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Hardoi News: बिल राहत योजना में अधिकारी उलझे, स्मार्ट मीटर की गड़बड़ी के मामले अनसुलझे
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हरदोई। बिलों में गड़बड़ी रोकने के लिए विद्युत निगम की स्मार्ट मीटर योजना परेशानी का सबब बन चुकी है। स्मार्ट मीटर लगे एक साल बाद भी गड़बड़ियां बंद नहीं हुईं और शिकायतों का निस्तारण भी नहीं हुआ। तीन हजार से अधिक शिकायतें लंबित हैं। उपभोक्ता कार्यालयों के चक्कर काट रहे हैं और निगम के अधिकारी बिल राहत योजना की प्रगति बढ़ाने में लगे हैं। उपभोक्ताओं को जिले के अधिकारियों के पास समस्या का समाधान ही नहीं मिल रहा है।
जिले में पांच लाख 42 हजार बिजली उपभोक्ता हैं। इनमें 72 हजार शहरी हैं। दिसंबर 2024 में स्मार्ट मीटर लगाने का काम शुरू हुआ था। अभी तक जिले में कुल 56 हजार उपभोक्ताओं के घरों और प्रतिष्ठानों में स्मार्ट मीटर लगाए गए हैं। इनमें करीब 24 हजार शहरी उपभोक्ताओं को कनेक्शनों में स्मार्ट मीटर लग गया है। मीटर लगने के बाद से ही उपभोक्ताओं की समस्याएं कम होने के बजाए बढ़ गई हैं। उपभोक्ता गलत बिल और बिल न मिलने की समस्या से जूझ रहे हैं। रोजाना 20 से 25 उपभोक्ता शिकायत लेकर विद्युत निगम के कार्यालयों पर एड़ी घिस रहे हैं। अभी करीब 3257 शिकायतें लंबित हैं। इनके समाधान के लिए उपभोक्ता परेशान हो रहे हैं।
वहीं, बीते दो माह से अधिकारी भी बिल राहत योजना की प्रगति बढ़ाने के लिए कैंपों में व्यस्त हैं। स्मार्ट मीटर उपभोक्ताओं की समस्या जस की तस बनी हुई है।
केस-1- आशानगर निवासी प्रतिभा के यहां स्मार्ट मीटर लगने के तीन माह बाद एक साथ 34 हजार रुपये का बिल भेज दिया गया। इसके संशोधन के लिए आवेदन विभाग में लंबित हैं। वह कई बार कार्यालय के चक्कर काट चुकी हैं लेकिन निस्तारण नहीं हुआ जबकि साधारण मीटर लगे होने पर उनका सिर्फ दो से ढाई हजार रुपये प्रतिमाह बिल आता था।
केस-2- शहर के शंकरबक्स पुरवा निवासी दिलीप कुमार के घर पर चार माह पहले स्मार्ट मीटर लगाया गया। बिल गलत आया तो उन्होंने आवेदन के बाद चेक मीटर लगवा लिया। अब दोनों मीटर की रीडिंग में अंतर आ रहा है। उपभोक्ता फोन मीटर की रीडिंग का वीडियो बनाकर कार्यालय के चक्कर काट रहे हैं लेकिन अधिकारी व्यस्त हैं। उनका मीटर अभी तक नहीं बदला गया।
गलत बिल जुड़कर आ रहे बिजली बिल
हरदोई। स्मार्ट मीटर लगने के बाद उपभोक्ताओं को सबसे अधिक गलत बिल जुड़कर आने की समस्या का सामना करना पड़ रहा है। गलत बिल के अलावा उपभोक्ताओं के बिल भी पोर्टल पर दिखाई नहीं दे रहे हैं और उनके पास दिन भर में कई बार अलग-अलग धनराशि के मैसेज आ रहे हैं। उपभोक्ताओं को इस वजह से काफी परेशान होना पड़ रहा है।
मौके पर नहीं की जा रही मीटरों की फीडिंग
हरदोई। स्मार्ट मीटर लगने के बाद मौके पर ही फीडिंग करने के निर्देश दिए गए हैं लेकिन कार्यदायी संस्था के कर्मचारियों की मनमानी के चलते मौके पर मीटरों की फीडिंग भी नहीं की जा रही है। इस वजह से भी उपभोक्ताओं के मीटरों में दिक्कतें आ रही हैं। फीडिंग देर से होने की वजह से उपभोक्ता की लोकेशन अपडेट नहीं होती और बिल गलत हो रहे हैं।
