इंदौर की तरफ आने वाले ट्रैफिक को आसान बनाने के लिए एमआर-11 सड़क का बनना बहुत जरूरी था। इंदौर विकास प्राधिकरण 60 मीटर चौड़ाई में इसे बना भी रहा है, लेकिन सड़क की लंबाई से समझौते किए जा रहे हैं। यह सड़क बायपास से एबी रोड को जोड़ती है और उससे आगे नई लोहामंडी के इलाके को जोड़ती है, लेकिन पूरी सड़क नहीं बन पा रही है।
फिलहाल इसे बायपास से देवास नाका बस्ती के मुहाने तक ही बनाया जा रहा है। उसके आगे सड़क कब बनेगी और एबी रोड तक जुड़ेगी या नहीं, इस बारे में कोई फैसला अब तक नहीं हुआ है। दो किलोमीटर सड़क के लिए पचास करोड़ रुपये से ज्यादा खर्च हो रहे हैं, लेकिन जब तक इस सड़क की कनेक्टिविटी एबी रोड से नहीं होगी, तब तक ट्रैफिक का दबाव कम नहीं होने वाला। इसके लिए एमआर 11 को निरंजनपुर से जोड़ने के लिए एक लिंक रोड बनाने की तैयारी भी इंदौर विकास प्राधिकरण ने की है।