वन अफसरों द्वारा आदिवासियों को भूमि से बेदखल करने का मामला तूल पकड़ रहा है। बुधनी क्षेत्र के गांव यार नगर में आदिवासी ग्रामीणों का आक्रोश वन विभाग के अफसरों के खिलाफ सड़कों पर दिखा। वे रैली निकालकर तहसील मुख्यालय पर पहुंचे, यहां एसडीएम को ज्ञापन दिया गया। खास बात यह है कि इस रैली का नेतृत्व भाजपा सरकार की आदिवासी वित्त एवं विकास निगम अध्यक्ष निर्मला बारेला कर रही थीं। यही नहीं खुद विधायक रमाकांत भार्गव भी प्रदर्शन में शामिल हुए।
निर्मला ने बताया कि 300 एकड़ जमीन पर रिसोर्ट खोलने की तैयारी की जा रही है। इसलिए पट्टेधारियों को परेशान किया जा रहा है। वन अधिकारी ने रवैया नहीं सुधारा तो आंदोलन करेंगे। वहीं विधायक रमाकांत भार्गव ने कहा कि वन विभाग के अधिकारी ग्रामीणों को माफिया के कहने में परेशान कर रहा है। अधिकारी कितना भी बड़ा हो, उसे अत्याचार करने का अधिकार नहीं है। वे खुद इस संबंध में सीधे मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव से चर्चा करेंगे। यही नहीं केंद्रीय कृषि मंत्री और पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान से वे चर्चा कर चुके हैं। विचार का विषय है कि कृषि मंत्री के क्षेत्र में ही वन विभाग के अधिकारियों के खिलाफ खुद विधायक और निगम अध्यक्ष को मोर्चा खोलना पड़ा है। ऐसे में अनुमान लगाया जा सकता है कि अधिकारी किस तरह से निरंकुश हैं।
बुधनी एसडीएम दिनेश सिंह तोमर को दिया ज्ञापन
बुधनी के क्षेत्रीय विधायक रमाकांत भार्गव ने आदिवासियों के संग कदमताल मिलाए और वन अफसरों के विरुद्ध मोर्चा खोलकर मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन बुधनी एसडीएम दिनेश सिंह तोमर को दिया। इस दौरान विधायक भार्गव ने आदिवासियों को संबोधित करते हुए वन अफसरों को चेतावनी भी दे डाली। भार्गव ने अपने संबोधन में कहा कि भाजपा की प्रदेश सरकार आदिवासी भाई बहनों के साथ है। अगर वन अफसर किसी को प्रताड़ित करने का काम करेगा तो हमारी सरकार आदिवासियों के साथ रहेगी। उन्होंने कहा कि आप चिंता न करें आपका विधायक आपके साथ खड़ा है। अन्याय के खिलाफ पूरी पार्टी आपके साथ है।
क्या है मामला
विधायक भार्गव ने कहा कि एक सप्ताह पहले यारनगर और खांडाबड़ गांव के आदिवासी भाई मिलने आए थे। उन्होंने वन विभाग द्वारा भूमि से बेदखल किए जाने की शिकायत की थी। विधायक भार्गव ने कहा कि यारनगर और खांडाबड़ गांव के आदिवासी सत्तर वर्षों से अधिक समय से उस भूमि पर काबिज हैं और भारतीय जनता पार्टी की सरकार ने उन्हें भूमि अधिकार के पट्टे भी दिए हैं। ऐसे में उन्हें भूमि से बेदखल करना परेशान करने की साजिश जैसा है। विधायक भार्गव ने वन विभाग के अधिकारियों पर आरोप लगाते हुए कहा कि मुझे ऐसा लगता है कि वन विभाग के अधिकारी किसी भू माफिया के कहने पर ये कर रहे हैं।
ये रहे मौजूद
आदिवासियों के संग प्रदर्शन और एसडीएम को ज्ञापन सौंपने के दौरान भाजपा के पूर्व जिला अध्यक्ष रवि मालवीय, आदिवासी वित्त विकास निगम अध्यक्ष निर्मला बारेला, बुधनी जनपद अध्यक्ष महेंद्र शर्मा, अर्जुन मालवीय, रामनारायण साहू, आशाराम यादव, राजेश पाल, बुधनी भाजपा मंडल अध्यक्ष संतोष गौर आदि मौजूद रहे।

सीहोर। विधायक भार्गव sdm को ज्ञापन देने जाते हुए।- फोटो : credit
सीहोर। विधायक भार्गव sdm को ज्ञापन देने जाते हुए।- फोटो : credit