{"_id":"69f64b34cea3fbd9d005d205","slug":"the-emergency-ward-is-full-of-patients-suffering-from-diarrhoea-and-dehydration-mahoba-news-c-225-1-mah1001-124862-2026-05-03","type":"story","status":"publish","title_hn":"Mahoba News: डायरिया व डिहाइड्रेशन के मरीजों से इमरजेंसी वार्ड फुल","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Mahoba News: डायरिया व डिहाइड्रेशन के मरीजों से इमरजेंसी वार्ड फुल
विज्ञापन
फोटो 02 एमएएचपी 13 परिचय-जिला अस्पताल के वार्ड में भर्ती डायरिया-बुखार के मरीज। संवाद
विज्ञापन
महोबा। तेज धूप और गर्मी से डिहाइड्रेशन व डायरिया के मरीजों की संख्या दोगुनी हो गई है। इससे इमरजेंसी के बेड फुल चल रहे हैं। रोजाना 10 से 12 मरीज भर्ती हो रहे हैं। पांच से आठ घंटे तक उपचार के बाद मरीजों की सेहत में सुधार होने पर डिस्चार्ज किया जा रहा है।
जिला अस्पताल में प्रतिदिन डिहाइड्रेशन और डायरिया से पीड़ित मरीज आ रहे हैं। इन मरीजों में बुखार, उल्टी, दस्त आदि के लक्षण देखने को मिल रहे हैं। तमाम मरीज तो बेहद नाजुक हालत में आ रहे हैं। 24 घंटे के अंदर हरिओम, विक्रम, इंद्रप्रकाश, ऋषि, कुंवरबाई समेत 12 मरीजों की हालत बिगड़ने पर उन्हें जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया। डॉ. राजेश कुमार भट्ट का कहना है कि बीते एक सप्ताह से भीषण गर्मी के चलते उल्टी-दस्त, पेट में दर्द, डिहाइड्रेशन (शरीर में पानी की कमी) के मरीजों की संख्या बढ़कर दोगुनी हो गई है।
रोजाना भर्ती हो रहे मरीजों में से तीन से पांच की हालत गंभीर मिलती है। शेष मरीजों को कुछ घंटे के उपचार के बाद सुधार होने पर डिस्चार्ज किया जा रहा है। दस्त के मरीजों की संख्या सबसे ज्यादा है। इसमें धूप में काम करने वाले लोग अधिक हैं। बाल रोग विशेषज्ञ के डॉ. शाजी रहील ने बताया कि तेज धूप व गर्मी में स्कूल भी चल रहे हैं। शादी-समारोह में बच्चे तला-भुना खा रहे हैं। इससे तेज बुखार के साथ उल्टी, दस्त और पेट में दर्द की मामले बढ़े हैं। पर्याप्त पानी न पीने से डिहाइड्रेशन भी हो रहा है। प्रतिदिन ऐसे तीन-चार बच्चे भर्ती हो रहे हैं। उन्होंने सलाह दी है कि बच्चों को सुबह-शाम ही बाहर खेलने दें। दो बोतल पानी देकर बच्चों को स्कूल भेजें, ओआरएस मिला सकते हैं।
Trending Videos
जिला अस्पताल में प्रतिदिन डिहाइड्रेशन और डायरिया से पीड़ित मरीज आ रहे हैं। इन मरीजों में बुखार, उल्टी, दस्त आदि के लक्षण देखने को मिल रहे हैं। तमाम मरीज तो बेहद नाजुक हालत में आ रहे हैं। 24 घंटे के अंदर हरिओम, विक्रम, इंद्रप्रकाश, ऋषि, कुंवरबाई समेत 12 मरीजों की हालत बिगड़ने पर उन्हें जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया। डॉ. राजेश कुमार भट्ट का कहना है कि बीते एक सप्ताह से भीषण गर्मी के चलते उल्टी-दस्त, पेट में दर्द, डिहाइड्रेशन (शरीर में पानी की कमी) के मरीजों की संख्या बढ़कर दोगुनी हो गई है।
विज्ञापन
विज्ञापन
रोजाना भर्ती हो रहे मरीजों में से तीन से पांच की हालत गंभीर मिलती है। शेष मरीजों को कुछ घंटे के उपचार के बाद सुधार होने पर डिस्चार्ज किया जा रहा है। दस्त के मरीजों की संख्या सबसे ज्यादा है। इसमें धूप में काम करने वाले लोग अधिक हैं। बाल रोग विशेषज्ञ के डॉ. शाजी रहील ने बताया कि तेज धूप व गर्मी में स्कूल भी चल रहे हैं। शादी-समारोह में बच्चे तला-भुना खा रहे हैं। इससे तेज बुखार के साथ उल्टी, दस्त और पेट में दर्द की मामले बढ़े हैं। पर्याप्त पानी न पीने से डिहाइड्रेशन भी हो रहा है। प्रतिदिन ऐसे तीन-चार बच्चे भर्ती हो रहे हैं। उन्होंने सलाह दी है कि बच्चों को सुबह-शाम ही बाहर खेलने दें। दो बोतल पानी देकर बच्चों को स्कूल भेजें, ओआरएस मिला सकते हैं।
