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एसआईआर : समय बीतने के बाद मिल रही नोटिस, असमंजस में मतदाता
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ग्राम पंचायत बैदा नो मैपिंग मतदाताओं को जारी नोटिस को वितरित करते बीएलओ।
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29 और 30 जनवरी को उपस्थित होने की सूचना वाली नोटिस मतदाताओं को दी गई 30 और 31 जनवरी को
एसआईआर अभियान के दौरान कुल 2,03,872 मतदाता नो मैपिंग में चिह्नित
महराजगंज। विशेष प्रगाढ़ पुनरीक्षण अभियान (एसआईआर) के तहत नो मैपिंग मतदाताओं को नोटिस वितरित करने में अनियमितता सामने आ रही है। मतदाताओं तारीख बीतने के बाद नोटिस वितरित किया जा रहा है। मतदाता असमंजस में हैं कि समय सीमा बीतने के बाद वे अपना पक्ष और आवश्यक दस्तावेज कैसे प्रस्तुत करें। स्थिति यह है कि 29 और 30 जनवरी को उपस्थित होने की सूचना वाली नोटिस 30 और 31 जनवरी को मतदाताओं को दी जा रही है।
जिले में एसआईआर अभियान के दौरान कुल 2,03,872 ऐसे मतदाता चिह्नित किए गए हैं, जिनका नाम मतदाता सूची में तो दर्ज है लेकिन उनका भौगोलिक अथवा पारिवारिक मैपिंग नहीं हो सका है। पनियरा विधानसभा क्षेत्र के ग्राम पंचायत बैदा में यह समस्या खुलकर सामने आई है। बैदा गांव के भाग संख्या दो, क्रम संख्या 2 के मतदाता गुलाब का नाम नो मैपिंग सूची में शामिल है। उन्हें बीएलओ परमिला की ओर से 30 जनवरी को नोटिस दी गई जबकि नोटिस में स्पष्ट लिखा है कि 30 जनवरी को दोपहर 12 से 2:30 बजे के बीच सहायक एवं अतिरिक्त सहायक निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी, पनियरा के समक्ष उपस्थित होकर दस्तावेज प्रस्तुत करने हैं। गुलाब का कहना है कि नोटिस मिलने तक तय समय समाप्त हो चुका था, ऐसे में कैसे उपस्थित होकर अपना पक्ष रखा जाए।
इसी तरह बैदा गांव के भाग संख्या एक, क्रम संख्या 659 की मतदाता शांति का नाम भी नो मैपिंग सूची में दर्ज है। उन्हें बीएलओ दुर्गेश की ओर से 31 जनवरी की सुबह 11 बजे नोटिस दिया गया जबकि नोटिस में लिखा है कि 29 जनवरी को 12 से 2:30 बजे के बीच सहायक एवं अतिरिक्त सहायक निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी पनियरा के समक्ष उपस्थित होकर केंद्रीय चुनाव आयोग के मानकों के अनुसार जरूरी प्रपत्र प्रस्तुत करें। शांति का कहना है कि जब नोटिस ही दो दिन बाद मिली तो वे 29 जनवरी को कैसे उपस्थित हो सकती थीं। अब उन्हें डर है कि अनुपस्थिति के आधार पर कहीं उनका नाम मतदाता सूची से न हटा दिया जाए।
बैदा गांव की भाग संख्या एक की मतदाता सरस्वती देवी ने बताया कि उन्हें बीएलओ दुर्गेश कुमार की ओर से 31 जनवरी सुबह 10:45 बजे नो-मैपिंग की नोटिस दी गई। जबकि नोटिस में 29 जनवरी को सहायक निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी, पनियरा के समक्ष उपस्थित होकर दस्तावेज जमा करने कहा गया है। सरस्वती देवी का कहना है कि निर्धारित समय-सीमा बीत जाने के बाद नोटिस देने का क्या औचित्य है। उन्नति ने भी बताया कि उन्हें 31 जनवरी को नो-मैपिंग की नोटिस दी गई, जिसमें 29 जनवरी दोपहर 12 से 2:30 बजे तक दस्तावेज प्रस्तुत करने का निर्देश है।
