{"_id":"6a2f09a0b0aa95b26103f279","slug":"double-names-in-voter-list-many-missing-but-deceased-still-included-kushinagar-news-c-205-1-deo1003-161794-2026-06-15","type":"story","status":"publish","title_hn":"Kushinagar News: मतदाता सूची में डबल नाम, कई के गायब तो मृतक अब भी शामिल","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Kushinagar News: मतदाता सूची में डबल नाम, कई के गायब तो मृतक अब भी शामिल
संवाद न्यूज एजेंसी, कुशीनगर
Updated Mon, 15 Jun 2026 01:35 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विज्ञापन
गुरवलिया बाजार। पंचायत चुनाव के लिए अंतिम मतदाता सूची प्रकाशित होने के बाद कुशीनगर जिले के तमकुहीराज क्षेत्र अंतर्गत सोंदिया बुजुर्ग ग्राम पंचायत में मतदाता सूची की शुद्धता को लेकर सवाल खड़े हो गए हैं।
ग्रामीणों का आरोप है कि कई लोगों के नाम मतदाता सूची में जैसे कालिंदी, रामावती, रितेश, हरी लाल, लालबहादुर, पूनम, अखिलेश, कमलेश,अजय, सुमित्रा आदि करीब पचास नाम दो-दो बार दर्ज हैं, जबकि अनेक पात्र युवाओं के नाम सूची से गायब हैं। इतना ही नहीं, कुछ मृत व्यक्तियों के नाम भी मतदाता सूची में शामिल पाए गए हैं। ऐसे में पंचायत चुनाव की पारदर्शिता और प्रशासनिक दावों पर सवाल उठने लगे हैं।
राज्य निर्वाचन आयोग ने 10 जून को पंचायत चुनाव की अंतिम मतदाता सूची जारी की थी। आयोग का दावा था कि व्यापक पुनरीक्षण अभियान चलाकर डुप्लीकेट, मृत और स्थानांतरित मतदाताओं के नाम हटाए गए हैं तथा सूची को अधिक सटीक बनाया गया है।हालांकि तमकुहीराज क्षेत्र के सोंदिया बुजुर्ग गांव में सामने आ रही शिकायतें इस दावे पर प्रश्नचिह्न लगा रही हैं।ग्रामीणों के अनुसार कई मतदाताओं के नाम सूची में दोहराया गया हैं।
विज्ञापन
वहीं मतदान के लिए उम्र पूरी कर चुके कुछ युवाओं के नाम अंतिम सूची में नहीं हैं, जिससे वे मतदान के अधिकार से वंचित हो सकते हैं। इसके अलावा ऐसे लोगों के नाम भी सूची में दर्ज बताए जा रहे हैं जिनका निधन हो चुका है।
ग्रामीणों का कहना है कि यदि अंतिम प्रकाशन के बाद भी इस प्रकार की त्रुटियां बनी हुई हैं तो चुनावी प्रक्रिया की निष्पक्षता प्रभावित हो सकती है।
स्थानीय लोगों ने प्रशासन से सूची का दोबारा सत्यापन कराने और पात्र मतदाताओं के नाम जोड़ने की मांग की है।
गौरतलब है कि पंचायत चुनाव की मतदाता सूची को लेकर जिले के अन्य क्षेत्र से भी शिकायतें सामने आई हैं।अब सोन्दिया बुजुर्ग का मामला सामने आने के बाद ग्रामीणों की मांग है कि प्रशासन गांव स्तर पर विशेष जांच कराए और डुप्लीकेट, मृत तथा छूटे हुए नामों की वास्तविक स्थिति स्पष्ट करे, ताकि पंचायत चुनाव निष्पक्ष और विवादमुक्त तरीके से संपन्न हो सके।
सीडीओ वंदिता श्रीवास्तव ने बताया कि शिकायतें मिलने के बाद निर्वाचन आयोग का जैसा निर्देश होगा। उस हिसाब से आगे काम किया जाएगा।व
ग्रामीणों का आरोप है कि कई लोगों के नाम मतदाता सूची में जैसे कालिंदी, रामावती, रितेश, हरी लाल, लालबहादुर, पूनम, अखिलेश, कमलेश,अजय, सुमित्रा आदि करीब पचास नाम दो-दो बार दर्ज हैं, जबकि अनेक पात्र युवाओं के नाम सूची से गायब हैं। इतना ही नहीं, कुछ मृत व्यक्तियों के नाम भी मतदाता सूची में शामिल पाए गए हैं। ऐसे में पंचायत चुनाव की पारदर्शिता और प्रशासनिक दावों पर सवाल उठने लगे हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन
राज्य निर्वाचन आयोग ने 10 जून को पंचायत चुनाव की अंतिम मतदाता सूची जारी की थी। आयोग का दावा था कि व्यापक पुनरीक्षण अभियान चलाकर डुप्लीकेट, मृत और स्थानांतरित मतदाताओं के नाम हटाए गए हैं तथा सूची को अधिक सटीक बनाया गया है।हालांकि तमकुहीराज क्षेत्र के सोंदिया बुजुर्ग गांव में सामने आ रही शिकायतें इस दावे पर प्रश्नचिह्न लगा रही हैं।ग्रामीणों के अनुसार कई मतदाताओं के नाम सूची में दोहराया गया हैं।
वहीं मतदान के लिए उम्र पूरी कर चुके कुछ युवाओं के नाम अंतिम सूची में नहीं हैं, जिससे वे मतदान के अधिकार से वंचित हो सकते हैं। इसके अलावा ऐसे लोगों के नाम भी सूची में दर्ज बताए जा रहे हैं जिनका निधन हो चुका है।
ग्रामीणों का कहना है कि यदि अंतिम प्रकाशन के बाद भी इस प्रकार की त्रुटियां बनी हुई हैं तो चुनावी प्रक्रिया की निष्पक्षता प्रभावित हो सकती है।
स्थानीय लोगों ने प्रशासन से सूची का दोबारा सत्यापन कराने और पात्र मतदाताओं के नाम जोड़ने की मांग की है।
गौरतलब है कि पंचायत चुनाव की मतदाता सूची को लेकर जिले के अन्य क्षेत्र से भी शिकायतें सामने आई हैं।अब सोन्दिया बुजुर्ग का मामला सामने आने के बाद ग्रामीणों की मांग है कि प्रशासन गांव स्तर पर विशेष जांच कराए और डुप्लीकेट, मृत तथा छूटे हुए नामों की वास्तविक स्थिति स्पष्ट करे, ताकि पंचायत चुनाव निष्पक्ष और विवादमुक्त तरीके से संपन्न हो सके।
सीडीओ वंदिता श्रीवास्तव ने बताया कि शिकायतें मिलने के बाद निर्वाचन आयोग का जैसा निर्देश होगा। उस हिसाब से आगे काम किया जाएगा।व