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VIDEO : Opposed running of electric buses under kilometer scheme in Sonipat, staged a sit-in
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VIDEO : सोनीपत में किलोमीटर योजना में इलेक्ट्रिक बसें चलाने का किया विरोध, दिया धरना
केंद्रीय कमेटी हरियाणा रोडवेज कर्मचारी सांझा मोर्चा ने सोनीपत के साथ रोहतक, हिसार, अंबाला व रेवाड़ी डिपो में किलोमीटर योजना में इलेक्ट्रिक बसें चलाने का विरोध किया। कर्मचारियों ने रोडवेज डिपो में शनिवार सुबह 10 बजे से दोपहर 12 बजे तक धरना दिया। धरने की अध्यक्षता सांझा मोर्चा के सोनीपत डिपो प्रधान संजीव कुमार ने की। कर्मचारियों ने राज्य परिवहन महानिदेशक के नाम डिपो के संस्थान अधीक्षक सुरेंद्र दुग्गल को ज्ञापन सौंपा। जिसमें सरकार से इलेक्ट्रिक बसों को किलोमीटर योजना के बजाय स्वयं चलाने की मांग की।
कर्मचारी नेता मनजीत पहल ने बताया कि इलेक्ट्रिक बसें किलोमीटर योजना के तहत चलाई जा रही हैं। सरकार ने सभी डिपो में 50-50 बसें लेने का निर्णय है। उनकी जगह अगर डिपो में साधारण बसें शामिल की जाएं जो डिपो के बेड़े में नई बसें शामिल हो जाएंगी। उन्होंने बताया कि एक बस पर छह बेरोजगारों को रोजगार मिलता है। इससे हजारों युवाओं को रोजगार मिलेगा। साथ ही लोगों को बेहतर परिवहन सेवाएं भी मिलेगी। उन्होंने कहा कि यदि सरकार इलेक्ट्रिक बसें ही चलाना चाहती है तो अपनी बसें खरीदें और रोडवेज के बेड़े में शामिल करें। उन्होंने कहा कि 62 रुपये प्रति किलोमीटर के हिसाब से बसें चलाने से जनता पर महंगाई का बोझ पड़ेगा। वहीं विभाग को भी घाटा भुगतना पड़ेगा।
मनजीत पहल ने कहा कि हरियाणा रोडवेज की बसों में 47 श्रेणियों को सब्सिडी मिलती है, लेकिन इलेक्ट्रिक बसों में सभी को किराया वहन करना पड़ेगा। ऐसे में आम लोगों को इन बसों का लाभ नहीं मिलेगा। ई-बसों पर परिचालक रोडवेज विभाग का और चालक सहित अन्य स्टाफ निजी कंपनी का होगा।
मोर्चा ने मुख्यमंत्री व परिवहन मंत्री से अपील की है कि रोडवेज के बेड़े में प्राइवेट किलोमीटर योजना की बसें शामिल न कर सरकारी बसें शामिल की जाएं और रोडवेज में निजीकरण की नीतियों को बंद किया जाए। कर्मचारियों ने कहा कि यदि सरकार ने मांगें पूरी नहीं की ताे निजीकरण के खिलाफ प्रदेश भर में आंदोलन शुरू किया जाएगा। इस दौरान संजय कुमार, संदीप मलिक, अनिल आंतिल, दिनेश आंतिल, संजय मलिक, मिंटू, जमील, महेंद्र सैनी, कृष्ण पाना व राकेश मौजूद रहे।
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