{"_id":"6a3839b9c9347290fa0df14e","slug":"three-people-were-duped-of-rs-1157-lakh-on-the-pretext-of-a-loan-of-rs-30-lakh-fir-lodged-against-them-saharanpur-news-c-30-1-sah1001-178028-2026-06-22","type":"story","status":"publish","title_hn":"Saharanpur News: 30 लाख के लोन का झांसा देकर 11.57 लाख की ठगी, तीन पर प्राथमिकी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Saharanpur News: 30 लाख के लोन का झांसा देकर 11.57 लाख की ठगी, तीन पर प्राथमिकी
संवाद न्यूज एजेंसी, सहारनपुर
Updated Mon, 22 Jun 2026 12:51 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विज्ञापन
सहारनपुर। फेसबुक पर मुद्रा लोन के विज्ञापन के जरिए एक व्यक्ति से 11.57 लाख रुपये की ऑनलाइन ठगी कर ली गई। ठगों ने सब्सिडी और कम ब्याज का लालच देकर खाते व बारकोड में रकम जमा कराई। इस मामले में साइबर क्राइम पुलिस ने तीन के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर ली है।
कोतवाली मंडी क्षेत्र के बेहट रोड निवासी सुमित तायल ने तहरीर देकर बताया कि फेसबुक पर मुद्रा लोन से संबंधित एक विज्ञापन देखा था। विज्ञापन पर क्लिक करने के बाद अंजान नंबर से फोन आया। कॉल करने वाले व्यक्ति ने अपना नाम राकेश शर्मा बताया और 30 लाख रुपये का लोन मात्र दो प्रतिशत ब्याज पर दिलाने व 40 प्रतिशत सब्सिडी मिलने का दावा किया। आरोप है कि पहले फाइल चार्ज के नाम पर 449 रुपये और फिर खाता खोलने के लिए 49 हजार रुपये जमा कराए गए। इसके बाद संजीव शर्मा और चरण सिंह नाम के अन्य व्यक्तियों ने भी लगातार फोन कर विभिन्न शुल्क और प्रक्रिया पूरी कराने के नाम पर रुपये जमा कराने का दबाव बनाया।
पीड़ित ने उनके झांसे में आकर अलग-अलग बैंक खातों और बारकोड के माध्यम से किस्तों में 11,57,835 रुपये जमा कर दिए। इसके अलावा जनसेवा केंद्र के माध्यम से भी आरोपियों ने उपलब्ध कराए गए बारकोड पर भुगतान किया। पीड़ित का कहना है कि रकम जमा कराने के बाद न तो लोन मिला और न ही जमा धनराशि वापस की गई। अब आरोपियों के मोबाइल नंबर भी बंद आ रहे हैं। साइबर क्राइम पुलिस ने राकेश शर्मा, संजीव शर्मा और चरण सिंह के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज करते हुए जांच शुरू कर दी है।
विज्ञापन
कोतवाली मंडी क्षेत्र के बेहट रोड निवासी सुमित तायल ने तहरीर देकर बताया कि फेसबुक पर मुद्रा लोन से संबंधित एक विज्ञापन देखा था। विज्ञापन पर क्लिक करने के बाद अंजान नंबर से फोन आया। कॉल करने वाले व्यक्ति ने अपना नाम राकेश शर्मा बताया और 30 लाख रुपये का लोन मात्र दो प्रतिशत ब्याज पर दिलाने व 40 प्रतिशत सब्सिडी मिलने का दावा किया। आरोप है कि पहले फाइल चार्ज के नाम पर 449 रुपये और फिर खाता खोलने के लिए 49 हजार रुपये जमा कराए गए। इसके बाद संजीव शर्मा और चरण सिंह नाम के अन्य व्यक्तियों ने भी लगातार फोन कर विभिन्न शुल्क और प्रक्रिया पूरी कराने के नाम पर रुपये जमा कराने का दबाव बनाया।
विज्ञापन
विज्ञापन
पीड़ित ने उनके झांसे में आकर अलग-अलग बैंक खातों और बारकोड के माध्यम से किस्तों में 11,57,835 रुपये जमा कर दिए। इसके अलावा जनसेवा केंद्र के माध्यम से भी आरोपियों ने उपलब्ध कराए गए बारकोड पर भुगतान किया। पीड़ित का कहना है कि रकम जमा कराने के बाद न तो लोन मिला और न ही जमा धनराशि वापस की गई। अब आरोपियों के मोबाइल नंबर भी बंद आ रहे हैं। साइबर क्राइम पुलिस ने राकेश शर्मा, संजीव शर्मा और चरण सिंह के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज करते हुए जांच शुरू कर दी है।