{"_id":"69c17f61d705044eba040bfe","slug":"seven-months-salary-withheld-driver-threatens-self-immolation-lakhimpur-news-c-120-1-sbly1008-171045-2026-03-23","type":"story","status":"publish","title_hn":"Lakhimpur Kheri News: सात माह का वेतन रुका, चालक ने दी आत्मदाह की चेतावनी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Lakhimpur Kheri News: सात माह का वेतन रुका, चालक ने दी आत्मदाह की चेतावनी
संवाद न्यूज एजेंसी, लखीमपुर खीरी
Updated Mon, 23 Mar 2026 11:28 PM IST
विज्ञापन
विज्ञापन
बांकेगंज। दुधवा टाइगर रिजर्व (डीटीआर) बफरजोन से निष्कासित एक वाहन चालक ने लेखाकार पर सात माह का वेतन न देने और मांग करने पर नौकरी से निकालने का आरोप लगाया है। पीड़ित ने न्याय न मिलने पर मुख्यमंत्री आवास के सामने आत्मदाह की चेतावनी दी है।
विनोद कुमार ने बताया कि वह वर्ष 2013 से डीटीआर बफरजोन में वाहन चालक के रूप में कार्यरत था। आरोप है कि वर्ष 2020-21 में उसे सात माह का वेतन नहीं दिया गया। वेतन की मांग करने पर उसे बिना कारण और बिना नोटिस नौकरी से हटा दिया गया।
पीड़ित ने सोशल मीडिया पर जारी वीडियो में दावा किया कि जानकारी करने पर पता चला कि उसके वेतन की धनराशि लेखाकार के पिता जय प्रकाश वर्मा के खाते में भेजी गई। उसने आरोप लगाया कि खाते में करीब 12 लाख रुपये अवैध रूप से ट्रांसफर किए गए हैं, जिसकी जांच से सच्चाई सामने आ सकती है।
विनोद का कहना है कि उसने अधिकारियों से कई बार शिकायत की, लेकिन केवल आश्वासन ही मिला और तीन साल बाद भी वेतन नहीं मिला। अब उसने चेतावनी दी है कि न्याय न मिलने पर वह मुख्यमंत्री आवास के सामने आत्मदाह करेगा, जिसकी जिम्मेदारी लेखाकार विनय वर्मा की होगी।
-- -- -- -
मामला संज्ञान में आया है। जांच कराई जाएगी और जो भी तथ्य सामने आएंगे, उनके आधार पर कार्रवाई की जाएगी।
-कीर्ति चौधरी, डीएफओ, दुधवा टाइगर रिजर्व बफरजोन
Trending Videos
विनोद कुमार ने बताया कि वह वर्ष 2013 से डीटीआर बफरजोन में वाहन चालक के रूप में कार्यरत था। आरोप है कि वर्ष 2020-21 में उसे सात माह का वेतन नहीं दिया गया। वेतन की मांग करने पर उसे बिना कारण और बिना नोटिस नौकरी से हटा दिया गया।
विज्ञापन
विज्ञापन
पीड़ित ने सोशल मीडिया पर जारी वीडियो में दावा किया कि जानकारी करने पर पता चला कि उसके वेतन की धनराशि लेखाकार के पिता जय प्रकाश वर्मा के खाते में भेजी गई। उसने आरोप लगाया कि खाते में करीब 12 लाख रुपये अवैध रूप से ट्रांसफर किए गए हैं, जिसकी जांच से सच्चाई सामने आ सकती है।
विनोद का कहना है कि उसने अधिकारियों से कई बार शिकायत की, लेकिन केवल आश्वासन ही मिला और तीन साल बाद भी वेतन नहीं मिला। अब उसने चेतावनी दी है कि न्याय न मिलने पर वह मुख्यमंत्री आवास के सामने आत्मदाह करेगा, जिसकी जिम्मेदारी लेखाकार विनय वर्मा की होगी।
मामला संज्ञान में आया है। जांच कराई जाएगी और जो भी तथ्य सामने आएंगे, उनके आधार पर कार्रवाई की जाएगी।
-कीर्ति चौधरी, डीएफओ, दुधवा टाइगर रिजर्व बफरजोन