब दस हजार किसानों से भूमि के बैनामा कराए जाने हैं। पर अभी तक 550 किसानों से ही बैनामा हो सके हैं।
छह जिलों से गुजरेगा लिंक एक्सप्रेसवे
92 किमी लंबा फर्रुखाबाद से गुजरने वाला लिंक एक्सप्रेसवे छह जिलों को जोड़ेगा। इसमें इटावा, मैनपुरी, कन्नौज, फर्रुखाबाद, शाहजहांपुर और हरदोई शामिल है। लिंक एक्सप्रेसवे जिला इटावा के तहसील ताखा के गांव कुदरैल के पास आगरा-लखनऊ एक्सप्रेसवे व बुंदेलखंड एक्सप्रेसवे के पास से शुरू होकर मैनपुरी, फर्रुखाबाद व शाहजहांपुर जिले से होकर हरदोई की तहसील सवायजपुर के गांव सैदापुर के पास गंगा एक्सप्रेसवे से जोड़ा जाएगा।
पर्यटन को मिलेगा बढ़ावा, व्यापार को लगेंगे पंख
बेहतर कनेक्टिविटी यह लिंक एक्सप्रेसवे गंगा एक्सप्रेसवे, आगरा-लखनऊ एक्सप्रेसवे और बुंदेलखंड एक्सप्रेसवे को आपस में जोड़ेगा। इससे प्रदेश के विभिन्न हिस्सों में यात्रा करने में समय की बचत होगी। एक्सप्रेसवे बनने से कंपिल, बाबा नीबकरोरी धाम, संकिसा व श्रृंगीरामपुर जैसे प्रमुख धार्मिक तीर्थ स्थलों तक पहुंचना आसान होगा। इससे पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा। इसके साथ ही यहां के प्रमुख उत्पाद आलू, जरी-जरदोजी और कपड़ा छपाई को पंख लगने की उम्मीद है। सीधे दिल्ली, लखनऊ और आगरा जैसी बड़ी मंडियों तक माल पहुंचाने में आसानी होगी। इससे समय पर उचित मूल्य मिलने से व्यापारियों व किसानों को लाभ होगा।
गंगा एक्सप्रेसवे शाहजहांपुर व हरदोई जाने की टीस
गंगा फर्रुखाबाद में होने के बाद भी गंगा एक्सप्रेसवे शाहजहांपुर व हरदोई से होकर गुजरने की टीस यहां लोगों के दिलों में हमेशा बनी रहेगी। इसके चलते ही कई तरह के वीडियो दो दिन से सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे हैं। इसमें एक्सप्रेसवे ले गए खन्ना और फर्रुखाबादी चूसे गन्ना काफी लाइक किया जा रहा है। इस पर लोग तरह-तरह के कमेंट भी कर रहे हैं।
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वर्ष 2022 के विधानसभा चुनाव से पहले मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की जनविश्वास यात्रा के तहत शहर के क्रिश्चियन कॉलेज मैदान में 29 दिसंबर 2021 को जनसभा हुई थी। इसमें मुख्यमंत्री ने फर्रुखाबाद से लिंक एक्सप्रेसवे से जोड़ने की घोषणा की थी। इसके बाद प्रदेश में भाजपा की सरकार बनी और मुख्यमंत्री भी योगी आदित्यनाथ बने। इससे लोगों को उम्मीद जगी कि जल्द ही फर्रुखाबाद के लोगों को लिंक एक्सप्रेसवे का उपहार मिलेगा। पर चार साल बीतने के बाद भी अभी तक भूमि अधिग्रहण का पूरा नहीं हो सका है। इससे फर्रुखाबाद के लोगों को लिंक एक्सप्रेसवे की सुविधा मिलने में समय लगना तय है। इस बीच गंगा एक्सप्रेसवे का बुधवार को हरदोई के मल्लावां में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने उद्घाटन कर दिया है। इससे यहां लोग भाजपा नेताओं को चिढ़ाने के लिए कई तरह के वीडियो वायरल कर रहे हैं।