बैदा गांव के भाग संख्या दो के मतदाता रणजीत ने बताया कि बीएलओ परमिला ने उन्हें 30 जनवरी सुबह 10 बजे नो मैपिंग की नोटिस दी और बताया कि उसी दिन आधार कार्ड, परिवार रजिस्टर की नकल समेत अन्य कागजात लेकर सहायक निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी, पनियरा के समक्ष उपस्थित होना है। रणजीत का कहना है कि कुछ ही घंटों के भीतर दस्तावेज जुटाना और कार्यालय पहुंचना ग्रामीण मतदाताओं के लिए बेहद मुश्किल है।
जवाब देने के लिए नहीं मिल रहा पर्याप्त समय
एसआईआर प्रक्रिया में गड़बड़ी मिलने पर चिह्नित मतदाताओं को सुधार के लिए नोटिस पत्र भेजा जा रहा है। लेकिन मतदाताओं को नोटिस पत्र का जवाब देने के लिए पर्याप्त समय नहीं मिल रहा है। क्योंकि मतदाताओं को जवाब देने से महज कुछ ही घंटे पहले उन्हें नोटिस थमाया जा रहा है।
शनिवार को तहसील स्थित आपूर्ति कार्यालय में एसआईआर में गड़बड़ी को सुधार कराने के लिए पहुंचे मतदाता सुनील गुप्ता, कलावती देवी, रंजू देवी, विपत आदि ने कहा कि एसआईआर भरने के दौरान उन लोगों के फार्म में जन्मतिथि और जगह की गड़बड़ी हो गई थी। एसआईआर को सुधार कराने के लिए उन लोगों को महज 12 घंटे पहले नोटिस पत्र दिया गया है। क्योंकि नोटिस पत्र के साथ साक्ष्यों को लेकर अगले दिन कार्यालय पहुंच सुधार कराना था। ऐसे में तत्काल नोटिस पत्र मिलने से चल लोग पहले काफी परेशान हुए।
प्रत्येक बूथ पर बीएलओ की टीम मौजूद
आपूर्ति निरीक्षक इंद्रभान सिंह ने बताया कि एसआईआर प्रक्रिया के दौरान मतदाता अपनी मार्कशीट, माता-पिता का वोटर आईडी कार्ड, अपना वोटर आईडी कार्ड सहित अन्य प्रकार के विवरण को भी उपलब्ध करा सकते हैं। इसी के साथ-साथ जन्म प्रमाण पत्र एवं अन्य प्रकार के विवरण को भी मतदाता उपलब्ध कर सकते हैं। प्रत्येक बूथ पर बीएलओ की टीम भी मौजूद है। जो नोटिस के साथ ही हर तरह का विवरण उपलब्ध करा रही है।
वर्जन
विशेष प्रगाढ़ पुनरीक्षण अभियान की मतदाता सूची में मेरा नाम नो मैपिंग श्रेणी में दर्ज किया गया है। 31 जनवरी को सुबह करीब 10 बजे बीएलओ घर पहुंचे और नोटिस दी। नोटिस में सहायक निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी, पनियरा के पास आज ही 31 जनवरी को ही माता-पिता के नाम से संबंधित परिवार रजिस्टर की नकल और वर्ष 2003 की मतदाता सूची के प्रमाण प्रस्तुत करने को बताया गया है।
-मानिका, बैदा
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31 जनवरी को नोटिस मिला, ध्यान से देखा तो उसमें स्पष्ट रूप से अंकित था कि 29 जनवरी को सहायक निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी, पनियरा के समक्ष उपस्थित होकर आवश्यक कागजात के साथ अपना दावा प्रस्तुत करना है। निर्धारित तिथि बीत जाने के बाद नोटिस मिलने से असमंजस में हूं। जरूरी दस्तावेज मायके से मंगाना हैं, जिन्हें इतनी कम अवधि में जुटा पाना संभव नहीं है।
-कुसुम, बैदा
वर्जन
