{"_id":"6a455f953a422c832606e054","slug":"lekhpals-did-not-arrive-locks-remained-on-village-secretariats-farrukhabad-news-c-222-1-frk1007-144643-2026-07-02","type":"story","status":"publish","title_hn":"Farrukhabad News: नहीं पहुंचे लेखपाल, ग्राम सचिवालयों में लटके रहे ताले","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Farrukhabad News: नहीं पहुंचे लेखपाल, ग्राम सचिवालयों में लटके रहे ताले
विज्ञापन
फोटो-13 ग्राम पंचायत मौधा के सचिवालय में लगा ताला। संवाद
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
फर्रुखाबाद। ग्राम सचिवालय में आय, जाति, निवास, खतौनी की नकल, वरासत और पैमाइश से जुड़े मुद्दों का समाधान दिलाने के लिए लेखपालों के बैठने का आदेश बुधवार को धरातल पर नहीं उतर सका। कई ग्राम सचिवालय खुले ही नहीं, उनमें ताला पड़ा रहा। पंचायत सहायक भी सचिवालय नहीं पहुंचे। लेखपाल भी नदारद रहे।
जिले में 580 ग्राम पंचायतें हैं, जबकि लेखपाल 189 कार्यरत हैं। लेखपाल के 85 पद रिक्त हैं। वहीं, राजस्व निरीक्षक (कानूनगो) 27 हैं, इनके 12 पद खाली हैं। भोजपुर परगना के एक लेखपाल के पास तीन सर्किल की सात पंचायतें हैं। लेखपाल का कहना है कि फील्ड का भी काम रहता है। तहसील भी जाना पड़ता है। ऐसे में वन स्टॉप सर्विस सेंटर व्यवस्था में लेखपाल की हर पंचायत में उपस्थिति कैसे संभव है।
फोटो-13 ग्राम पंचायत मौधा के सचिवालय में लगा ताला। संवाद
अन्नपूर्णा भवन बना रहे श्रमिक बोले- कोई कर्मचारी नहीं आया
- मोहम्मदाबाद ब्लॉक के ग्राम पंचायत मौधा का ग्राम सचिवालय दोपहर 2:05 बजे बंद था। पास में बन रहे अन्नपूर्णा भवन के श्रमिकों ने कहा कि सुबह से कोई सरकारी कर्मचारी सचिवालय में नहीं आया। सचिवालय रोज नहीं खुलता है।
विज्ञापन
फोटो-14 आदर्श ग्राम पंचायत जहानगंज के सचिवालय में लटका ताला। संवाद
मुख्य गेट खुला, अंदर के कमरे व हॉल बंद
- करीब 2:30 बजे कमालगंज ब्लॉक के जहानगंज में आदर्श पंचायत घर का मुख्य गेट खुला था लेकिन अंदर जाने पर कमरे एवं हॉल में ताला लगा था। ग्रामीण नरेंद्र ने कहा कि न ही पंचायत सहायक हैं और न ही लेखपाल आए हैं।
फोटो-15 कमालगंज क्षेत्र के गांव राजेपुर सरायमेदा में के ग्राम सचिवालय में लटका ताला। संवाद
पोलियो रोधी खुराक पिलाने के लिए मंगलवार को खुला था
- राजेपुर सरायमेदा में दो बजे ग्राम सचिवालय बंद था। मुख्य गेट पर ही ताला लटका था। पास में मौजूद ग्रामीण बोले कि बच्चों को पोलियो रोधी खुराक पिलाने के लिए मंगलवार को पंचायत घर खोला गया था। लेखपाल भी यहां नहीं आईं।
फोटो-16 कमालगंज ब्लाक के भटपुरा स्थित ग्राम सचिवालय में पड़ा ताला। संवाद
प्रधान के भाई बोले- पंचायत सहायक बीमार हैं
- भटपुरा ग्राम पंचायत के ग्राम सचिवालय में बाहर का गेट खुला था। अंदर के दोनों कक्षों में ताला लगा था। बरामदे में बैठे एक व्यक्ति ने अपने को ग्राम प्रधान के पति का भाई बताया। वह बोले कि पंचायत सहायक बीमार हैं, इसलिए वह इन दिनों नहीं आ पा रहीं। कोई लेखपाल भी यहां नहीं आया।
सचिव भी ग्राम सचिवालय में नहीं जाते, निजी सहायक लगाते हैं डोंगल
- ग्राम विकास अधिकारी व ग्राम पंचायत अधिकारी के पास कई-कई ग्राम पंचायतों का प्रभार है। कुछ सचिव कई-कई दिन तक सचिवालय नहीं जाते। इन सचिवों ने अपने निजी सहायकों को डोंगल लगाने के लिए लगा रखा है। सचिवों के नियमित रूप से ग्राम सचिवालय न जाने से पंचायत सहायक भी नहीं पहुंचते और ग्राम सचिवालय नियमित रूप से नहीं खुलते।
ग्रामीणों को तहसील मुख्यालय के लगाने पड़ते चक्कर