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एडीएम अरुण कुमार सिंह ने बताया कि अन्य पांच जिलों की अपेक्षा अपने यहां बैनामा कराने और भूमि अधिग्रहण की प्रक्रिया काफी तेज है। इसमें और तेजी लाकर जल्द काम शुरू कराने का प्रयास होगा।
150 हेक्टेयर ही भूमि हो सकी है अधिग्रहित
लिंक एक्सप्रेसवे में जनपद में 49.34 किलोमीटर गुजरेगा। यह सदर के 31 और अमृतपुर तहसील क्षेत्र के 13 गांवों से होकर निकलेगा। इससे इन गांवों की 641 हेक्टेयर भूमि अधिग्रहित होनी है। पर अभी दोनों तहसीलों की 150 हेक्टेयर ही भूमि अधिग्रहित हो सकी है। इसमें सदर तहसील की 93 और अमृतपुर तहसील की 57 हेक्टेयर भूमि शामिल है। दोनों तहसीलों में करीब दस हजार किसानों से भूमि के बैनामा कराए जाने हैं। पर अभी तक 550 किसानों से ही बैनामा हो सके हैं।
छह जिलों से गुजरेगा लिंक एक्सप्रेसवे
92 किमी लंबा फर्रुखाबाद से गुजरने वाला लिंक एक्सप्रेसवे छह जिलों को जोड़ेगा। इसमें इटावा, मैनपुरी, कन्नौज, फर्रुखाबाद, शाहजहांपुर और हरदोई शामिल है। लिंक एक्सप्रेसवे जिला इटावा के तहसील ताखा के गांव कुदरैल के पास आगरा-लखनऊ एक्सप्रेसवे व बुंदेलखंड एक्सप्रेसवे के पास से शुरू होकर मैनपुरी, फर्रुखाबाद व शाहजहांपुर जिले से होकर हरदोई की तहसील सवायजपुर के गांव सैदापुर के पास गंगा एक्सप्रेसवे से जोड़ा जाएगा।
पर्यटन को मिलेगा बढ़ावा, व्यापार को लगेंगे पंख
बेहतर कनेक्टिविटी यह लिंक एक्सप्रेसवे गंगा एक्सप्रेसवे, आगरा-लखनऊ एक्सप्रेसवे और बुंदेलखंड एक्सप्रेसवे को आपस में जोड़ेगा। इससे प्रदेश के विभिन्न हिस्सों में यात्रा करने में समय की बचत होगी। एक्सप्रेसवे बनने से कंपिल, बाबा नीबकरोरी धाम, संकिसा व श्रृंगीरामपुर जैसे प्रमुख धार्मिक तीर्थ स्थलों तक पहुंचना आसान होगा। इससे पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा। इसके साथ ही यहां के प्रमुख उत्पाद आलू, जरी-जरदोजी और कपड़ा छपाई को पंख लगने की उम्मीद है। सीधे दिल्ली, लखनऊ और आगरा जैसी बड़ी मंडियों तक माल पहुंचाने में आसानी होगी। इससे समय पर उचित मूल्य मिलने से व्यापारियों व किसानों को लाभ होगा।
गंगा एक्सप्रेसवे शाहजहांपुर व हरदोई जाने की टीस
गंगा फर्रुखाबाद में होने के बाद भी गंगा एक्सप्रेसवे शाहजहांपुर व हरदोई से होकर गुजरने की टीस यहां लोगों के दिलों में हमेशा बनी रहेगी। इसके चलते ही कई तरह के वीडियो दो दिन से सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे हैं। इसमें एक्सप्रेसवे ले गए खन्ना और फर्रुखाबादी चूसे गन्ना काफी लाइक किया जा रहा है। इस पर लोग तरह-तरह के कमेंट भी कर रहे हैं।