मतदाताओं को परेशान होने की जरूरत नहीं है। देर होने के बाद नोटिस मिल रही है तो भी समय से निर्धारित स्थान पर उपस्थित होकर जरूरी दस्तावेज जमा करें। इसमें लापरवाही करना ठीक नहीं है।
-राहुल सागर, खंड विकास अधिकारी पनियरा
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एसआईआर अभियान के दौरान कुल 2,03,872 मतदाता नो मैपिंग में चिह्नित
महराजगंज। विशेष प्रगाढ़ पुनरीक्षण अभियान (एसआईआर) के तहत नो मैपिंग मतदाताओं को नोटिस वितरित करने में अनियमितता सामने आ रही है। मतदाताओं तारीख बीतने के बाद नोटिस वितरित किया जा रहा है। मतदाता असमंजस में हैं कि समय सीमा बीतने के बाद वे अपना पक्ष और आवश्यक दस्तावेज कैसे प्रस्तुत करें। स्थिति यह है कि 29 और 30 जनवरी को उपस्थित होने की सूचना वाली नोटिस 30 और 31 जनवरी को मतदाताओं को दी जा रही है।
जिले में एसआईआर अभियान के दौरान कुल 2,03,872 ऐसे मतदाता चिह्नित किए गए हैं, जिनका नाम मतदाता सूची में तो दर्ज है लेकिन उनका भौगोलिक अथवा पारिवारिक मैपिंग नहीं हो सका है। पनियरा विधानसभा क्षेत्र के ग्राम पंचायत बैदा में यह समस्या खुलकर सामने आई है। बैदा गांव के भाग संख्या दो, क्रम संख्या 2 के मतदाता गुलाब का नाम नो मैपिंग सूची में शामिल है। उन्हें बीएलओ परमिला की ओर से 30 जनवरी को नोटिस दी गई जबकि नोटिस में स्पष्ट लिखा है कि 30 जनवरी को दोपहर 12 से 2:30 बजे के बीच सहायक एवं अतिरिक्त सहायक निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी, पनियरा के समक्ष उपस्थित होकर दस्तावेज प्रस्तुत करने हैं। गुलाब का कहना है कि नोटिस मिलने तक तय समय समाप्त हो चुका था, ऐसे में कैसे उपस्थित होकर अपना पक्ष रखा जाए।
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इसी तरह बैदा गांव के भाग संख्या एक, क्रम संख्या 659 की मतदाता शांति का नाम भी नो मैपिंग सूची में दर्ज है। उन्हें बीएलओ दुर्गेश की ओर से 31 जनवरी की सुबह 11 बजे नोटिस दिया गया जबकि नोटिस में लिखा है कि 29 जनवरी को 12 से 2:30 बजे के बीच सहायक एवं अतिरिक्त सहायक निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी पनियरा के समक्ष उपस्थित होकर केंद्रीय चुनाव आयोग के मानकों के अनुसार जरूरी प्रपत्र प्रस्तुत करें। शांति का कहना है कि जब नोटिस ही दो दिन बाद मिली तो वे 29 जनवरी को कैसे उपस्थित हो सकती थीं। अब उन्हें डर है कि अनुपस्थिति के आधार पर कहीं उनका नाम मतदाता सूची से न हटा दिया जाए।
बैदा गांव की भाग संख्या एक की मतदाता सरस्वती देवी ने बताया कि उन्हें बीएलओ दुर्गेश कुमार की ओर से 31 जनवरी सुबह 10:45 बजे नो-मैपिंग की नोटिस दी गई। जबकि नोटिस में 29 जनवरी को सहायक निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी, पनियरा के समक्ष उपस्थित होकर दस्तावेज जमा करने कहा गया है। सरस्वती देवी का कहना है कि निर्धारित समय-सीमा बीत जाने के बाद नोटिस देने का क्या औचित्य है। उन्नति ने भी बताया कि उन्हें 31 जनवरी को नो-मैपिंग की नोटिस दी गई, जिसमें 29 जनवरी दोपहर 12 से 2:30 बजे तक दस्तावेज प्रस्तुत करने का निर्देश है।
