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Gonda News: शासन ने मंडलायुक्त को सौंपी पत्रकार मामले की जांच
संवाद न्यूज एजेंसी, गोंडा
Updated Fri, 17 Apr 2026 01:02 AM IST
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गोंडा। हाईटेंशन लाइन टूटकर गिरने से 10 अप्रैल को पत्रकार रंजीत तिवारी की मौत के मामले की जांच शासन ने देवीपाटन मंडल के आयुक्त को सौंपी है। रंजीत की पत्नी पूजा तिवारी के प्रार्थना पत्र पर अपर मुख्य सचिव मुख्यमंत्री संजय प्रसाद ने प्रकरण की जांच कर उचित कार्रवाई का निर्देश दिया है।
पूजा ने मुख्यमंत्री को भेजे पत्र में बताया कि 10 अप्रैल को उनके पति की मौत बिजली विभाग की गंभीर लापरवाही से हो गई है। प्राथमिक विद्यालय पथवलिया के सामने स्थित उनके घर के ऊपर से गुजर रही 11 हजार वोल्ट की लाइन अचानक टूटकर रंजीत पर गिर गई। इससे मौके पर ही उनकी मौत हो गई। इस लाइन को हटवाने के लिए वह कई वर्षों से प्रयासरत थे, लेकिन विभागीय हठधर्मिता के कारण जर्जर तार नहीं हटाया जा सका। दो माह पूर्व आयुक्त ने भी इसे हटाने का निर्देश दिया था, इसके बावजूद जिम्मेदार मौन रहे। डीएम के निर्देश पर पांच अभियंताओं के विरुद्ध नगर कोतवाली में प्राथमिकी दर्ज की गई है।
पूजा ने बताया कि रंजीत के न रहने से तीन मासूम बच्चे अनाथ हो गए हैं। परिवार की जिम्मेदारी उन्हीं पर थी। बच्चों का भविष्य सुरक्षित करने के लिए शैक्षिक योग्यता के अनुरूप सरकारी नौकरी और परिवार के भरण-पोषण के लिए एक करोड़ रुपये की आर्थिक सहायता दी जाए। साथ ही नामजद सभी पांच अभियंताओं को शीघ्र गिरफ्तार किया जाए। इस मामले में रंजीत के भाई अमरजीत की तहरीर पर बिजली विभाग के अवर अभियंता, उपखंड अधिकारी, अधिशासी अभियंता, अधीक्षण अभियंता और मुख्य अभियंता के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कराई गई है।
तार हटाने में बिजली विभाग चला कछुआ चाल
जिले के 206 सरकारी विद्यालयों के ऊपर से गुजरने वाली हाईटेंशन लाइन को हटाने के लिए शिक्षा विभाग के अधिकारी पत्र लिखते रहे, लेकिन विभागीय अभियंता कछुए की चाल चलते रहे। पिछले दो वर्षों में शिक्षा विभाग ने कई बार यह मामला उच्चाधिकारियों की समीक्षा बैठकों में उठाया, लेकिन जिम्मेदार कभी धन की कमी बताते तो कभी कोरा आश्वासन देते। यूपी पावर कार्पोरेशन के एमडी आशीष गोयल ने 18 जुलाई 2025 को गोंडा जिले के लिए करीब 1.54 करोड़ रुपये जारी करते हुए सभी विद्यालयों के ऊपर से गुजरी लाइन शिफ्ट कराने का निर्देश दिया था। इसके आठ माह बाद भी करीब एक तिहाई विद्यालयों के ऊपर से ही लाइन हटाई जा सकी है।
मदद को बढ़े हाथ
