Varanasi: साल के पहले दिन स्टंट-स्पीड से टूटीं युवाओं की हड्डियां, 22 घंटे में 150 लोग हुए भर्ती; कई गंभीर
Varanasi News: नए साल के अवसर पर सड़क हादसे व अन्य घटनाओं में काफी लोग चोटिल हुए। बीएचयू ट्रॉमा सेंटर सहित अन्य अस्पतालों में इलाज के लिए पहुंचे।
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साल का पहला दिन कई युवाओं के लिए हेवी इंजरी वाला दिन बन गया। नए साल के पहले दिन तेज गति से बाइक चलाने, स्टंट करने और सेल्फी लेने के चक्कर में उनकी हड्डियां टूट गईं। चोट लगने के बाद कुछ को जिला और मंडलीय अस्पताल की इमरजेंसी में ले जाया गया तो वाराणसी सहित आसपास के जिलों से अधिकांश युवा घायल होकर बीएचयू ट्रॉमा सेंटर पहुंचे। बुधवार रात 12 बजे से बृहस्पतिवार की देर रात तक करीब 22 घंटे में बीएचयू समेत अन्य सरकारी अस्पतालों की इमरजेंसी में 150 लोग भर्ती हुए। ट्रॉमा सेंटर में चोटिल होकर आए 120 लोगों में करीब 80 से ज्यादा युवा रहे। इसमें किसी के हाथ में गंभीर चोट लगी तो कई के पैर टूटे। सिर में भी कई लोगों को चोटें आईं।
बुधवार रात 12 बजते ही शहर में नए साल का जश्न शुरू हो गया था। जश्न मनाने के लिए युवा सड़कों पर बाइक व कार से फर्राटा भरने निकले। यह सिलसिला बृहस्पतिवार की शाम तक चला। लहरतारा से मोहनसराय हाईवे, बाबतपुर की ओर जाने वाले रिंग रोड, सामनेघाट से रामनगर होते हुए पड़ाव-जीटी रोड पर भी युवा फर्राटा भरते नजर आए। ऐसे में हादसे भी हुए।
बीएचयू ट्रॉमा सेंटर की इमरजेंसी में वाराणसी, भदोही, चंदौली, मिर्जापुर आदि जगहों से बुधवार रात 12 से बृहस्पतिवार की देर रात तक 120 से ज्यादा लोग पहुंचे। इसमें शराब पीकर गाड़ी चलाने से घायल करीब 40 से अधिक युवा ऐसे पहुंचे, जिन्हें भर्ती कर इलाज किया गया। इसमें कुछ लोगों के हाथ-पैर में प्लास्टर लगा तो कुछ के सिर में टांके लगे। बीएचयू ट्रॉमा सेंटर की इमरजेंसी बृहस्पतिवार की देर रात तक मरीजों से भरी रही।
ब्रेथ एनालाइजर लेकर खड़ी रही पुलिस, 21 का चालान काटा
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सड़कों पर दौड़ती रहीं 108 एंबुलेंस, 20 को पहुंचाया इमरजेंसी
हादसों में घायल लोगों को तत्काल इलाज मिल सके, इसके लिए बुधवार रात से ही सड़कों पर 108 एंबुलेंस भी दौड़ती रहीं। एंबुलेंस सेवा के जिला प्रभारी विकास तिवारी ने बताया कि बुधवार आधी रात से बृहस्पतिवार की देर रात तक 20 लोगों को जिला, मंडलीय अस्पताल से लेकर सीएचसी और बीएचयू ट्रॉमा सेंटर पहुंचाया गया। इसमें आठ लोगों को एंबुलेंस में ही प्राथमिक उपचार दिया गया।
बुधवार की रात से ही सड़कों पर चेकिंग चल रही थी। ब्रेथ एनालाइजर के साथ पुलिस कर्मी मौजूद रहे। शराब पीकर वाहन चलाने वालों पर कार्रवाई की गई। साथ ही तेज रफ्तार और तीन सवारी बिठाकर बाइक चलाने वालों का चालान भी किया गया। -अंशुमान मिश्रा, एडीसीपी ट्रैफिक
बीएचयू ट्रॉमा सेंटर में वाराणसी के साथ ही आसपास के जिलों से सड़क हादसे में घायल जो भी लोग आए, सभी का इमरजेंसी में निशुल्क उपचार किया गया। इसमें कुछ लोगों को प्राथमिक उपचार के बाद बृहस्पतिवार की शाम डिस्चार्ज किया गया तो चोट की गंभीरता देखते हुए कुछ लोगों ऑपरेशन के लिए भी भर्ती किया गया है। इसके अलावा तेज रफ्तार और शराब पीकर वाहन न चलाने के लिए भी प्रेरित किया गया। इमरजेंसी में आने वाले सभी मरीजों का निशुल्क इलाज किया जाता है। -प्रो. सौरभ सिंह, प्रभारी ट्रॉमा सेंटर
किस जगह पहुंचे कितने चोटिल
- बीएचयू ट्रॉमा सेंटर - 120
- मंडलीय अस्पताल - 10
- जिला अस्पताल ट्रॉमा सेंटर - 20 (इनमें 10 की उम्र 18 से 40)