बैदा गांव के भाग संख्या दो के मतदाता रणजीत ने बताया कि बीएलओ परमिला ने उन्हें 30 जनवरी सुबह 10 बजे नो मैपिंग की नोटिस दी और बताया कि उसी दिन आधार कार्ड, परिवार रजिस्टर की नकल समेत अन्य कागजात लेकर सहायक निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी, पनियरा के समक्ष उपस्थित होना है। रणजीत का कहना है कि कुछ ही घंटों के भीतर दस्तावेज जुटाना और कार्यालय पहुंचना ग्रामीण मतदाताओं के लिए बेहद मुश्किल है।
जवाब देने के लिए नहीं मिल रहा पर्याप्त समय
एसआईआर प्रक्रिया में गड़बड़ी मिलने पर चिह्नित मतदाताओं को सुधार के लिए नोटिस पत्र भेजा जा रहा है। लेकिन मतदाताओं को नोटिस पत्र का जवाब देने के लिए पर्याप्त समय नहीं मिल रहा है। क्योंकि मतदाताओं को जवाब देने से महज कुछ ही घंटे पहले उन्हें नोटिस थमाया जा रहा है।
शनिवार को तहसील स्थित आपूर्ति कार्यालय में एसआईआर में गड़बड़ी को सुधार कराने के लिए पहुंचे मतदाता सुनील गुप्ता, कलावती देवी, रंजू देवी, विपत आदि ने कहा कि एसआईआर भरने के दौरान उन लोगों के फार्म में जन्मतिथि और जगह की गड़बड़ी हो गई थी। एसआईआर को सुधार कराने के लिए उन लोगों को महज 12 घंटे पहले नोटिस पत्र दिया गया है। क्योंकि नोटिस पत्र के साथ साक्ष्यों को लेकर अगले दिन कार्यालय पहुंच सुधार कराना था। ऐसे में तत्काल नोटिस पत्र मिलने से चल लोग पहले काफी परेशान हुए।
प्रत्येक बूथ पर बीएलओ की टीम मौजूद
आपूर्ति निरीक्षक इंद्रभान सिंह ने बताया कि एसआईआर प्रक्रिया के दौरान मतदाता अपनी मार्कशीट, माता-पिता का वोटर आईडी कार्ड, अपना वोटर आईडी कार्ड सहित अन्य प्रकार के विवरण को भी उपलब्ध करा सकते हैं। इसी के साथ-साथ जन्म प्रमाण पत्र एवं अन्य प्रकार के विवरण को भी मतदाता उपलब्ध कर सकते हैं। प्रत्येक बूथ पर बीएलओ की टीम भी मौजूद है। जो नोटिस के साथ ही हर तरह का विवरण उपलब्ध करा रही है।
वर्जन
विशेष प्रगाढ़ पुनरीक्षण अभियान की मतदाता सूची में मेरा नाम नो मैपिंग श्रेणी में दर्ज किया गया है। 31 जनवरी को सुबह करीब 10 बजे बीएलओ घर पहुंचे और नोटिस दी। नोटिस में सहायक निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी, पनियरा के पास आज ही 31 जनवरी को ही माता-पिता के नाम से संबंधित परिवार रजिस्टर की नकल और वर्ष 2003 की मतदाता सूची के प्रमाण प्रस्तुत करने को बताया गया है।
-मानिका, बैदा
31 जनवरी को नोटिस मिला, ध्यान से देखा तो उसमें स्पष्ट रूप से अंकित था कि 29 जनवरी को सहायक निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी, पनियरा के समक्ष उपस्थित होकर आवश्यक कागजात के साथ अपना दावा प्रस्तुत करना है। निर्धारित तिथि बीत जाने के बाद नोटिस मिलने से असमंजस में हूं। जरूरी दस्तावेज मायके से मंगाना हैं, जिन्हें इतनी कम अवधि में जुटा पाना संभव नहीं है।
-कुसुम, बैदा
वर्जन
मतदाताओं को परेशान होने की जरूरत नहीं है। देर होने के बाद नोटिस मिल रही है तो भी समय से निर्धारित स्थान पर उपस्थित होकर जरूरी दस्तावेज जमा करें। इसमें लापरवाही करना ठीक नहीं है।
-राहुल सागर, खंड विकास अधिकारी पनियरा
