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Siddharthnagar News: यूपीएमसी पंजीकरण में ढिलाई पर मेडिकल कॉलेज सख्त
Sat, 11 Jul 2026 02:35 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सिद्धार्थनगर
संवाद न्यूज एजेंसी, सिद्धार्थनगर
Updated Sat, 11 Jul 2026 02:35 AM IST
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पोर्टल पर प्रक्रिया पूरी होने के बाद ही मिलेगी इंटर्नशिप ड्यूटी, दो नोडल अधिकारी नियुक्त
एमबीबीएस 2021-22 बैच के छात्रों को अंतिम मौका, देरी पर छात्र स्वयं होंगे जिम्मेदार
सिद्धार्थनगर। माधव प्रसाद त्रिपाठी राजकीय मेडिकल कॉलेज प्रशासन ने उत्तर प्रदेश मेडिकल काउंसिल (यूपीएमसी) पंजीकरण में हो रही देरी को गंभीरता से लेते हुए एमबीबीएस 2021-22 बैच के छात्र-छात्राओं को अंतिम अवसर दिया है। कॉलेज प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि केवल हस्ताक्षरित पंजीकरण पत्र जमा करना पर्याप्त नहीं होगा। पोर्टल पर पंजीकरण पत्र अपलोड कर प्रक्रिया सबमिट होने के बाद ही पंजीकरण पूर्ण माना जाएगा। इसके बाद ही छात्रों को नियमानुसार इंटर्नशिप ड्यूटी आवंटित की जाएगी।
प्राचार्य डॉ. राजेश मोहन के निर्देश पर जारी कार्यालय आदेश में कहा गया है कि जिन छात्र-छात्राओं का यूपीएमसी पंजीकरण अभी लंबित है, वे तत्काल निर्धारित प्रक्रिया पूरी करें। समय पर पंजीकरण पूरा नहीं होने की स्थिति में इंटर्नशिप पोस्टिंग, शैक्षणिक और प्रशासनिक कार्यों में आने वाली किसी भी परेशानी की जिम्मेदारी संबंधित छात्र-छात्रा की होगी।
कॉलेज प्रशासन ने इंटर्नशिप व्यवस्था को बेहतर तरीके से संचालित करने के लिए दो नए नोडल अधिकारियों की नियुक्ति भी की है। पूर्व के आदेशों को निरस्त करते हुए बायोकेमिस्ट्री विभागाध्यक्ष डॉ. विष्णु कुमार को प्रथम नोडल अधिकारी और अस्थिरोग विभागाध्यक्ष डॉ. गोविंद भगत को द्वितीय नोडल अधिकारी बनाया गया है।
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दोनों नोडल अधिकारी इंटर्नशिप से जुड़े ड्यूटी रोस्टर तैयार करने, कार्य आवंटन, अनुशासन बनाए रखने, विभागों के बीच समन्वय और छात्रों की शिकायतों के निस्तारण की जिम्मेदारी संभालेंगे।
गौरतलब है कि एमबीबीएस तृतीय प्रोफेशन पार्ट-2 (बैच 2021-22) के उत्तीर्ण 100 छात्र-छात्राओं की इंटर्नशिप एक जुलाई 2026 से शुरू करने के निर्देश जारी किए गए थे। अब कॉलेज प्रशासन ने इंटर्नशिप व्यवस्था को व्यवस्थित रखने और पंजीकरण प्रक्रिया को समय से पूरा कराने के लिए सख्ती बढ़ा दी है।
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एमबीबीएस 2021-22 बैच के छात्रों को अंतिम मौका, देरी पर छात्र स्वयं होंगे जिम्मेदार
सिद्धार्थनगर। माधव प्रसाद त्रिपाठी राजकीय मेडिकल कॉलेज प्रशासन ने उत्तर प्रदेश मेडिकल काउंसिल (यूपीएमसी) पंजीकरण में हो रही देरी को गंभीरता से लेते हुए एमबीबीएस 2021-22 बैच के छात्र-छात्राओं को अंतिम अवसर दिया है। कॉलेज प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि केवल हस्ताक्षरित पंजीकरण पत्र जमा करना पर्याप्त नहीं होगा। पोर्टल पर पंजीकरण पत्र अपलोड कर प्रक्रिया सबमिट होने के बाद ही पंजीकरण पूर्ण माना जाएगा। इसके बाद ही छात्रों को नियमानुसार इंटर्नशिप ड्यूटी आवंटित की जाएगी।
प्राचार्य डॉ. राजेश मोहन के निर्देश पर जारी कार्यालय आदेश में कहा गया है कि जिन छात्र-छात्राओं का यूपीएमसी पंजीकरण अभी लंबित है, वे तत्काल निर्धारित प्रक्रिया पूरी करें। समय पर पंजीकरण पूरा नहीं होने की स्थिति में इंटर्नशिप पोस्टिंग, शैक्षणिक और प्रशासनिक कार्यों में आने वाली किसी भी परेशानी की जिम्मेदारी संबंधित छात्र-छात्रा की होगी।
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कॉलेज प्रशासन ने इंटर्नशिप व्यवस्था को बेहतर तरीके से संचालित करने के लिए दो नए नोडल अधिकारियों की नियुक्ति भी की है। पूर्व के आदेशों को निरस्त करते हुए बायोकेमिस्ट्री विभागाध्यक्ष डॉ. विष्णु कुमार को प्रथम नोडल अधिकारी और अस्थिरोग विभागाध्यक्ष डॉ. गोविंद भगत को द्वितीय नोडल अधिकारी बनाया गया है।
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दोनों नोडल अधिकारी इंटर्नशिप से जुड़े ड्यूटी रोस्टर तैयार करने, कार्य आवंटन, अनुशासन बनाए रखने, विभागों के बीच समन्वय और छात्रों की शिकायतों के निस्तारण की जिम्मेदारी संभालेंगे।
गौरतलब है कि एमबीबीएस तृतीय प्रोफेशन पार्ट-2 (बैच 2021-22) के उत्तीर्ण 100 छात्र-छात्राओं की इंटर्नशिप एक जुलाई 2026 से शुरू करने के निर्देश जारी किए गए थे। अब कॉलेज प्रशासन ने इंटर्नशिप व्यवस्था को व्यवस्थित रखने और पंजीकरण प्रक्रिया को समय से पूरा कराने के लिए सख्ती बढ़ा दी है।