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Kannauj News: गर्मी से बिगड़ी सेहत, आरोग्य मेला पहुंचे 1522 मरीज
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कन्नौज। मौसम के बदलते मिजाज ने लोगों को बीमार करना शुरू कर दिया है। दिन में तेज धूप के कारण लोग सर्दी-जुकाम और बुखार से पीड़ित हो रहे हैं। रविवार को आरोग्य स्वास्थ्य मेले में 1522 मरीज इलाज कराने पहुंचे। मरीजों को परामर्श के साथ ही दवा और टीकाकरण की सुविधा भी उपलब्ध कराई जाती हैं। साथ ही आयुष्मान लाभार्थियों के गोल्डन कार्ड भी बनाए गए।
अप्रैल के महीने में पारा तेजी से बढ़ने और चिलचिलाती धूप के कारण लोग मौसमी बीमारियों की चपेट में आ रहे हैं। मेले में आए अधिकांश मरीजों में बुखार, उल्टी-दस्त, त्वचा रोग और डिहाइड्रेशन के लक्षण पाए गए। चिकित्सकों ने बताया कि गर्मी और तेज धूप के सीधे संपर्क में आने से बच्चों और बुजुर्गों की सेहत पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ रहा है। मरीजों को एक छत के नीचे बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं मुहैया कराने के उद्देश्य से हर रविवार मुख्यमंत्री जन आरोग्य मेले का आयोजन किया जाता है। इसमें चिकित्सक मरीजों का स्वास्थ्य परीक्षण कर दवा देते हैं।
आरोग्य मेले में भीषण गर्मी से परेशान रोगियों की भीड़ रही। गर्मी का भीषण प्रकोप मरीजों की सेहत पर दिख रहा है। जिले के 33 प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र व तीन नगरी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पर मुख्यमंत्री आरोग्य स्वास्थ्य मेला लगाया गया। केंद्रों पर सुबह 10 बजे से मरीजों का जमावड़ा लगने लगा। पीएचसी में कुल 1522 मरीज इलाज कराने पहुंचे। इसमें 693 पुरुष, 612 महिलाएं व 217 बच्चों को चिकित्सकीय परामर्श मिल सका। स्वास्थ्य मेले में आने वाले रोगियों की निःशुल्क जांच, उपचार, बच्चों व गर्भवती महिलाओं का टीकाकरण परिवार कल्याण, हैपेटाइटिस बी व सी कार्ड टेस्ट, टीबी संभावित रोगियों की जांच, नेत्र रोगियों का परीक्षण, गोल्डन कार्ड बनाए जाने संबंधित आदि सेवायें प्रदान की गईं।
मुख्य चिकित्साधिकारियों द्वारा पीएचसी का भ्रमण भी किया गया। मुख्यमंत्री आरोग्य स्वास्थ्य मेला में आयुष्मान योजना में 48 मरीजों के गोल्डन कार्ड बनाकर वितरित किए गए हैं। डॉक्टरों के अनुसार, भीषण गर्मी के मौसम में लापरवाही लोगों को बीमार कर रही है। ऐसे में मरीजों की संख्या भी बढ़ी है। रविवार को आयोजित मेले में बुखार, जुकाम, पेट-दर्द और डायरिया रोग के मरीजों की संख्या बढ़ी है। आलम यह रहा कि लंबे समय से बुखार, जुकाम जैसे 88 मरीजों की जांच की गई। हालांकि जांच के बाद डॉक्टरों ने वायरल की पुष्टि की।
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अप्रैल के महीने में पारा तेजी से बढ़ने और चिलचिलाती धूप के कारण लोग मौसमी बीमारियों की चपेट में आ रहे हैं। मेले में आए अधिकांश मरीजों में बुखार, उल्टी-दस्त, त्वचा रोग और डिहाइड्रेशन के लक्षण पाए गए। चिकित्सकों ने बताया कि गर्मी और तेज धूप के सीधे संपर्क में आने से बच्चों और बुजुर्गों की सेहत पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ रहा है। मरीजों को एक छत के नीचे बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं मुहैया कराने के उद्देश्य से हर रविवार मुख्यमंत्री जन आरोग्य मेले का आयोजन किया जाता है। इसमें चिकित्सक मरीजों का स्वास्थ्य परीक्षण कर दवा देते हैं।
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आरोग्य मेले में भीषण गर्मी से परेशान रोगियों की भीड़ रही। गर्मी का भीषण प्रकोप मरीजों की सेहत पर दिख रहा है। जिले के 33 प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र व तीन नगरी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पर मुख्यमंत्री आरोग्य स्वास्थ्य मेला लगाया गया। केंद्रों पर सुबह 10 बजे से मरीजों का जमावड़ा लगने लगा। पीएचसी में कुल 1522 मरीज इलाज कराने पहुंचे। इसमें 693 पुरुष, 612 महिलाएं व 217 बच्चों को चिकित्सकीय परामर्श मिल सका। स्वास्थ्य मेले में आने वाले रोगियों की निःशुल्क जांच, उपचार, बच्चों व गर्भवती महिलाओं का टीकाकरण परिवार कल्याण, हैपेटाइटिस बी व सी कार्ड टेस्ट, टीबी संभावित रोगियों की जांच, नेत्र रोगियों का परीक्षण, गोल्डन कार्ड बनाए जाने संबंधित आदि सेवायें प्रदान की गईं।
मुख्य चिकित्साधिकारियों द्वारा पीएचसी का भ्रमण भी किया गया। मुख्यमंत्री आरोग्य स्वास्थ्य मेला में आयुष्मान योजना में 48 मरीजों के गोल्डन कार्ड बनाकर वितरित किए गए हैं। डॉक्टरों के अनुसार, भीषण गर्मी के मौसम में लापरवाही लोगों को बीमार कर रही है। ऐसे में मरीजों की संख्या भी बढ़ी है। रविवार को आयोजित मेले में बुखार, जुकाम, पेट-दर्द और डायरिया रोग के मरीजों की संख्या बढ़ी है। आलम यह रहा कि लंबे समय से बुखार, जुकाम जैसे 88 मरीजों की जांच की गई। हालांकि जांच के बाद डॉक्टरों ने वायरल की पुष्टि की।
