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Agar Malwa: पुलिस-भीम आर्मी के कार्यकर्ताओं के साथ निकली दूल्हे की बिंदोरी, घोड़ी पर नहीं बैठने की मिली थी धमकी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आगर मालवा Published by: अमर उजाला ब्यूरो Updated Tue, 04 Mar 2025 07:44 PM IST
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आगर मालवा में सोमवार देर शाम कोतवाली थाना पुलिस की सुरक्षा में दलित दूल्हों की बारात (बिंदोरी) निकाली गई। बिंदोरी के दौरान दूल्हों की बारात, दुल्हनों के पिता और उनके परिजनों की सुरक्षा के लिए कोतवाली थाना प्रभारी अनिल कुमार मालवीय सहित 15 से 20 पुलिसकर्मी तैनात रहे। मामला जिले के ग्राम पंचायत रलायती और डाबला पीपलोंन गांव का है, जहां असामाजिक तत्वों द्वारा दलित दूल्हा-दुल्हन की बिंदोरी रोका गया था। शिकायत के बाद पुलिस बल की मौजूदगी में दलित दूल्हों की घोड़ी पर बिंदोरी निकाली गई।
2 मार्च को आगर थाना अंतर्गत ग्राम पंचायत रलायती और डाबला पीपलोंन में कुछ असामाजिक तत्वों ने दलित दूल्हा-दुल्हन की बिंदोरी रोकने की कोशिश की थी। इस संबंध में दिनेश पिता कालूराम बुआल ने भीम आर्मी जिला अध्यक्ष अजय बागी के साथ पुलिस में शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत में बताया गया कि 2 मार्च को उसकी दोनों बहनों की बिंदोरी निकाली जा रही थी, लेकिन कुछ असामाजिक तत्वों ने रास्ते में चार पहिया वाहन खड़ा कर उसे रोक दिया और विवाद की स्थिति उत्पन्न कर दी। दिनेश ने यह भी बताया कि 3 मार्च को गांव रलायती में उसकी दोनों बहनों की बारात आनी है। लेकिन, गांव के दबंगों ने धमकी दी है कि दलित दूल्हों को घोड़ी पर नहीं चढ़ने दिया जाएगा।
पुलिस की कार्रवाई
शिकायत के आधार पर सीएसपी मोतीलाल कुशवाहा ने पुलिस बल का गठन कर ग्राम रलायती भेजा। करीब 15 से 20 पुलिसकर्मियों की मौजूदगी में दोनों दलित दूल्हों की बिंदौरी निकाली गई। दूल्हों को घोड़ी पर बैठाकर पूरे गांव में बिंदौरी घुमाई गई और शादी सकुशल संपन्न हुई। सीएसपी मोतीलाल कुशवाहा ने बताया कि पूरा कार्यक्रम शांतिपूर्वक संपन्न हुआ और किसी भी प्रकार की अप्रिय घटना नहीं हुई।
पहली बार नहीं हुई ऐसी घटना
गौरतलब है कि मध्यप्रदेश में यह कोई पहली घटना नहीं है। इससे पहले भी ऐसे कई मामले सामने आ चुके हैं, जिनमें गांव के दबंगों द्वारा दलित दूल्हों को घोड़ी चढ़ने और बारात निकालने से रोका गया है। हालांकि, जब ऐसे मामले पुलिस के संज्ञान में आते हैं, तो वे इन्हें हल कर देते हैं।
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