{"_id":"6a53ff35974412dbf202353e","slug":"like-food-clothing-and-shelter-education-is-also-a-social-right-maharajganj-news-c-206-1-go11002-181070-2026-07-13","type":"story","status":"publish","title_hn":"Maharajganj News: रोटी, कपड़ा और मकान की तरह शिक्षा भी है सामाजिक अधिकार","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Maharajganj News: रोटी, कपड़ा और मकान की तरह शिक्षा भी है सामाजिक अधिकार
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
संगोष्ठी में मदरसे के बच्चों को दी गई बाल अधिकारों की जानकारी
महराजगंज। नगर निकाय निचलौल के अजीजिया मदरसे में बाल अधिकार संगोष्ठी का आयोजन किया गया। सामाजिक कार्यकर्ता चंद्रेश शास्त्री की तरफ से आयोजित कार्यक्रम में किशोर न्याय बोर्ड के सदस्य राजेश वर्मा बतौर मुख्य अतिथि शामिल हुए। संगोष्ठी के जरिये मदरसे के बच्चों को उनके अधिकारों की जानकारी दी गई।
रविवार दोपहर करीब 12 बजे मदरसे में आयोजित कार्यक्रम में किशोर न्याय बोर्ड के सदस्य को स्मृति चिह्न देकर सम्मानित किया गया। संगोष्ठी को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि जिस तरह रोटी, कपड़ा और मकान सामाजिक अधिकार के दायरे में आता है उसी तरह शिक्षा भी सामाजिक अधिकार है। इस अधिकार का अनुपालन हो रहा है अथवा नहीं यह देखना समाज के प्रत्येक व्यक्ति का दायित्व है।
सरस्वती देवी महिला महाविद्यालय के प्राचार्य श्याम बिहारी अग्रवाल ने कहा कि हम जिस देश व समाज में जन्मे उनका ऋण भी हम पर होता है। मदरसा एसोसिएशन के अध्यक्ष गयासुद्दीन व निचलौल पुलिस की टीम व चाइल्ड लाइन के पदाधिकारियों ने बाल अधिकारों की विस्तृत जानकारी दी। इस मौके पर फखरेआलम, डाॅ. अहमद, तुफेल, आफताब आलम, फैजान, अली हुसैन सिद्दीकी मौजूद रहे। संगोष्ठी का समापन कार्यकर्ता चंद्रेश के धन्यवाद भाषण के साथ हुआ।
विज्ञापन
विज्ञापन
महराजगंज। नगर निकाय निचलौल के अजीजिया मदरसे में बाल अधिकार संगोष्ठी का आयोजन किया गया। सामाजिक कार्यकर्ता चंद्रेश शास्त्री की तरफ से आयोजित कार्यक्रम में किशोर न्याय बोर्ड के सदस्य राजेश वर्मा बतौर मुख्य अतिथि शामिल हुए। संगोष्ठी के जरिये मदरसे के बच्चों को उनके अधिकारों की जानकारी दी गई।
रविवार दोपहर करीब 12 बजे मदरसे में आयोजित कार्यक्रम में किशोर न्याय बोर्ड के सदस्य को स्मृति चिह्न देकर सम्मानित किया गया। संगोष्ठी को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि जिस तरह रोटी, कपड़ा और मकान सामाजिक अधिकार के दायरे में आता है उसी तरह शिक्षा भी सामाजिक अधिकार है। इस अधिकार का अनुपालन हो रहा है अथवा नहीं यह देखना समाज के प्रत्येक व्यक्ति का दायित्व है।
विज्ञापन
सरस्वती देवी महिला महाविद्यालय के प्राचार्य श्याम बिहारी अग्रवाल ने कहा कि हम जिस देश व समाज में जन्मे उनका ऋण भी हम पर होता है। मदरसा एसोसिएशन के अध्यक्ष गयासुद्दीन व निचलौल पुलिस की टीम व चाइल्ड लाइन के पदाधिकारियों ने बाल अधिकारों की विस्तृत जानकारी दी। इस मौके पर फखरेआलम, डाॅ. अहमद, तुफेल, आफताब आलम, फैजान, अली हुसैन सिद्दीकी मौजूद रहे। संगोष्ठी का समापन कार्यकर्ता चंद्रेश के धन्यवाद भाषण के साथ हुआ।
विज्ञापन