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Hardoi News: मुहूर्त का फेर, कहीं सिर्फ पूजन और कहीं हुआ होलिका दहन
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फोटो-14- आलू थोक में होलिका दहन के बाद पूजन करते लोग। संवाद
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हरदोई। चंद्र ग्रहण और सूतक के साथ ही मुहूर्त के फेर से लोगों में होलिका दहन को लेकर अस्पष्टता साफ दिखाई पड़ी। आचार्यगण की ओर से बताए गए मुहूर्त में साेमवार रात होलिका दहन होना चाहिए था लेकिन बड़ी संख्या में लोगों ने सोमवार रात होलिका दहन नहीं किया। इन लोगों ने मंगलवार रात को होलिका दहन किया जबकि कुछ लोगों ने सोमवार रात ही होलिका दहन किया और आखत भी डाले। रंग बुधवार को खेला जाएगा।
होली को लेकर लोगों ने सोमवार को होलिका माता का पूजन-अर्चन किया, भोग-प्रसाद लगाया। वहीं, कुछ स्थानों पर लोगों ने होलिका माता का पूजन-अर्चन और भोग प्रसाद सोमवार को लगाया लेकिन दहन मंगलवार रात में किया। होलिका दहन का मुहूर्त सोमवार रात होने के बाद भी कई स्थानों पर होलिका दहन नहीं किया गया। ऐसे में लोगों ने होलिका की न तो परिक्रमा की और न ही आखत डाले। वहीं, कुछ स्थानों पर सोमवार रात ही होलिका दहन किया गया और लोगों ने सुबह 6:20 बजे से पहले-पहले से होलिका में आखत डाले और परिक्रमा की। ऐसे में लोगों ने मंगलवार रात होलिका दहन किया और बुधवार सुबह आखत डाले और परिक्रमा की।
मुहूर्त के मुताबिक होलिका की विभूति धारण की जाएगी। गांवों से लेकर शहर तक लोग पंडित, आचार्य और पंचांग के अनुसार निर्णय लेते नजर आए। कई स्थानों पर देर रात तक चर्चा के बाद होलिका दहन किया गया जबकि कुछ जगहों पर मंगलवार रात शुभ मुहूर्त में दहन किया गया। लोगों ने होलिका दहन कर परिवार की सुख-समृद्धि की कामना की।
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मुहूर्त के मुताबिक होलिका की विभूति धारण की जाएगी। गांवों से लेकर शहर तक लोग पंडित, आचार्य और पंचांग के अनुसार निर्णय लेते नजर आए। कई स्थानों पर देर रात तक चर्चा के बाद होलिका दहन किया गया जबकि कुछ जगहों पर मंगलवार रात शुभ मुहूर्त में दहन किया गया। लोगों ने होलिका दहन कर परिवार की सुख-समृद्धि की कामना की।

फोटो-14- आलू थोक में होलिका दहन के बाद पूजन करते लोग। संवाद
