Sambhal News: संभल में एक बार फिर न्यायिक फेरबदल, दीपक जायसवाल बनाए गए जिले के मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट
संभल के मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट (सीजेएम) की जिम्मेदारी अब दीपक जायसवाल को मिली है। वहीं, संभल के तत्कालीन मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट (सीजेएम) विभांशु सुधीर का तबादला निरस्त कराने के लिए शुक्रवार को मुरादाबाद में अधिवक्ताओं ने जुलूस निकालकर प्रदर्शन किया।
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संभल जिले में एक बार फिर न्यायिक फेरबदल हुआ है। संभल के मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट (सीजेएम) की जिम्मेदारी अब दीपक जायसवाल को मिली है। इस पद पर रहे विभांशु सुधीर का तबादला सुल्तानपुर जिले में हुआ था तो उनकी खूब चर्चा रही क्योंकि विभांशु सुधीर ने संभल के तत्कालीन सीओ अनुज चौधरी, संभल के तत्कालीन कोतवाल अनुज तोमर समेत 22 पुलिसकर्मियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने के आदेश किए थे।
यह आदेश संभल के खग्गू सराय निवासी यामीन की अर्जी पर दिया गया था। यामीन का आरोप है कि उसके बेटे आलम को 24 नवंबर 2024 को जामा मस्जिद सर्वे के दौरान हुए बवाल में पुलिस ने तीन गोलियां मारी थीं। इसमें तत्कालीन सीओ, तत्कालीन कोतवाल समेत 22 पुलिसकर्मियों को आरोपी बनाने की अर्जी लगाई थी। इस अर्जी पर आदेश किया तो उनकी खूब चर्चा हुई थी। हाईकोर्ट से जारी किए गए आदेश में सीजेएम की जिम्मेदारी चंदौसी में तैनात सिविल जज सीनियर डिवीजन आदित्य सिंह को दी थी। अब उनके स्थान पर दीपक जायसवाल को जिम्मेदारी सौंपी गई है।
पुलिसकर्मियों के खिलाफ दाखिल अर्जी में यह था आरोप
यामीन ने सीजेएम कोर्ट में अर्जी देकर कहा था कि 24 नवंबर 2024 को उनका बेटा आलम घर से ठेले पर बिस्कुट बेचने निकला था। रास्ते में बवाल के दौरान फायरिंग हो गई। तीन गोलियां लगने से आलम बुरी तरह घायल हो गया था, जिसका उपचार मेरठ में कराया गया। अभी भी उसकी हालत में पूरी तरह सुधार नहीं है। आरोप यह भी था कि पुलिस-प्रशासन के आला अधिकारियों से रिपोर्ट दर्ज करने की मांग की तो रिपोर्ट दर्ज नहीं की गई। इसके बाद ही वह कोर्ट आए हैं। इस अर्जी पर रिपोर्ट दर्ज करने के आदेश हुए तो पुलिस महकमे में खलबली मच गई। संभल के तत्कालीन सीओ अनुज चौधरी वर्तमान में जिला फिरोजाबाद में एएसपी के पद पर तैनात हैं। जबकि संभल के तत्कालीन कोतवाली प्रभारी अनुज तोमर चंदौसी कोतवाली का प्रभार संभाले हुए हैं।
मालूम हो कोर्ट के आदेश के बाद पुलिस ने हाईकोर्ट में जाकर अपील करने की बात कही थी। हालांकि, अभी तक पुलिस भी हाईकोर्ट अपील करने नहीं गई है और न ही रिपोर्ट दर्ज की गई है।
संभल के तत्कालीन सीजेएम का तबादला निरस्त कराने के लिए मुख्य न्यायाधीश को भेजा ज्ञापन
संभल के तत्कालीन मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट (सीजेएम) विभांशु सुधीर का तबादला निरस्त कराने के लिए शुक्रवार को मुरादाबाद में अधिवक्ताओं ने जुलूस निकालकर प्रदर्शन किया। इसके बाद उन्होंने हाईकोर्ट और सुप्रीम कोर्ट के मुख्य न्यायाधीश को संबोधित ज्ञापन जिला न्यायाधीश को सौंपे। मौसम खराब और बारिश के बावजूद बड़ी संख्या में अधिवक्ता मौजूद रहे।
दि बार एसोसिएशन एंड लाइब्रेरी के अध्यक्ष आनंद मोहन गुप्ता के नेतृत्व में शुक्रवार की दोपहर अधिवक्ता बार सभागार में इकट्ठा हुए। इस दौरान अध्यक्ष आनंद मोहन गुप्ता ने कहा कि मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट द्वारा संभल के अधिकारी और कर्मचारियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराने के आदेश दिए थे, लेकिन अधिकारियों ने आदेश मानने से इन्कार कर दिया और रिपोर्ट दर्ज नहीं की। इसके कुछ दिन बाद ही मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट का तबादला भी कर दिया गया।
इससे न्यायपालिका की स्वतंत्रता, निष्पक्षता एवं न्याय व्यवस्था पर जनता के विश्वास को ठेस पहुंची है। इसके बाद सभी अधिवक्ता जुलूस निकालकर और नारेबाजी करते हुए बाहर निकले और न्यायालय परिसर में पहुंच गए। इसके बाद अधिवक्ताओं ने जिला न्यायाधीश से मुलाकात की और उन्हें पूरे प्रकरण की जानकारी दी। इसके बाद दोनों हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधीश और सुप्रीम कोर्ट के मुख्य न्यायाधीश को संबोधित ज्ञापन सौंपे। इस दौरान महासचिव कपिल गुप्ता, वरिष्ठ उपाध्यक्ष अंजार हुसैन, उपाध्यक्ष पुनीत चौहान, सचिन शर्मा, आवरण अग्रवाल, रमापंत पांडेय, अनिल गुप्ता समेत अन्य अधिवक्ता भी मौजूद रहे।