स्मार्ट मीटर से संबंधित शिकायतों के निस्तारण के लिए सीतापुर स्थित जोनल कार्यालय को आवेदन भेज दिए जाते हैं। स्थानीय स्तर के अधिकारियों के पास निस्तारण नहीं हो पाएगा। शिकायतों का निस्तारण कराया जा रहा है। कोशिश की जा रही है कि समस्या का निस्तारण जल्द हो जाए। -राजीव भट्ट, अधीक्षण अभियंता
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जिले में पांच लाख 42 हजार बिजली उपभोक्ता हैं। इनमें 72 हजार शहरी हैं। दिसंबर 2024 में स्मार्ट मीटर लगाने का काम शुरू हुआ था। अभी तक जिले में कुल 56 हजार उपभोक्ताओं के घरों और प्रतिष्ठानों में स्मार्ट मीटर लगाए गए हैं। इनमें करीब 24 हजार शहरी उपभोक्ताओं को कनेक्शनों में स्मार्ट मीटर लग गया है। मीटर लगने के बाद से ही उपभोक्ताओं की समस्याएं कम होने के बजाए बढ़ गई हैं। उपभोक्ता गलत बिल और बिल न मिलने की समस्या से जूझ रहे हैं। रोजाना 20 से 25 उपभोक्ता शिकायत लेकर विद्युत निगम के कार्यालयों पर एड़ी घिस रहे हैं। अभी करीब 3257 शिकायतें लंबित हैं। इनके समाधान के लिए उपभोक्ता परेशान हो रहे हैं।
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वहीं, बीते दो माह से अधिकारी भी बिल राहत योजना की प्रगति बढ़ाने के लिए कैंपों में व्यस्त हैं। स्मार्ट मीटर उपभोक्ताओं की समस्या जस की तस बनी हुई है।
केस-1- आशानगर निवासी प्रतिभा के यहां स्मार्ट मीटर लगने के तीन माह बाद एक साथ 34 हजार रुपये का बिल भेज दिया गया। इसके संशोधन के लिए आवेदन विभाग में लंबित हैं। वह कई बार कार्यालय के चक्कर काट चुकी हैं लेकिन निस्तारण नहीं हुआ जबकि साधारण मीटर लगे होने पर उनका सिर्फ दो से ढाई हजार रुपये प्रतिमाह बिल आता था।
केस-2- शहर के शंकरबक्स पुरवा निवासी दिलीप कुमार के घर पर चार माह पहले स्मार्ट मीटर लगाया गया। बिल गलत आया तो उन्होंने आवेदन के बाद चेक मीटर लगवा लिया। अब दोनों मीटर की रीडिंग में अंतर आ रहा है। उपभोक्ता फोन मीटर की रीडिंग का वीडियो बनाकर कार्यालय के चक्कर काट रहे हैं लेकिन अधिकारी व्यस्त हैं। उनका मीटर अभी तक नहीं बदला गया।
गलत बिल जुड़कर आ रहे बिजली बिल
हरदोई। स्मार्ट मीटर लगने के बाद उपभोक्ताओं को सबसे अधिक गलत बिल जुड़कर आने की समस्या का सामना करना पड़ रहा है। गलत बिल के अलावा उपभोक्ताओं के बिल भी पोर्टल पर दिखाई नहीं दे रहे हैं और उनके पास दिन भर में कई बार अलग-अलग धनराशि के मैसेज आ रहे हैं। उपभोक्ताओं को इस वजह से काफी परेशान होना पड़ रहा है।
मौके पर नहीं की जा रही मीटरों की फीडिंग
हरदोई। स्मार्ट मीटर लगने के बाद मौके पर ही फीडिंग करने के निर्देश दिए गए हैं लेकिन कार्यदायी संस्था के कर्मचारियों की मनमानी के चलते मौके पर मीटरों की फीडिंग भी नहीं की जा रही है। इस वजह से भी उपभोक्ताओं के मीटरों में दिक्कतें आ रही हैं। फीडिंग देर से होने की वजह से उपभोक्ता की लोकेशन अपडेट नहीं होती और बिल गलत हो रहे हैं।
स्मार्ट मीटर से संबंधित शिकायतों के निस्तारण के लिए सीतापुर स्थित जोनल कार्यालय को आवेदन भेज दिए जाते हैं। स्थानीय स्तर के अधिकारियों के पास निस्तारण नहीं हो पाएगा। शिकायतों का निस्तारण कराया जा रहा है। कोशिश की जा रही है कि समस्या का निस्तारण जल्द हो जाए। -राजीव भट्ट, अधीक्षण अभियंता
