Fatehpur: मंगेतर के सामने युवती से सामूहिक दुष्कर्म, दरिंदों ने बनाया वीडियो; लापरवाही पर कोतवाल सस्पेंड
Fatehpur News: खागा कोतवाली क्षेत्र से मानवता को शर्मसार करने वाली एक सनसनीखेज वारदात सामने आई है। यहाँ अपने मंगेतर के साथ रिश्तेदारी में जा रही एक युवती को बंधक बनाकर तीन दरिंदों ने सामूहिक दुष्कर्म की वारदात को अंजाम दिया।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
दरिंदगी की हदें पार करते हुए आरोपियों ने न केवल युवती के साथ घंटों हैवानियत की, बल्कि उसके मंगेतर के साथ मारपीट कर उससे ऑनलाइन वसूली भी की। इस मामले में पुलिस की कार्यशैली पर भी गंभीर सवाल उठे हैं, जिसके बाद पुलिस अधीक्षक ने बड़ी कार्रवाई करते हुए कोतवाल को निलंबित कर दिया है।
रास्ते में घेरकर बनाया बंधक, मंगेतर के सामने की दरिंदगी
पीड़िता द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार, यह खौफनाक घटना 24 अप्रैल की है। युवती अपने मंगेतर के साथ बाइक से एक रिश्तेदारी में जा रही थी। रास्ते में एक सुनसान जगह पर रुकने के दौरान तीन दबंग युवकों ने उन्हें घेर लिया। विरोध करने पर आरोपियों ने मंगेतर को डंडों से पीटा और उसे बंधक बना लिया। इसके बाद आरोपियों ने मंगेतर के सामने ही युवती के साथ घंटों तक दरिंदगी की। वारदात के दौरान आरोपियों ने पीड़िता का अश्लील वीडियो और तस्वीरें भी बनाईं, ताकि बाद में उसे ब्लैकमेल किया जा सके।
ऑनलाइन वसूली और तीसरे आरोपी को भी बुलाया
हैरान करने वाली बात यह है कि दुष्कर्म के दौरान दो आरोपियों ने अपने एक और साथी बबलू सिंह को फोन कर मौके पर बुला लिया, जिसने आकर फिर से युवती के साथ हैवानियत की। हैवानों का मन इतने से भी नहीं भरा; उन्होंने मंगेतर को जान से मारने की धमकी देकर उसके मोबाइल से ऑनलाइन पैसे अपने बैंक खातों में ट्रांसफर करवाए। घटना के बाद आरोपियों ने वीडियो वायरल करने की धमकी दी और दोनों को चुपचाप घर चले जाने को कहा।
खागा पुलिस की संवेदनहीनता और एसपी का एक्शन
पीड़ित पक्ष का आरोप है कि घटना के बाद जब वे न्याय की गुहार लेकर खागा कोतवाली पहुंचे, तो वहां तैनात पुलिसकर्मियों ने मामले को गंभीरता से नहीं लिया। कई बार बयान दर्ज करने के बाद भी पुलिस एफआईआर दर्ज करने में टालमटोल करती रही। जब पीड़ित पक्ष ने हार मानकर पुलिस अधीक्षक अभिमन्यु मांगलिक से संपर्क किया और आपबीती सुनाई, तब जाकर मामले में तत्काल कार्रवाई के आदेश दिए गए। एसपी ने न केवल तत्काल एफआईआर दर्ज कराई, बल्कि खागा कोतवाल को कर्तव्य के प्रति लापरवाही बरतने और पीड़िता की सुनवाई न करने पर तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया।
दो गिरफ्तार, तीसरे पर 25 हजार का इनाम
पुलिस अधीक्षक के कड़े रुख के बाद पुलिस की कई टीमों ने छापेमारी शुरू की। ऑनलाइन ट्रांजैक्शन के रिकॉर्ड और तकनीकी साक्ष्यों (सर्विलांस) के आधार पर पुलिस ने दो मुख्य आरोपियों, ललित और युवराज सिंह को गिरफ्तार कर लिया है। घटना का तीसरा मुख्य आरोपी बबलू सिंह अभी भी फरार है। पुलिस ने बबलू सिंह पर 25 हजार रुपये का इनाम घोषित किया है और उसकी गिरफ्तारी के लिए जगह-जगह दबिश दी जा रही है। आरोपियों के खिलाफ सामूहिक दुष्कर्म, जबरन वसूली और आईटी एक्ट की गंभीर धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज किया गया है।

कमेंट
कमेंट X