UP: चित्रकूट में गुटका न देने पर टाइल्स ठेकेदार की घर में घुसकर चाकू से गोदकर हत्या, दो आरोपी गिरफ्तार
Chitrakoot News: चित्रकूट के पहाड़ी थाना क्षेत्र स्थित साईंपुर गांव में गुटका को लेकर हुए विवाद ने खूनी रूप ले लिया। दबंगों ने घर में घुसकर टाइल्स ठेकेदार बाबूलाल (40) की चाकुओं से गोदकर हत्या कर दी।
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पहाड़ी थाना क्षेत्र के साईंपुर गांव में महज एक गुटका न देने के मामूली विवाद को लेकर दबंगों ने मर्यादा की सारी हदें पार कर दीं। दबंगों ने एक टाइल्स ठेकेदार के घर में जबरन घुसकर चाकुओं से गोदकर उसकी निर्मम हत्या कर दी। घटना के बाद से पूरे इलाके में कोहराम मचा हुआ है और पीड़ित परिवार का रो-रोकर बुरा हाल है।
बेटी की शादी के लिए पूना से आया था ठेकेदार, ढाबे के पास हुआ विवाद
साईंपुर गांव के रहने वाले बाबूलाल (40) महाराष्ट्र के पूना (पुणे) में रहकर टाइल्स लगाने का ठेका लेते थे। उनकी बेटी अर्चना देवी की आगामी 7 मई को शादी तय थी, जिसकी तैयारियों और शादी की खुशियों में शामिल होने के लिए वे बीती 17 अप्रैल को ही अपने गांव लौटे थे।
मृतक की पत्नी रानी देवी ने बताया कि सोमवार रात करीब 8:00 बजे बाबूलाल गांव के किनारे स्थित 'केजीएफ ढाबा' के पास राम नेवाज की किराना दुकान पर गए थे। वहीं पर गुटका न देने की बात को लेकर बाबूलाल का ढाबा संचालक अमन सिंह से विवाद हो गया। उस समय वहां मौजूद स्थानीय लोगों ने बीच-बचाव कर मामला शांत करा दिया और बाबूलाल अपने घर लौट आए।
रात 11 बजे घर में घुसे कातिल, सीने पर चाकू से किया ताबड़तोड़ वार
विवाद शांत होने के बाद भी ढाबा संचालक के सिर पर खून सवार था। रात करीब 11:00 बजे अमन सिंह अपने दो साथियों चंद्रिका उर्फ गोलू और राकेश के साथ बाबूलाल के घर के अंदर जबरन घुस गया। आरोपियों ने बाबूलाल को देखते ही गाली-गलौज शुरू कर दी। जब बाबूलाल और उनके परिजनों ने इस गुंडागर्दी का विरोध किया, तो आरोपियों ने उन पर हमला बोल दिया। इसी बीच अमन ने जेब से धारदार चाकू निकाला और बाबूलाल के सीने में बाईं तरफ (दिल के पास) ताबड़तोड़ वार कर दिया। चाकू लगते ही बाबूलाल लहूलुहान होकर जमीन पर गिर पड़े और चीख-पुकार मच गई।
अस्पताल में डॉक्टरों ने किया मृत घोषित, एसपी-सीओ ने संभाला मोर्चा
वारदात को अंजाम देकर आरोपी मौके से फरार हो गए। बदहवास परिजन खून से लथपथ बाबूलाल को तुरंत सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पहाड़ी लेकर पहुंचे, लेकिन वहां डॉक्टरों ने बारीकी से जांच करने के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया। हत्या की इस दुस्साहसिक वारदात की खबर मिलते ही पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया। सूचना पर पुलिस अधीक्षक अरुण कुमार सिंह, क्षेत्राधिकारी राजकमल और थाना प्रभारी निशिकांत राय भारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। अधिकारियों ने रोते-बिलखते परिजनों को ढांढस बंधाया और सख्त कार्रवाई का भरोसा दिया।
हत्यारों की धरपकड़ के लिए बनीं 3 टीमें, 2 धरे गए, 1 फरार
एसपी अरुण कुमार सिंह ने घटना को गंभीरता से लेते हुए फरार आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी के लिए पुलिस की तीन विशेष टीमें गठित कीं। पुलिस टीमों ने त्वरित कार्रवाई करते हुए मुख्य आरोपी अमन सिंह और उसके साथी चंद्रिका उर्फ गोलू को गिरफ्तार कर लिया है, जबकि तीसरा आरोपी राकेश अभी भी फरार है, जिसकी तलाश में संभावित ठिकानों पर दबिश दी जा रही है। मृतक बाबूलाल अपने पीछे तीन बेटियां (अर्चना, रचना, गुड़िया) और तीन बेटे (बृजमोहन, रजमोहन व बउवा) छोड़ गए हैं। जिस घर में कुछ ही दिनों बाद बेटी की शादी की शहनाइयां गूंजने वाली थीं, वहां अब मातम का सन्नाटा पसरा हुआ है।