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अधूरे ट्रैक पर खिलाड़ियों की थमी रफ्तार: नोएडा स्टेडियम का सिंथेटिक ट्रैक बना अधूरा सपना, नौ माह बाद भी अधूरा
नोएडा ब्यूरो
Updated Wed, 25 Feb 2026 07:00 PM IST
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विश्वस्तरीय खेल सुविधाओं के दावों के बीच सेक्टर-21ए स्थित नोएडा स्टेडियम में स्केटिंग रिंक के पास बन रहा 300 मीटर का सिंथेटिक एथलेटिक ट्रैक नौ महीने बाद भी पूरी तरह तैयार नहीं हो सका है। दिसंबर तक ट्रैक शुरू करने का दावा किया गया था, लेकिन मौजूदा स्थिति में प्रोजेक्ट अधूरा पड़ा है।
खिलाड़ियों के अनुसार, ग्रैप (ग्रेडेड रिस्पॉन्स एक्शन प्लान) के दौरान निर्माण कार्य रोक दिया गया था, जिसके बाद से काम ने अपेक्षित रफ्तार नहीं पकड़ी। एथलेटिक्स, स्कूल स्तर की प्रतियोगिताओं और पुलिस/सेना भर्ती की तैयारी कर रहे युवाओं पर इसका सीधा असर पड़ रहा है। सुबह-शाम अभ्यास के लिए आने वाले खिलाड़ियों को या तो सीमित जगह पर दौड़ लगानी पड़ती है या वैकल्पिक स्थान तलाशना पड़ता है।
करीब 2.90 करोड़ रुपये की लागत से बन रही इस परियोजना का उद्देश्य नोएडा और ग्रेटर नोएडा के खिलाड़ियों को आधुनिक सिंथेटिक सतह पर सुरक्षित और मानक अभ्यास सुविधा देना था। स्थल पर ट्रैक का बेस और डामर/कंक्रीट का आंशिक कार्य नजर आता है, जबकि कई हिस्सों में गिट्टी बिखरी है। वहीं कुछ स्थानों पर डाली गई परत उखड़ने लगी है।
खिलाड़ियों का आरोप है कि साइट पर पिछले तीन महीने से निर्माण गतिविधियां लगभग ठप हैं। स्थानीय खिलाड़ियों का कहना है कि रिकॉर्ड तीन महीने से साइट पर निर्माण गतिविधियां लगभग ठप हैं। अधूरी और असमान सतह के कारण एथलीटों को न तो मानक अभ्यास मिल पा रहा है और न ही सुरक्षित माहौल। परिणामस्वरूप ट्रैक का एक हिस्सा अधूरा तैयार दिखता है और बाकी हिस्सा जोखिम भरी स्थिति में पड़ा है। स्थानीय लोग अब इस अधूरी सतह पर गिल्ली-डंडा और क्रिकेट खेलते भी नजर आते हैं, जिससे ट्रैक की स्थिति और बिगड़ रही है।
इसका असर एथलेटिक्स खिलाड़ियों, स्कूल/कॉलेज स्तर की प्रतियोगिताओं की तैयारी कर रहे युवाओं और पुलिस-सेना भर्ती अभ्यर्थियों पर साफ दिख रहा है। आधे ट्रैक पर सीमित अभ्यास से टाइमिंग, तकनीक और फिटनेस, तीनों प्रभावित हो रहे हैं। खेल प्रेमियों की मांग है कि नोएडा प्राधिकरण स्पष्ट समयसीमा घोषित करे, ताकि जिले के सैकड़ों खिलाड़ियों को जल्द विश्वस्तरीय अभ्यास सुविधा मिल सके। फिलहाल, आधा बना ट्रैक खिलाड़ियों के सपनों की तरह अधूरा खड़ा है।
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