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Mau News: चौकीदारों को राज्य कर्मचारी का दर्जा, 25 हजार मानदेय और वर्दी उपलब्ध कराने की मांग
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ग्रामीण चौकीदार कल्याण समिति के जिलाध्यक्ष प्रमोद कुमार दूबे के नेतृत्व में ग्रामीण चौकीदारों ने सोमवार को जिलाधिकारी को ज्ञापन सौंपा। उन्होंने ग्रामीण चौकीदारों को राज्य कर्मचारी का दर्जा देने और मानदेय बढ़ाकर 25 हजार रुपये प्रतिमाह करने की मांग की।
सौंपे गए ज्ञापन में कहा गया कि प्रदेश के ग्रामीण चौकीदार गांवों में कानून-व्यवस्था बनाए रखने, प्रशासन को सूचनाएं उपलब्ध कराने तथा विभिन्न सरकारी कार्यों में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। इसके बावजूद उन्हें अपेक्षित सुविधाएं नहीं मिल पा रही हैं।
चौकीदारों ने मांग की कि वर्ष 1876 के प्रावधानों के तहत कार्यरत ग्रामीण चौकीदारों की सेवा शर्तों में सुधार करते हुए बिहार की तर्ज पर उन्हें चतुर्थ श्रेणी राज्य कर्मचारी घोषित किया जाए। साथ ही अन्य राज्य कर्मचारियों की तरह सभी मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएं।
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उन्होंने सेवानिवृत्ति के बाद पेंशन व्यवस्था लागू करने, सेवाकाल के दौरान मृत्यु होने पर आश्रित को नौकरी देने तथा सरकारी कोष से बीमा कराने की भी मांग की। कहा कि वर्तमान में मिलने वाला 2,500 रुपये मासिक मानदेय महंगाई के दौर में जीवन-यापन के लिए पर्याप्त नहीं है।
इसे बढ़ाकर 25 हजार रुपये प्रतिमाह किया जाए। चौकीदारों ने पदोन्नति की व्यवस्था लागू करने, पुलिसकर्मियों की तरह वर्दी उपलब्ध कराने तथा थानों पर ड्यूटी के दौरान आवासीय सुविधा उपलब्ध कराने की भी मांग की।
सौंपे गए ज्ञापन में कहा गया कि प्रदेश के ग्रामीण चौकीदार गांवों में कानून-व्यवस्था बनाए रखने, प्रशासन को सूचनाएं उपलब्ध कराने तथा विभिन्न सरकारी कार्यों में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। इसके बावजूद उन्हें अपेक्षित सुविधाएं नहीं मिल पा रही हैं।
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चौकीदारों ने मांग की कि वर्ष 1876 के प्रावधानों के तहत कार्यरत ग्रामीण चौकीदारों की सेवा शर्तों में सुधार करते हुए बिहार की तर्ज पर उन्हें चतुर्थ श्रेणी राज्य कर्मचारी घोषित किया जाए। साथ ही अन्य राज्य कर्मचारियों की तरह सभी मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएं।
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इसे बढ़ाकर 25 हजार रुपये प्रतिमाह किया जाए। चौकीदारों ने पदोन्नति की व्यवस्था लागू करने, पुलिसकर्मियों की तरह वर्दी उपलब्ध कराने तथा थानों पर ड्यूटी के दौरान आवासीय सुविधा उपलब्ध कराने की भी मांग की।