UP: हाईकोर्ट के आदेश पर महावलपुर में अतिक्रमण हटाने की तैयारी, दो मकानों पर कार्रवाई का विरोध; प्रशासन सक्रिय
Chandauli News: जिले के महावलपुर में हाईकोर्ट के आदेश पर सड़क चौड़ीकरण के तहत अतिक्रमण हटाने की तैयारी तेज हो गई है। पैमाइश के बाद प्रशासन दो मकानों पर कार्रवाई की तैयारी में है। इसका ग्रामीणों ने विरोध करते हुए कहा कि यदि अतिक्रमण हटाया जाए तो सभी पर समान रूप से कार्रवाई हो। मामले को लेकर क्षेत्र में हलचल और निष्पक्षता पर सवाल उठ रहे हैं।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
मुगलसराय क्षेत्र के महावलपुर स्थित जीटी रोड पर मस्जिद के सामने सड़क चौड़ीकरण को लेकर बुधवार को प्रशासनिक हलचल तेज हो गई। हाईकोर्ट के आदेश के अनुपालन में राजस्व विभाग और लोक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी) की टीम पैमाइश एवं प्रस्तावित कार्रवाई की तैयारी के लिए मौके पर पहुंची। इसकी जानकारी मिलते ही बड़ी संख्या में ग्रामीण भी वहां जुट गए और कार्रवाई की निष्पक्षता पर सवाल उठाते हुए सभी अतिक्रमणों पर समान कार्रवाई की मांग की।
राजस्व विभाग के अधिकारियों के अनुसार हाईकोर्ट के निर्देशों के अनुपालन में कार्रवाई की जा रही है। रिट याचिकाकर्ता जोखू राम ने दो मकानों को पीडब्ल्यूडी की भूमि पर अतिक्रमण बताते हुए उन्हें हटाने की मांग की थी। न्यायालय के आदेश के बाद फिलहाल इन्हीं दो मकानों के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई प्रस्तावित की गई है।
लोक निर्माण विभाग के सहायक अभियंता की ओर से जारी नोटिस में संबंधित मकान पर सड़क की भूमि में लगभग 4.95 मीटर (उत्तर-दक्षिण) तथा 4.75 मीटर (पूर्व-पश्चिम) क्षेत्र में टीनशेड लगाकर अतिक्रमण किए जाने का उल्लेख किया गया है। नोटिस में सात दिन के भीतर स्वयं अतिक्रमण हटाने के निर्देश दिए गए थे। साथ ही चेतावनी दी गई थी कि निर्धारित समय में अतिक्रमण नहीं हटाने पर विभाग स्वयं कार्रवाई करेगा और उसका पूरा खर्च संबंधित व्यक्ति से वसूला जाएगा।
दूसरी ओर प्रभावित पक्ष ने जिलाधिकारी को प्रार्थना पत्र देकर कार्रवाई पर आपत्ति जताई है। उनका कहना है कि सड़क किनारे कई अन्य भवन भी बने हुए हैं, लेकिन कार्रवाई केवल दो परिवारों तक सीमित रखी जा रही है। उन्होंने बताया कि पहले सड़क चौड़ीकरण के लिए 72 फीट तक भूमि अधिग्रहण की बात कही गई थी और सभी भवन स्वामियों को उसी आधार पर नोटिस दिए गए थे। उनका कहना है कि वे सड़क चौड़ीकरण के लिए आवश्यक भूमि देने को तैयार हैं, लेकिन पूरे मकान को गिराना न्यायसंगत नहीं होगा।
ग्रामीणों ने भी प्रशासन से पूरे क्षेत्र की एक समान पैमाइश कर सभी अतिक्रमणों पर निष्पक्ष कार्रवाई की मांग की। उनका कहना था कि यदि केवल दो मकानों को हटाया गया तो पीछे स्थित अन्य निर्माण सड़क के सामने आ जाएंगे, जिससे भेदभाव की स्थिति पैदा होगी।
मौके पर नायब तहसीलदार आशुतोष, सुजीत यादव, लेखपाल सलमान, कानूनगो राजेश यादव, पंकज सिंह सहित राजस्व एवं पीडब्ल्यूडी विभाग के अधिकारी मौजूद रहे। प्रशासन का कहना है कि आगे की कार्रवाई हाईकोर्ट के आदेश एवं नियमानुसार ही की जाएगी।