पीड़ित परिवार की मदद के लिए इंद्रा इंटरनेशनल स्कूल आगे आया है। स्कूल के प्रबंधक मनोज त्रिपाठी और प्रधानाचार्य एच मोलाय ने बृहस्पतिवार को पीड़ित परिवार से भेंटकर पूजा को आर्थिक सहायता दी। साथ ही उनके दो बच्चों को नर्सरी से इंटर तक निशुल्क शिक्षा देने की घोषणा की। फुलवारी पब्लिक स्कूल के प्रबंधक क्रांति सिंह ने स्कूल में अध्ययनरत पत्रकार की बेटी की फीस माफी की घोषणा की है।
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पूजा ने मुख्यमंत्री को भेजे पत्र में बताया कि 10 अप्रैल को उनके पति की मौत बिजली विभाग की गंभीर लापरवाही से हो गई है। प्राथमिक विद्यालय पथवलिया के सामने स्थित उनके घर के ऊपर से गुजर रही 11 हजार वोल्ट की लाइन अचानक टूटकर रंजीत पर गिर गई। इससे मौके पर ही उनकी मौत हो गई। इस लाइन को हटवाने के लिए वह कई वर्षों से प्रयासरत थे, लेकिन विभागीय हठधर्मिता के कारण जर्जर तार नहीं हटाया जा सका। दो माह पूर्व आयुक्त ने भी इसे हटाने का निर्देश दिया था, इसके बावजूद जिम्मेदार मौन रहे। डीएम के निर्देश पर पांच अभियंताओं के विरुद्ध नगर कोतवाली में प्राथमिकी दर्ज की गई है।
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पूजा ने बताया कि रंजीत के न रहने से तीन मासूम बच्चे अनाथ हो गए हैं। परिवार की जिम्मेदारी उन्हीं पर थी। बच्चों का भविष्य सुरक्षित करने के लिए शैक्षिक योग्यता के अनुरूप सरकारी नौकरी और परिवार के भरण-पोषण के लिए एक करोड़ रुपये की आर्थिक सहायता दी जाए। साथ ही नामजद सभी पांच अभियंताओं को शीघ्र गिरफ्तार किया जाए। इस मामले में रंजीत के भाई अमरजीत की तहरीर पर बिजली विभाग के अवर अभियंता, उपखंड अधिकारी, अधिशासी अभियंता, अधीक्षण अभियंता और मुख्य अभियंता के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कराई गई है।
तार हटाने में बिजली विभाग चला कछुआ चाल
जिले के 206 सरकारी विद्यालयों के ऊपर से गुजरने वाली हाईटेंशन लाइन को हटाने के लिए शिक्षा विभाग के अधिकारी पत्र लिखते रहे, लेकिन विभागीय अभियंता कछुए की चाल चलते रहे। पिछले दो वर्षों में शिक्षा विभाग ने कई बार यह मामला उच्चाधिकारियों की समीक्षा बैठकों में उठाया, लेकिन जिम्मेदार कभी धन की कमी बताते तो कभी कोरा आश्वासन देते। यूपी पावर कार्पोरेशन के एमडी आशीष गोयल ने 18 जुलाई 2025 को गोंडा जिले के लिए करीब 1.54 करोड़ रुपये जारी करते हुए सभी विद्यालयों के ऊपर से गुजरी लाइन शिफ्ट कराने का निर्देश दिया था। इसके आठ माह बाद भी करीब एक तिहाई विद्यालयों के ऊपर से ही लाइन हटाई जा सकी है।
मदद को बढ़े हाथ
पीड़ित परिवार की मदद के लिए इंद्रा इंटरनेशनल स्कूल आगे आया है। स्कूल के प्रबंधक मनोज त्रिपाठी और प्रधानाचार्य एच मोलाय ने बृहस्पतिवार को पीड़ित परिवार से भेंटकर पूजा को आर्थिक सहायता दी। साथ ही उनके दो बच्चों को नर्सरी से इंटर तक निशुल्क शिक्षा देने की घोषणा की। फुलवारी पब्लिक स्कूल के प्रबंधक क्रांति सिंह ने स्कूल में अध्ययनरत पत्रकार की बेटी की फीस माफी की घोषणा की है।
