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Mirzapur News: गोतस्करी में तत्कालीन डिप्टी सीवीओ डॉ. तेजेंद्र निलंबित
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संवाद न्यूज एजेंसी
मिर्जापुर। पशुधन के अपर मुख्य सचिव ने बड़ी कार्रवाई करते हुए जिले के तत्कालीन उप मुख्य पशु चिकित्साधिकारी डॉ. तेजेंद्र को निलंबित कर दिया। बताया जा रहा है कि यह कार्रवाई लालगंज के सोनबरसा गोआश्रय स्थल से गोतस्करी के आरोप में की गई है।
गो तस्करी का खुलासा जनवरी 2026 में हुआ था। जिलाधिकारी पवन कुमार गंगवार ने उसी समय कार्रवाई करते हुए पंचायत सचिव और पशुधन प्रसार अधिकारी को निलंबित कर दिया था। संबंधित ग्राम प्रधान पर भी कार्रवाई की गई थी। इसके बाद मामले को शांत समझ लिया गया है, लेकिन सोमवार को अपर मुख्य सचिव ने उस समय के डिप्टी सीवीओ रहे डॉ. तेजेंद्र को भी निलंबित कर दिया। इससे पूरा मामला फिर गरमा गया है। इसके साथ ही गोआश्रय स्थलों को लेकर एक बार फिर चर्चा शुरू हो गई है।
मुख्य पशु चिकित्साधिकारी डॉ. भूपेंद्र कुमार पाठक ने बताया कि अपर मुख्य सचिव पशुधन ने डॉ. तेजेंद्र को निलंबित कर दिया है। डिप्टी सीवीओ पद से उन्हें उसी समय हटा दिया गया था।
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आरोपी ने पुलिस को बताया था- सोनबरसा पशु आश्रय स्थल का गोवंश चोरी करता थाजनवरी 2026 में लालगंज के दीपनगर-सिरसी संपर्क मार्ग से पशु तस्करी के आरोप में अनिल प्रजापति को पकड़ा गया था। वह सोनभद्र के सरईगढ़ थाना क्षेत्र के रायपुर का रहने वाला था। उसके पास से मिले वाहन से पांच गोवंश मुक्त कराए गए थे।
बताया गया था कि मुक्त कराए गए गोवंश में पशु आश्रय स्थल का गोवंश भी शामिल था। एक पशु तस्कर भाग निकला था। पूछताछ में अनिल ने पुलिस को बताया था कि सोनवर्षा स्थित गोआश्रय स्थल से गोवंश को चोरी कर बेचा जाता है। इसके बाद मामले की छानबीन शुरू की गई।
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मिर्जापुर। पशुधन के अपर मुख्य सचिव ने बड़ी कार्रवाई करते हुए जिले के तत्कालीन उप मुख्य पशु चिकित्साधिकारी डॉ. तेजेंद्र को निलंबित कर दिया। बताया जा रहा है कि यह कार्रवाई लालगंज के सोनबरसा गोआश्रय स्थल से गोतस्करी के आरोप में की गई है।
गो तस्करी का खुलासा जनवरी 2026 में हुआ था। जिलाधिकारी पवन कुमार गंगवार ने उसी समय कार्रवाई करते हुए पंचायत सचिव और पशुधन प्रसार अधिकारी को निलंबित कर दिया था। संबंधित ग्राम प्रधान पर भी कार्रवाई की गई थी। इसके बाद मामले को शांत समझ लिया गया है, लेकिन सोमवार को अपर मुख्य सचिव ने उस समय के डिप्टी सीवीओ रहे डॉ. तेजेंद्र को भी निलंबित कर दिया। इससे पूरा मामला फिर गरमा गया है। इसके साथ ही गोआश्रय स्थलों को लेकर एक बार फिर चर्चा शुरू हो गई है।
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मुख्य पशु चिकित्साधिकारी डॉ. भूपेंद्र कुमार पाठक ने बताया कि अपर मुख्य सचिव पशुधन ने डॉ. तेजेंद्र को निलंबित कर दिया है। डिप्टी सीवीओ पद से उन्हें उसी समय हटा दिया गया था।
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आरोपी ने पुलिस को बताया था- सोनबरसा पशु आश्रय स्थल का गोवंश चोरी करता थाजनवरी 2026 में लालगंज के दीपनगर-सिरसी संपर्क मार्ग से पशु तस्करी के आरोप में अनिल प्रजापति को पकड़ा गया था। वह सोनभद्र के सरईगढ़ थाना क्षेत्र के रायपुर का रहने वाला था। उसके पास से मिले वाहन से पांच गोवंश मुक्त कराए गए थे।
बताया गया था कि मुक्त कराए गए गोवंश में पशु आश्रय स्थल का गोवंश भी शामिल था। एक पशु तस्कर भाग निकला था। पूछताछ में अनिल ने पुलिस को बताया था कि सोनवर्षा स्थित गोआश्रय स्थल से गोवंश को चोरी कर बेचा जाता है। इसके बाद मामले की छानबीन शुरू की गई।