शमसाबाद क्षेत्र की ग्राम पंचायत असगरपुर के सचिवालय में मंगलवार को ताला लटका मिला। तैनात लेखपाल अनिल पाल व ज्योत्सना पाल में से कोई भी नहीं पहुंचा। ग्रामीणों को राजस्व संबंधी कार्यों के लिए निराश होकर लौटना पड़ा। इसी तरह राजेपुर विकास खंड के गांव लीलपुर में भी सुबह 11 बजे तक ताला नहीं खुला था। नवाबगंज के गांव वेग में भी दोपहर तक ग्राम पंचायत सचिवालय का ताला नहीं खुला था। ग्रामीणों ने कहा कि सचिवालय में अधिकांश समय ताला ही लगा रहता है। उन्हें आय व जाति आदि प्रमाणपत्र के लिए जनसेवा केंद्र से आवेदन करने के बाद तहसील मुख्यालय के चक्कर लगाने पड़ते हैं।
विज्ञापन
जिले में 580 ग्राम पंचायतें हैं, जबकि लेखपाल 189 कार्यरत हैं। लेखपाल के 85 पद रिक्त हैं। वहीं, राजस्व निरीक्षक (कानूनगो) 27 हैं, इनके 12 पद खाली हैं। भोजपुर परगना के एक लेखपाल के पास तीन सर्किल की सात पंचायतें हैं। लेखपाल का कहना है कि फील्ड का भी काम रहता है। तहसील भी जाना पड़ता है। ऐसे में वन स्टॉप सर्विस सेंटर व्यवस्था में लेखपाल की हर पंचायत में उपस्थिति कैसे संभव है।
विज्ञापन
फोटो-13 ग्राम पंचायत मौधा के सचिवालय में लगा ताला। संवाद
अन्नपूर्णा भवन बना रहे श्रमिक बोले- कोई कर्मचारी नहीं आया
- मोहम्मदाबाद ब्लॉक के ग्राम पंचायत मौधा का ग्राम सचिवालय दोपहर 2:05 बजे बंद था। पास में बन रहे अन्नपूर्णा भवन के श्रमिकों ने कहा कि सुबह से कोई सरकारी कर्मचारी सचिवालय में नहीं आया। सचिवालय रोज नहीं खुलता है।
विज्ञापन
फोटो-14 आदर्श ग्राम पंचायत जहानगंज के सचिवालय में लटका ताला। संवाद
मुख्य गेट खुला, अंदर के कमरे व हॉल बंद
- करीब 2:30 बजे कमालगंज ब्लॉक के जहानगंज में आदर्श पंचायत घर का मुख्य गेट खुला था लेकिन अंदर जाने पर कमरे एवं हॉल में ताला लगा था। ग्रामीण नरेंद्र ने कहा कि न ही पंचायत सहायक हैं और न ही लेखपाल आए हैं।
फोटो-15 कमालगंज क्षेत्र के गांव राजेपुर सरायमेदा में के ग्राम सचिवालय में लटका ताला। संवाद
पोलियो रोधी खुराक पिलाने के लिए मंगलवार को खुला था
- राजेपुर सरायमेदा में दो बजे ग्राम सचिवालय बंद था। मुख्य गेट पर ही ताला लटका था। पास में मौजूद ग्रामीण बोले कि बच्चों को पोलियो रोधी खुराक पिलाने के लिए मंगलवार को पंचायत घर खोला गया था। लेखपाल भी यहां नहीं आईं।
फोटो-16 कमालगंज ब्लाक के भटपुरा स्थित ग्राम सचिवालय में पड़ा ताला। संवाद
प्रधान के भाई बोले- पंचायत सहायक बीमार हैं
- भटपुरा ग्राम पंचायत के ग्राम सचिवालय में बाहर का गेट खुला था। अंदर के दोनों कक्षों में ताला लगा था। बरामदे में बैठे एक व्यक्ति ने अपने को ग्राम प्रधान के पति का भाई बताया। वह बोले कि पंचायत सहायक बीमार हैं, इसलिए वह इन दिनों नहीं आ पा रहीं। कोई लेखपाल भी यहां नहीं आया।
सचिव भी ग्राम सचिवालय में नहीं जाते, निजी सहायक लगाते हैं डोंगल
- ग्राम विकास अधिकारी व ग्राम पंचायत अधिकारी के पास कई-कई ग्राम पंचायतों का प्रभार है। कुछ सचिव कई-कई दिन तक सचिवालय नहीं जाते। इन सचिवों ने अपने निजी सहायकों को डोंगल लगाने के लिए लगा रखा है। सचिवों के नियमित रूप से ग्राम सचिवालय न जाने से पंचायत सहायक भी नहीं पहुंचते और ग्राम सचिवालय नियमित रूप से नहीं खुलते।
ग्रामीणों को तहसील मुख्यालय के लगाने पड़ते चक्कर
शमसाबाद क्षेत्र की ग्राम पंचायत असगरपुर के सचिवालय में मंगलवार को ताला लटका मिला। तैनात लेखपाल अनिल पाल व ज्योत्सना पाल में से कोई भी नहीं पहुंचा। ग्रामीणों को राजस्व संबंधी कार्यों के लिए निराश होकर लौटना पड़ा। इसी तरह राजेपुर विकास खंड के गांव लीलपुर में भी सुबह 11 बजे तक ताला नहीं खुला था। नवाबगंज के गांव वेग में भी दोपहर तक ग्राम पंचायत सचिवालय का ताला नहीं खुला था। ग्रामीणों ने कहा कि सचिवालय में अधिकांश समय ताला ही लगा रहता है। उन्हें आय व जाति आदि प्रमाणपत्र के लिए जनसेवा केंद्र से आवेदन करने के बाद तहसील मुख्यालय के चक्कर लगाने पड़ते हैं।

फोटो-13 ग्राम पंचायत मौधा के सचिवालय में लगा ताला। संवाद

फोटो-13 ग्राम पंचायत मौधा के सचिवालय में लगा ताला। संवाद

फोटो-13 ग्राम पंचायत मौधा के सचिवालय में लगा ताला। संवाद