सोनभद्र। रोजाना सुबह 10 से 12 बजे तक दफ्तर में बैठकर जनसुनवाई के सख्त निर्देश के बावजूद लापरवाही बरतना भारी पड़ा है। डीएम चर्चित गोंड ने सीएमओ, डिप्टी आरएमओ 11 जिला स्तरीय अधिकारियों का वेतन तत्काल प्रभाव से अवरुद्ध करने के निर्देश दिए हैं। सभी अधिकारियों से दो दिन के भीतर स्पष्टीकरण मांगा गया है। बुधवार को सुबह 10 से 12 बजे तक आयोजित जनसुनवाई के दौरान डीएम ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से जिला, तहसील और ब्लॉक स्तर के अधिकारियों की उपस्थिति की समीक्षा की। इस दौरान मुख्य चिकित्साधिकारी, ज्येष्ठ खान अधिकारी, सहायक निदेशक मत्स्य, सहायक महानिरीक्षक निबंधन, सहायक निदेशक रेशम, मुख्य पशु चिकित्साधिकारी, भूमि संरक्षण अधिकारी, जिला खाद्य एवं विपणन अधिकारी, अपर मुख्य अधिकारी जिला पंचायत, क्षेत्रीय प्रदूषण नियंत्रण अधिकारी और ग्रामीण अभियंत्रण सेवा विभाग के अधिशासी अभियंता अनुपस्थित पाए गए। इस पर डीएम ने सभी अनुपस्थित अधिकारियों का वेतन तत्काल प्रभाव से रोकने के निर्देश दिए और दो कार्यदिवस के भीतर स्पष्टीकरण प्रस्तुत करने को कहा। उन्होंने स्पष्ट किया कि जनसुनवाई शासन की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल है और इसमें किसी भी प्रकार की शिथिलता, उदासीनता या अनुशासनहीनता स्वीकार नहीं की जाएगी। जिलाधिकारी ने सभी जिला स्तरीय अधिकारियों को निर्देशित किया कि वे प्रतिदिन सुबह 10 से 12 बजे तक अपने कार्यालय में अनिवार्य रूप से उपस्थित रहकर आमजन की शिकायतें सुनें और उनका समयबद्ध एवं गुणवत्तापूर्ण निस्तारण सुनिश्चित करें। तहसील एवं ब्लॉक स्तर के अधिकारी भी अपने अधीनस्थ कर्मचारियों की जनसुनवाई और वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग में नियमित उपस्थिति सुनिश्चित कराएं। किसी भी स्तर पर लापरवाही मिलने पर संबंधित अधिकारियों के खिलाफ भविष्य में भी कठोर प्रशासनिक कार्रवाई की जाएगी।