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UP: पीलीभीत की जलेबी, लस्सी और खोया मिठाइयों को मिलेगी नई पहचान, सरकार देगी 50 लाख तक की सहायता

संवाद न्यूज एजेंसी, पीलीभीत Published by: Mukesh Kumar Updated Thu, 18 Jun 2026 05:38 PM IST
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सार

उत्तर प्रदेश सरकार ने एक जिला एक व्यंजन (ओडीओसी) योजना शुरू की है।इसके तहत पीलीभीत की जलेबी, लस्सी और खोया मिठाइयों का चयन हुआ है। योजना से इनके उत्पादन और विपणन को बढ़ावा मिलेगा।

Pilibhit jalebi lassi and khoya sweets will gain recognition under One District One Dish Scheme
सांकेतिक तस्वीर - फोटो : Freepik
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विस्तार

उत्तर प्रदेश सरकार ने प्रदेश की पारंपरिक खाद्य विरासत को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय पहचान दिलाने के उद्देश्य से एक जिला एक व्यंजन (ओडीओसी) योजना शुरू की है। इसके तहत पीलीभीत जिले से जलेबी, लस्सी तथा संदेश, लौंज सहित खोया आधारित मिठाइयों का चयन किया गया है। इन व्यंजनों को जिले की सांस्कृतिक पहचान के रूप में विकसित करने के साथ इनके उत्पादन और विपणन को भी बढ़ावा दिया जाएगा।



योजना का लाभ पाने के लिए ये है शर्त 
उप आयुक्त उद्योग ने बताया कि योजना के तहत 25 लाख रुपये तक की लागत वाली इकाइयों को परियोजना लागत का 25 प्रतिशत, अधिकतम 6.25 लाख रुपये तक मार्जिन मनी दी जाएगी। वहीं 150 लाख रुपये या उससे अधिक लागत वाली परियोजनाओं को 10 प्रतिशत, अधिकतम 50 लाख रुपये तक की सहायता मिलेगी। योजना का लाभ लेने के लिए आवेदक की आयु कम से कम 18 वर्ष होनी चाहिए। किसी प्रकार की न्यूनतम शैक्षिक योग्यता अनिवार्य नहीं है। लाभ केवल पीलीभीत के चयनित ओडीओसी व्यंजनों से संबंधित उद्योग, सेवा एवं व्यवसाय इकाइयों को मिलेगा। साथ ही आवेदक ने पूर्व में केंद्र या प्रदेश सरकार की किसी अन्य स्वरोजगार योजना का लाभ न लिया हो। 
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लाभार्थियों को दिया जाएगा प्रशिक्षण 
अनुसूचित जाति, जनजाति, अन्य पिछड़ा वर्ग, अल्पसंख्यक, ट्रांसजेंडर और दिव्यांग श्रेणी के आवेदकों को संबंधित प्रमाणपत्र भी प्रस्तुत करना होगा। बैंक से ऋण स्वीकृत होने के बाद नए लाभार्थियों को एक सप्ताह का प्रशिक्षण भी दिया जाएगा। योजना के तहत स्थानीय, राज्यस्तरीय, राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय मेलों में स्टॉल शुल्क, माल ढुलाई और यात्रा व्यय पर 75 प्रतिशत तक अनुदान दिया जाएगा। गुणवत्ता मानकों को अपनाने के लिए भी वित्तीय सहायता उपलब्ध कराई जाएगी।

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