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Sultanpur News: नर्सिंग कॉलेज संचालक और बेटे पर छह लाख की ठगी का आरोप, प्राथमिकी
संवाद न्यूज एजेंसी, सुल्तानपुर
Updated Mon, 15 Jun 2026 12:17 AM IST
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लंभुआ (सुल्तानपुर)। बेलखरिया (लोटिया) गांव निवासी नर्सिंग कॉलेज संचालक और उसके बेटे के खिलाफ फर्जी प्रमाणपत्र बनाकर लाखों रुपये की ठगी करने की प्राथमिकी दर्ज की गई है। अदालत के आदेश पर दर्ज इस मामले में दो सगी बहनों को एएनएम कोर्स में दाखिला दिलाने और बाद में नौकरी लगवाने का झांसा देकर रकम हड़पने का आरोप लगाया गया है।
प्रतापगढ़ जिले के कंधई थाना क्षेत्र के नारायणपुर गांव निवासी रागिनी सिंह ने न्यायालय में प्रार्थना पत्र देकर कार्रवाई की मांग की थी। आरोप है कि रागिनी सिंह और उनकी बहन प्रियंका सिंह ने वर्ष 2020-21 और 2021-22 में लंभुआ स्थित जय मां विंध्यवासिनी नर्सिंग पैरा मेडिकल कॉलेज में एएनएम द्वितीय डिप्लोमा कोर्स में प्रवेश लिया था।
दोनों ने फीस के रूप में कुल 4.80 लाख रुपये और रजिस्ट्रेशन शुल्क अलग से जमा किया था। पीड़िताओं के अनुसार कोर्स पूरा होने के बाद कॉलेज प्रबंधक भूपेंद्र उपाध्याय के बेटे अमिय उपाध्याय ने सरकारी नौकरी दिलाने का भरोसा देकर उनसे 1.50 लाख रुपये और वसूल लिए। उन्हें लखनऊ की एक निजी कंपनी में कुछ दिनों की कथित ट्रेनिंग कराकर प्रमाणपत्र दे दिया गया।
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नेशनल हेल्थ मिशन में आवेदन के दौरान जांच में एएनएम और ट्रेनिंग से जुड़े प्रमाणपत्र फर्जी पाए गए। शिकायत के बावजूद कार्रवाई नहीं होने पर पीड़िता ने अदालत की शरण ली। न्यायालय के आदेश पर लंभुआ पुलिस ने भूपेंद्र उपाध्याय और अमिय उपाध्याय के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर विवेचना शुरू कर दी है।
प्रतापगढ़ जिले के कंधई थाना क्षेत्र के नारायणपुर गांव निवासी रागिनी सिंह ने न्यायालय में प्रार्थना पत्र देकर कार्रवाई की मांग की थी। आरोप है कि रागिनी सिंह और उनकी बहन प्रियंका सिंह ने वर्ष 2020-21 और 2021-22 में लंभुआ स्थित जय मां विंध्यवासिनी नर्सिंग पैरा मेडिकल कॉलेज में एएनएम द्वितीय डिप्लोमा कोर्स में प्रवेश लिया था।
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दोनों ने फीस के रूप में कुल 4.80 लाख रुपये और रजिस्ट्रेशन शुल्क अलग से जमा किया था। पीड़िताओं के अनुसार कोर्स पूरा होने के बाद कॉलेज प्रबंधक भूपेंद्र उपाध्याय के बेटे अमिय उपाध्याय ने सरकारी नौकरी दिलाने का भरोसा देकर उनसे 1.50 लाख रुपये और वसूल लिए। उन्हें लखनऊ की एक निजी कंपनी में कुछ दिनों की कथित ट्रेनिंग कराकर प्रमाणपत्र दे दिया गया।
नेशनल हेल्थ मिशन में आवेदन के दौरान जांच में एएनएम और ट्रेनिंग से जुड़े प्रमाणपत्र फर्जी पाए गए। शिकायत के बावजूद कार्रवाई नहीं होने पर पीड़िता ने अदालत की शरण ली। न्यायालय के आदेश पर लंभुआ पुलिस ने भूपेंद्र उपाध्याय और अमिय उपाध्याय के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर विवेचना शुरू कर दी है।